सूरज प्रताप सिंह ने खोले ‘दिव्य प्रेम’ के अलग-अलग रूपों के राज, बताया कौन-सा किरदार रहा सबसे खास
मुंबई, सितंबर 2026। टेलीविजन की दुनिया में किसी अभिनेता के लिए एक ही शो में लगातार अलग-अलग किरदार निभाना अपने आप में एक चुनौती होती है। हर किरदार के लिए अलग व्यक्तित्व, हाव-भाव, आवाज और बॉडी लैंग्वेज पर काम करना पड़ता है। सन नियो के शो ‘दिव्य प्रेम: प्यार और रहस्य की कहानी’ में प्रेम का किरदार निभा रहे अभिनेता सूरज प्रताप सिंह भी इस समय कुछ ऐसे ही अनुभव से गुजर रहे हैं।
शो में सूरज को कई अलग-अलग रूपों में नजर आने का मौका मिला है। असुर और राजा से लेकर नाग कुमार, जिन्न और अन्य किरदारों तक, उन्होंने अपने अभिनय के जरिए अलग-अलग व्यक्तित्वों को पर्दे पर उतारा है। अभिनेता का कहना है कि हर रूप उनके लिए एक नया अनुभव लेकर आया और इसने उनके अभिनय के दायरे को भी विस्तार दिया।
हर रूप के साथ मिली नई चुनौती
सूरज प्रताप सिंह ने अपने अलग-अलग रूपों के बारे में बात करते हुए बताया कि एक ही शो में इतने अलग-अलग किरदार निभाना उनके लिए बेहद मजेदार अनुभव रहा। उनके अनुसार, हर रूप ने उन्हें कुछ नया करने और अपनी अभिनय क्षमता को अलग तरीके से इस्तेमाल करने का मौका दिया।
अभिनेता ने कहा कि उन्होंने शो में असुर, राजा, नाग कुमार और जिन्न सहित कई किरदार निभाए हैं। इन सभी भूमिकाओं की अपनी अलग पहचान और व्यक्तित्व था। इसलिए हर बार उन्हें किरदार के मुताबिक अपने अभिनय के अंदाज में बदलाव करना पड़ा।
उनके लिए यह सफर केवल अलग-अलग कॉस्ट्यूम पहनने या मेकअप बदलने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि हर रूप के पीछे मौजूद भावनाओं और व्यक्तित्व को समझना भी इसका महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।
सरदार वाला रूप रहा सबसे पसंदीदा
कई अलग-अलग किरदार निभाने के बावजूद सूरज प्रताप सिंह के लिए एक रूप सबसे ज्यादा खास रहा। उन्होंने बताया कि वह किरदार तब का था, जब उन्होंने और दिव्या ने सरदार का रूप अपनाया था।
इस कहानी में दिव्या एक लड़के के रूप में नजर आई थीं, जबकि सूरज ने उनके पिता का किरदार निभाया था। अभिनेता के मुताबिक, इस ट्रैक में कई तरह के उतार-चढ़ाव देखने को मिले। कहानी में भावुक दृश्यों के साथ-साथ कई मजेदार पल भी थे।
यही वजह है कि सूरज को यह किरदार निभाना बेहद दिलचस्प लगा। उनके लिए यह भूमिका इसलिए भी खास रही क्योंकि इसमें उन्हें अपने अभिनय के अलग-अलग रंग दिखाने का अवसर मिला।
काला जिन्न निभाने का अनुभव भी रहा खास
सूरज के लिए काले जिन्न का किरदार भी काफी अलग और दिलचस्प अनुभव रहा। इस भूमिका को निभाने के लिए उन्होंने पहले इस किरदार को निभा चुके अभिनेता की शैली को समझने की कोशिश की।
उन्होंने बताया कि वह उनके बोलने के तरीके, उच्चारण और हाव-भाव को ध्यान से देखते थे। अपने सीन की शूटिंग से पहले वह उनसे यह भी पूछते थे कि वे किसी विशेष दृश्य को किस तरह निभाते थे।
इसके बाद सूरज उन छोटी-छोटी बारीकियों को अपने अभिनय में शामिल करने की कोशिश करते थे। उनके अनुसार, इस प्रक्रिया ने उन्हें किरदार को बेहतर तरीके से समझने और पर्दे पर प्रस्तुत करने में मदद की।
असुर का किरदार बना शारीरिक चुनौती
हर भूमिका आसान नहीं रही। कुछ किरदारों ने सूरज को शारीरिक और भावनात्मक रूप से भी चुनौती दी। इनमें असुर का किरदार विशेष रूप से कठिन रहा।
सूरज ने बताया कि इस भूमिका के दौरान उन्हें काफी ज्यादा चिल्लाना पड़ता था। लगातार ऐसे दृश्यों की शूटिंग के कारण कहानी खत्म होने तक उनकी आवाज पूरी तरह बैठ गई थी।
हालांकि, मुश्किल होने के बावजूद अभिनेता के लिए यह अनुभव काफी महत्वपूर्ण रहा। इस किरदार ने उन्हें अभिनय के एक ऐसे पक्ष को आजमाने का मौका दिया, जिसमें ऊर्जा और शारीरिक अभिव्यक्ति की बड़ी भूमिका थी।
अश्वर में दिखाना पड़ा खतरनाक और भावुक अंदाज
अश्वर का किरदार सूरज के लिए अलग तरह की चुनौती लेकर आया। उन्हें इस भूमिका में एक तरफ बेहद खतरनाक दिखाई देना था, वहीं दूसरी ओर प्रेम के किरदार के भावुक और नरम पक्ष को भी दर्शाना था।
एक ही किरदार में इन दोनों विपरीत भावनाओं को संतुलित करना आसान नहीं था। लेकिन सूरज के लिए यही चुनौती इस भूमिका को और रोमांचक बनाती रही।
अभिनेता का मानना है कि किसी किरदार को प्रभावी बनाने के लिए उसके बाहरी रूप के साथ-साथ उसकी भावनात्मक परतों को समझना भी जरूरी है।
अभिनय में नए प्रयोग का मौका
‘दिव्य प्रेम: प्यार और रहस्य की कहानी’ में अलग-अलग रूप निभाने का अनुभव सूरज प्रताप सिंह के लिए अभिनय की नई संभावनाएं तलाशने जैसा रहा है। हर किरदार ने उन्हें कुछ नया सीखने और अपनी शैली के साथ प्रयोग करने का मौका दिया।
असुर की आक्रामकता हो, काले जिन्न का अंदाज हो या अश्वर के किरदार की भावनात्मक जटिलता—सूरज ने अलग-अलग शेड्स को पर्दे पर उतारने की कोशिश की है। वहीं सरदार वाला किरदार उनके लिए सबसे यादगार अनुभवों में शामिल रहा।
देखिए ‘दिव्य प्रेम: प्यार और रहस्य की कहानी’ हर सोमवार से शनिवार शाम 7 बजे, सिर्फ सन नियो पर।
