धार अवैध स्पा पार्लर मामले में जनसुनवाई के दौरान शिकायतकर्ता मनीष जैन ने जिला पंचायत CEO अभिषेक चौधरी के समक्ष शिकायत रखी। नगर पालिका CMO की भूमिका पर सवाल उठे। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।
धार अवैध स्पा पार्लर: जनसुनवाई में CMO की कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर सवाल
स्थान : धार
रिपोर्टर : नरेन्द्र सिरवी
धार अवैध स्पा पार्लर का मामला क्या है?
धार अवैध स्पा पार्लर का मामला मंगलवार 28 जुलाई 2026 की जनसुनवाई में प्रमुखता से सामने आया। शिकायतकर्ता मनीष जैन ने जिला पंचायत CEO अभिषेक चौधरी को शहर में नियमों के विरुद्ध संचालित हो रहे कथित अवैध स्पा पार्लरों पर कार्रवाई की मांग करते हुए आवेदन सौंपा।
बताया गया कि CEO अभिषेक चौधरी ने आवेदन पर कार्रवाई के लिए नगर पालिका धार के CMO को निर्देशित किया।
जनसुनवाई में क्या हुआ?
शिकायतकर्ता के अनुसार जनसुनवाई के दौरान ही नगर पालिका CMO ने कहा कि स्पा पार्लर पर कार्रवाई करना उनके कार्यक्षेत्र में नहीं आता।
इस कथन के बाद जनसुनवाई में मौजूद लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया कि यदि यह नगर पालिका का विषय नहीं है तो फिर संबंधित कार्रवाई कौन करेगा।
पहले भी CM हेल्पलाइन पर की गई थी शिकायत
शिकायतकर्ता मनीष जैन ने बताया कि उन्होंने इससे पहले CM हेल्पलाइन पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई थी।
उनका आरोप है कि एक महीने से अधिक समय बीत जाने के बावजूद नगर पालिका की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसी कारण उन्हें जनसुनवाई में अपनी शिकायत दोबारा प्रस्तुत करनी पड़ी।
“जाओ पिटिशन लगाओ, हम जवाब देंगे”
मनीष जैन का आरोप है कि जब उन्होंने CMO से कार्रवाई का अनुरोध किया तो उन्हें कहा गया—
“जाओ पिटिशन लगाओ, हम भी तैयारी करके बैठे हैं।”
शिकायतकर्ता का कहना है कि इस प्रकार का जवाब एक जिम्मेदार अधिकारी से अपेक्षित नहीं माना जा सकता।
CMO की भूमिका पर उठे सवाल
मनीष जैन का कहना है कि यदि स्पा पार्लरों पर कार्रवाई करना नगर पालिका के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता, तो फिर इन संस्थानों को ट्रेड लाइसेंस किस आधार पर जारी किया गया।
उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बिना वैध लाइसेंस के स्पा पार्लर संचालित हो रहे हैं, तो उनके विरुद्ध कार्रवाई करना नगर पालिका की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।
इसी आधार पर उन्होंने नगर पालिका प्रशासन एवं CMO की कार्यशैली पर प्रश्नचिह्न लगाए हैं।
स्पा पार्लर संचालन के सरकारी नियम
शिकायतकर्ता द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार स्पा पार्लर संचालन के लिए संबंधित संचालक को नगर पालिका से आवश्यक स्थापना पंजीकरण एवं अन्य अनुमतियां प्राप्त करनी होती हैं।
इसके अंतर्गत सामान्यतः निम्न जानकारी प्रस्तुत की जाती है—
- स्थापना पंजीकरण
- ट्रेड लाइसेंस
- थेरेपी से संबंधित योग्यता
- कर्मचारियों के नाम
- पदनाम
- आयु संबंधी दस्तावेज
- निवास प्रमाण
- आवश्यक सत्यापन
यदि इनमें किसी प्रकार की कमी हो तो संबंधित विभाग नियमानुसार कार्रवाई कर सकता है।
शिकायतकर्ता ने प्रशासन से की कार्रवाई की मांग
शिकायतकर्ता मनीष जैन ने जिला प्रशासन से मांग की है कि शहर में संचालित सभी स्पा पार्लरों की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा यदि कहीं नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई की जाए।
फिलहाल इस मामले में प्रशासन की ओर से विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
महत्वपूर्ण नाम
- शिकायतकर्ता – मनीष जैन
- जिला पंचायत CEO – अभिषेक चौधरी
- नगर पालिका – धार
- नगर पालिका CMO – (सीएमओ धार) (समाचार में नाम उपलब्ध नहीं है, इसलिए पदनाम ही रखा गया है।)
- रिपोर्टर – नरेन्द्र सिरवी
