पीएम एकता मॉल उज्जैन भारत की सांस्कृतिक विविधता का अद्भुत केंद्र बनने जा रहा है, जहां हर राज्य की कला, संस्कृति और उत्पाद मिलेंगे।
पीएम एकता मॉल उज्जैन: भारत की सांस्कृतिक एकता का भव्य प्रतीक
पीएम एकता मॉल उज्जैन मध्यप्रदेश के ऐतिहासिक शहर उज्जैन में विकसित हो रहा एक अत्यंत महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट है। यह मॉल केवल एक शॉपिंग सेंटर नहीं, बल्कि पूरे भारत की सांस्कृतिक विविधता, कला और परंपराओं का जीवंत संगम बनने जा रहा है।मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की “एक भारत श्रेष्ठ भारत” की सोच का साकार रूप बताया है।
पीएम एकता मॉल उज्जैन (डिजाइन और निर्माण दृश्य)
पीएम एकता मॉल उज्जैन का निर्माण लगभग ₹284 करोड़ की लागत से किया जा रहा है। यह 3.2 हेक्टेयर भूमि पर फैला हुआ है और इसका कुल निर्मित क्षेत्र 5.50 लाख वर्गफुट है।
मुख्य आकर्षण:
- 60 फीट ऊँचा भव्य प्रवेश द्वार
- जैसलमेर येलो सैंडस्टोन का उपयोग
- 12 फीट ऊँची नंदी प्रतिमाएं
- 28 फीट ऊँचा अशोक स्तंभ
- प्रत्येक राज्य के लिए अलग सांस्कृतिक स्तंभ
यह मॉल भारतीय संस्कृति की विविधता को एक स्थान पर अनुभव करने का अनूठा अवसर देगा।
पीएम एकता मॉल उज्जैन का डिजाइन महाकाल महालोक से प्रेरित है। इसमें पारंपरिक और आधुनिक वास्तुकला का शानदार मेल देखने को मिलेगा।
कलात्मक सजावट:
- मधुबनी पेंटिंग
- कलमकारी कला
- पिछवाई शैली
- बंगाल पट्टचित्र
यह मॉल केवल व्यापार नहीं बल्कि भारत की कला विरासत का प्रदर्शन भी करेगा।
एक ही छत के नीचे पूरा भारत
पीएम एकता मॉल उज्जैन में भारत के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की भागीदारी सुनिश्चित की गई है।
प्रमुख व्यवस्थाएं:
- 36 दुकानें (प्रत्येक राज्य के लिए)
- 55 दुकानें (मध्यप्रदेश के जिलों के लिए – ODOP)
- स्थानीय हस्तशिल्प और उत्पादों को बढ़ावा
यह पहल स्थानीय कारीगरों और छोटे व्यापारियों को राष्ट्रीय मंच प्रदान करेगी।
आधुनिक सुविधाएं और मनोरंजन (Facilities in PM Ekta Mall Ujjain)
पीएम एकता मॉल उज्जैन आधुनिक सुविधाओं से पूरी तरह सुसज्जित होगा।
सुविधाएं:
- 1500 सीटों का कन्वेंशन सेंटर
- 53 कमरे और कॉन्फ्रेंस हॉल
- 2 मल्टीप्लेक्स
- 27 फूड जोन
- 3 रेस्टोरेंट
- 2 गेम जोन
- मिलेट लोक
पार्किंग:
- 400 चार पहिया वाहन
- 200 दो पहिया वाहन
- 12 एस्केलेटर और 13 लिफ्ट
पर्यटन और अर्थव्यवस्था पर प्रभाव
पीएम एकता मॉल उज्जैन शहर के पर्यटन को नई दिशा देगा। उज्जैन पहले से ही धार्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र है।
संभावित लाभ:
- रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
- स्थानीय उत्पादों को बाजार मिलेगा
- विदेशी पर्यटकों को आकर्षण
- शहर की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी
वर्तमान स्थिति और लक्ष्य
वर्तमान में पीएम एकता मॉल उज्जैन का लगभग 70% निर्माण कार्य पूरा हो चुका है।
लक्ष्य:
- जुलाई 2026 तक पूर्ण निर्माण
- जल्द ही जनता के लिए खुलने की संभावना
यह मॉल आने वाले समय में उज्जैन की पहचान बन सकता है।
निष्कर्ष
पीएम एकता मॉल उज्जैन केवल एक मॉल नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक आत्मा का प्रतीक बनने जा रहा है। यहां हर राज्य की पहचान, कला और परंपरा को एक मंच मिलेगा। यह परियोजना न केवल उज्जैन बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है।
