इंदौर ट्रैफिक जाम: त्योहारों की भीड़ से आम जनता परेशान, नगर निगम की जिम्मेदारी पर उठे सवाल
इंदौर, अगस्त 2025 (Indore News):
त्योहारों का सीज़न शुरू होते ही इंदौर के बाजारों में जबरदस्त भीड़ देखने को मिल रही है। सड़कों पर लगाई गई अस्थायी दुकानों के कारण ट्रैफिक जाम की समस्या गंभीर होती जा रही है। रोजमर्रा की ज़िंदगी जीने वाला हर आम आदमी इस ट्रैफिक जाम का शिकार हो रहा है – चाहे वह स्कूल जाने वाला बच्चा हो, कॉलेज का स्टूडेंट या ऑफिस जाने वाला कर्मचारी।
त्योहारों में अस्थायी दुकानों से ट्रैफिक की दिक्कत
नगर निगम ने छोटे-छोटे दुकानदारों की रोज़ी-रोटी का ध्यान रखते हुए उन्हें सड़क किनारे दुकान लगाने की अनुमति दी है। लेकिन इन दुकानों के कारण सड़कों पर ट्रैफिक की स्थिति बदतर हो गई है। जाम में फंसने से लोग समय पर अपनी मंज़िल तक नहीं पहुंच पा रहे हैं और दुर्घटना का खतरा भी बढ़ रहा है।
गड्ढों और पानी भराव से सड़कें बनीं मुसीबत
इंदौर शहर में वैसे ही खराब सड़कों और जगह-जगह गड्ढों की समस्या बनी हुई है। बरसात में सड़कें तालाब का रूप ले लेती हैं। टू-व्हीलर चालकों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ती है, क्योंकि गड्ढों और पानी भराव से हादसों का डर हमेशा बना रहता है।
प्रशासन और नगर निगम की भूमिका पर सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम ने दुकानों की अनुमति तो दे दी, लेकिन ट्रैफिक प्रबंधन की कोई ठोस योजना नहीं बनाई। लोगों का आरोप है कि सिर्फ दुकानदारों को परमिशन देना ही विकास नहीं है, बल्कि ट्रैफिक और बुनियादी सुविधाओं का ध्यान रखना भी प्रशासन की जिम्मेदारी है।
विकास पर बड़ा सवाल
शहरवासी पूछ रहे हैं कि क्या यही विकास है—बढ़ता ट्रैफिक, गड्ढों से भरी सड़कें और पानी भराव? लोग सवाल उठा रहे हैं कि सरकार आम जनता की परेशानियों पर कब ध्यान देगी। वोट के समय जनता को याद किया जाता है, लेकिन उनकी रोज़मर्रा की समस्याओं पर कार्रवाई क्यों नहीं होती?


