Kerala Chief Minister Announcement को लेकर कांग्रेस में मंथन जारी है। सोनिया गांधी के हेल्थ चेकअप के कारण फैसले में देरी बताई जा रही है। जानिए वीडी सतीशन, केसी वेणुगोपाल और रमेश चेन्निथला में किसका पलड़ा भारी है।
Kerala Chief Minister Announcement पर बढ़ा सस्पेंस
Kerala Chief Minister Announcement को लेकर कांग्रेस और यूडीएफ में लगातार मंथन जारी है। केरल विधानसभा चुनाव 2026 में कांग्रेस नेतृत्व वाले यूडीएफ गठबंधन को बड़ी जीत मिलने के बावजूद मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान अब तक नहीं हो पाया है।राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि कांग्रेस हाईकमान अंतिम फैसले के बेहद करीब है और आज शाम तक नए मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान हो सकता है।उधर कार्यकर्ताओं और समर्थकों में लगातार उत्सुकता बढ़ती जा रही है। कुछ इलाकों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है क्योंकि जीत के आठ दिन बाद भी मुख्यमंत्री के नाम पर सहमति नहीं बन पाई है।
यूडीएफ की बड़ी जीत के बाद भी CM फेस तय नहीं
Kerala Chief Minister Announcement में देरी इसलिए भी चर्चा का विषय बनी हुई है क्योंकि यूडीएफ ने विधानसभा चुनाव में शानदार प्रदर्शन किया है।केरल विधानसभा चुनाव 2026 में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट यानी UDF ने 140 में से 102 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया।इतनी बड़ी जीत के बाद भी मुख्यमंत्री का नाम तय न होना विपक्ष और राजनीतिक विश्लेषकों के लिए चर्चा का मुद्दा बन गया है।
सोनिया गांधी के हेल्थ चेकअप से बढ़ी देरी
कांग्रेस सूत्रों के अनुसार, Kerala Chief Minister Announcement में देरी का एक बड़ा कारण कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष Sonia Gandhi का रूटीन हेल्थ चेकअप भी माना जा रहा है।बताया गया कि उन्होंने गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में मेडिकल चेकअप कराया।चेकअप के बाद वे घर लौट आई हैं। कांग्रेस महासचिव Jairam Ramesh ने इसकी पुष्टि की।इसी बीच दिल्ली में कांग्रेस हाईकमान लगातार केरल के वरिष्ठ नेताओं के साथ चर्चा कर रहा है।
कौन बनेगा केरल का नया मुख्यमंत्री?
इस समय तीन बड़े नाम सबसे ज्यादा चर्चा में हैं —
- V. D. Satheesan
- K. C. Venugopal
- Ramesh Chennithala
सूत्रों के मुताबिक इन तीनों नेताओं में से किसी एक को मुख्यमंत्री बनाया जा सकता है।तीनों नेताओं के पास मजबूत राजनीतिक अनुभव और समर्थकों का बड़ा आधार मौजूद है।
वीडी सतीशन क्यों माने जा रहे मजबूत दावेदार
विपक्ष के नेता V. D. Satheesan को इस समय सबसे मजबूत दावेदारों में माना जा रहा है।उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान यूडीएफ को आक्रामक रणनीति के साथ आगे बढ़ाया।युवा कार्यकर्ताओं और पार्टी के एक बड़े वर्ग का समर्थन भी उन्हें मिल रहा है।
केसी वेणुगोपाल का दिल्ली कनेक्शन
K. C. Venugopal कांग्रेस संगठन में लंबे समय से महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।दिल्ली हाईकमान के साथ उनकी मजबूत पकड़ को देखते हुए उन्हें भी मुख्यमंत्री पद का मजबूत दावेदार माना जा रहा है।उनकी संगठन क्षमता और राष्ट्रीय राजनीति का अनुभव कांग्रेस के लिए अहम माना जा रहा है।
रमेश चेन्निथला का अनुभव भी बड़ा फैक्टर
वरिष्ठ कांग्रेस नेता Ramesh Chennithala का नाम भी लगातार चर्चा में बना हुआ है।वे लंबे समय से केरल राजनीति का बड़ा चेहरा रहे हैं और प्रशासनिक अनुभव रखते हैं।कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं का एक वर्ग उनके समर्थन में बताया जा रहा है।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं में बढ़ रही बेचैनी
Kerala Chief Minister Announcement में लगातार हो रही देरी के कारण कार्यकर्ताओं में बेचैनी बढ़ रही है।वायनाड और अन्य इलाकों में समर्थक जल्द फैसले की मांग कर रहे हैं।पार्टी कार्यकर्ताओं का कहना है कि इतनी बड़ी जीत के बाद नेतृत्व को जल्दी तय किया जाना चाहिए ताकि सरकार गठन की प्रक्रिया तेज हो सके।
केरल कांग्रेस अध्यक्ष ने क्या कहा
केरल कांग्रेस अध्यक्ष Sunny Joseph ने कहा कि सभी चर्चाएं लगभग पूरी हो चुकी हैं।उन्होंने उम्मीद जताई कि आज शाम तक मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान किया जा सकता है।उन्होंने कहा कि अंतिम फैसला कांग्रेस हाईकमान द्वारा दिल्ली से घोषित किया जाएगा।
IUML की बैठक और मंत्रिमंडल की तैयारी
उधर इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग यानी IUML ने भी कैबिनेट गठन को लेकर बैठक शुरू कर दी है।IUML नेता P. K. Kunhalikutty ने कहा कि कांग्रेस जल्द फैसला लेगी, जिसके बाद गठबंधन स्तर पर चर्चा होगी।पनक्कड़ में आयोजित आपात बैठक में मंत्रिमंडल में हिस्सेदारी और संवैधानिक पदों को लेकर चर्चा की गई।
हाईकमान की भूमिका सबसे अहम
कांग्रेस में मुख्यमंत्री चयन को लेकर अंतिम निर्णय हमेशा हाईकमान की सहमति से होता है।इस बार भी दिल्ली में लगातार बैठकों का दौर जारी है।राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि कांग्रेस ऐसा चेहरा चुनना चाहती है जो संगठन और सरकार दोनों को मजबूत तरीके से संभाल सके।
केरल की राजनीति पर क्या होगा असर
नए मुख्यमंत्री का चयन आने वाले वर्षों में केरल की राजनीति की दिशा तय करेगा।यूडीएफ की बड़ी जीत के बाद जनता की अपेक्षाएं काफी बढ़ गई हैं।ऐसे में कांग्रेस को ऐसा नेतृत्व चुनना होगा जो विकास, संगठन और गठबंधन संतुलन को बेहतर तरीके से संभाल सके।
