हरदा में 25 अक्टूबर से तवा नहर से मिलेगी सिंचाई के लिए पानी
किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए 24 घंटे सक्रिय रहेंगे सिंचाई प्रकोष्ठ; दीपावली पर कार्बाइड गन के उपयोग पर रोक
राजकुमार मौर्य
हरदा सिटी रिपोर्टर
हरदा, 21 अक्टूबर। रबी सीजन में किसानों को समय पर सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। संभागीय जल उपयोगिता समिति की बैठक में तय कार्यक्रम के अनुसार हरदा जिले की बायीं तट मुख्य नहर से 25 अक्टूबर से पानी छोड़ा जाएगा। किसानों की सिंचाई संबंधी शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए हरदा और टिमरनी में 24 घंटे संचालित सिंचाई प्रकोष्ठ बनाए गए हैं।
नर्मदापुरम संभागायुक्त श्रीकांत बनोठ की अध्यक्षता में हुई बैठक में रबी सिंचाई वर्ष 2026-27 के लिए नहरों से जल प्रवाह की तिथियां तय की गईं। हरदा में 25 अक्टूबर, सिवनी मालवा में 27 अक्टूबर, इटारसी में 1 नवंबर और सोहागपुर में 5 नवंबर से पानी छोड़ा जाएगा।
संभागायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित तारीखों की जानकारी गांवों में मुनादी और अन्य माध्यमों से किसानों तक पहुंचाई जाए। किसान संगठनों के साथ समन्वय बनाए रखने, नहरों की सफाई, नियमित पेट्रोलिंग और जल प्रवाह की निगरानी पर भी जोर दिया गया, ताकि टेल क्षेत्र के किसानों तक पर्याप्त पानी पहुंच सके। जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता राजाराम मीना के अनुसार तवा जलाशय में वर्तमान जल संग्रहण 1700 एमसीएम है, जो कुल उपलब्ध भराव का लगभग 87 प्रतिशत है।
सिंचाई प्रकोष्ठ में तीन शिफ्टों में होगी ड्यूटी
कलेक्टर कुमार सत्यम और पुलिस अधीक्षक शशांक ने जल संसाधन, विद्युत और कृषि विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। अधिकारियों को नहरों से जल आपूर्ति निर्बाध रखने और व्यवस्थाओं पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए गए। बिजली आपूर्ति, खाद की उपलब्धता और नहरों के रखरखाव पर भी ध्यान देने को कहा गया।
हरदा सिंचाई प्रकोष्ठ के प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी उत्कर्ष पाटिल हैं। उनसे मोबाइल नंबर 9981115847 पर संपर्क किया जा सकता है। टिमरनी प्रकोष्ठ के प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी विनीत वोर्याले हैं। उनका संपर्क नंबर 9516852837 है। शिकायतों पर दिन-रात कार्रवाई के लिए कर्मचारियों की तीन शिफ्टों में ड्यूटी लगाई गई है।
कार्बाइड गन के विक्रय और उपयोग पर प्रतिबंध
दीपावली के दौरान जनसुरक्षा को देखते हुए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी कुमार सत्यम ने जिले में कार्बाइड गन के विक्रय और उपयोग पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को बाजारों सहित संभावित स्थानों पर निरीक्षण करने तथा नियमों के अनुसार कार्रवाई करने को कहा गया है। नागरिकों से सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से त्योहार मनाने की अपील की गई है।
23 अक्टूबर को रहटगांव में जन-विश्वास शिविर
मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान-2026 के तहत शुक्रवार, 23 अक्टूबर को रहटगांव में शिविर लगाया जाएगा। इसमें रहटगांव के साथ झाड़बिड़ा, पांढरमाटी, फूलड़ी, गाड़ामोड़खुर्द, छिदगांव तमोली, नजरपुरा, छिरपुरा, आमसागर, बोथी, कासरनी, खमगांव और बड़वानी के ग्रामीण शामिल होंगे। शिविर में नागरिकों की समस्याएं सुनकर उनका यथासंभव मौके पर निराकरण किया जाएगा। शासकीय योजनाओं, लोक सेवा गारंटी सेवाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की समीक्षा के साथ उद्यम संवाद भी होगा।
मतदाता सूची पुनरीक्षण और मत्स्य पालन योजनाएं
विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण-2027 और मतदाता सूची में छूटे नाम जोड़ने के अभियान को लेकर 22 अक्टूबर को दोपहर 12 बजे कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बैठक होगी। कलेक्टर की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को निर्वाचन आयोग के निर्देशों और आगे की प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी। कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची का प्रारूप 12 नवंबर 2026 और अंतिम प्रकाशन 4 जनवरी 2027 को होगा।
धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत जिले के चिन्हित 103 गांवों के अनुसूचित जनजाति वर्ग के इच्छुक हितग्राही मत्स्य पालन आधारित स्वरोजगार योजनाओं के लिए आवेदन कर सकते हैं। इनमें मिनी आरएएस, फिश फीड मिल, बायोफ्लॉक, निजी भूमि पर तालाब निर्माण, मोटरसाइकिल विद आइस बॉक्स, फिश कियोस्क और इंसुलेटेड वाहन जैसी गतिविधियां शामिल हैं। पात्र हितग्राहियों को इकाई लागत पर 90 प्रतिशत अनुदान का प्रावधान है।
आवेदन 5 नवंबर 2026 तक कलेक्ट्रेट परिसर के कक्ष क्रमांक 60 में जमा किए जा सकते हैं। जानकारी के लिए सहायक मत्स्य अधिकारी सरिता चौकीकर (8770641658) या सुशील गौर (8319449113) से संपर्क करें।
