Bhopal क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई: 15 किलो गांजा के साथ तस्कर गिरफ्तार, ओडिशा से लाकर करता था सप्लाई
संवाददाता : संदीप सिंह
Bhopal । मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे “नशे से दूरी है जरूरी” अभियान के तहत क्राइम ब्रांच ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एमपी नगर क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए एक गांजा तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 15.030 किलोग्राम अवैध गांजा और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही मोटरसाइकिल जब्त की गई है। बरामद गांजा एवं वाहन की कुल अनुमानित कीमत करीब 3 लाख 600 रुपये आंकी गई है।
पुलिस का कहना है कि आरोपी ओडिशा से गांजा लाकर भोपाल सहित आसपास के इलाकों में इसकी आपूर्ति करता था। फिलहाल उससे पूछताछ कर पूरे सप्लाई नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
“नशे से दूरी है जरूरी” अभियान के तहत कार्रवाई
भोपाल पुलिस शहर में नशे के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण के लिए लगातार अभियान चला रही है। पुलिस आयुक्त संजय कुमार और अतिरिक्त पुलिस आयुक्त मोनिका शुक्ला के निर्देशन में क्राइम ब्रांच को अवैध मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
इन्हीं निर्देशों के तहत क्राइम ब्रांच की टीम लगातार संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी। मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया और विभिन्न स्थानों पर निगरानी बढ़ाई गई। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक युवक बड़ी मात्रा में गांजा लेकर एमपी नगर क्षेत्र में आने वाला है।
डीबी मॉल के सामने घेराबंदी कर पकड़ा आरोपी
सूचना मिलते ही क्राइम ब्रांच की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए डीबी मॉल के सामने, जोन-01 एमपी नगर क्षेत्र में घेराबंदी की। कुछ देर बाद संदिग्ध युवक मोटरसाइकिल से वहां पहुंचा। पुलिस ने उसे रोककर पूछताछ की। प्रारंभिक जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर उसकी तलाशी ली गई।
तलाशी के दौरान पुलिस को उसके कब्जे से 15.030 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद हुआ। इसके बाद आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया। गांजा परिवहन में प्रयुक्त मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली गई।
आरोपी की पहचान शिवम शर्मा के रूप में
गिरफ्तार आरोपी की पहचान शिवम शर्मा के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि वह लंबे समय से अवैध मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़ा हुआ है। प्रारंभिक जांच में पता चला कि आरोपी ओडिशा से गांजा लाकर भोपाल और आसपास के क्षेत्रों में सप्लाई करता था।
पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी किस नेटवर्क के माध्यम से गांजा खरीदता था, किन लोगों तक इसकी सप्लाई करता था और इस अवैध कारोबार में उसके साथ और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज किया मामला
क्राइम ब्रांच ने आरोपी के खिलाफ मादक पदार्थ एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज किया है। इस कानून के तहत अवैध मादक पदार्थों के उत्पादन, परिवहन, भंडारण और बिक्री पर कठोर दंड का प्रावधान है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बरामद गांजे की मात्रा को देखते हुए मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य तस्करों और सप्लायरों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
सप्लाई नेटवर्क की जांच जारी
गिरफ्तारी के बाद पुलिस की जांच केवल बरामद गांजे तक सीमित नहीं है। जांच एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में लगी हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि गांजा किन रास्तों से भोपाल तक पहुंचता था, किन जिलों में इसकी सप्लाई होती थी और इस धंधे से जुड़े अन्य लोग कौन हैं।
पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल, वित्तीय लेन-देन और आरोपी के संपर्कों की भी जांच कर रही है। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
युवाओं को नशे से बचाने पर फोकस
भोपाल पुलिस का कहना है कि नशे के कारोबार का सबसे बड़ा असर युवाओं पर पड़ता है। इसलिए पुलिस केवल तस्करों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि नशे के पूरे नेटवर्क को खत्म करने की दिशा में काम कर रही है।
इसी उद्देश्य से “नशे से दूरी है जरूरी” अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत लगातार जागरूकता कार्यक्रमों के साथ-साथ अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ सख्त कार्रवाई भी की जा रही है।
लगातार जारी है सख्त कार्रवाई
पिछले कुछ समय से भोपाल पुलिस ने गांजा, स्मैक, एमडी ड्रग्स और अन्य मादक पदार्थों की तस्करी के मामलों में कई बड़ी कार्रवाई की हैं। पुलिस का मानना है कि लगातार कार्रवाई से नशा कारोबारियों पर दबाव बढ़ा है, लेकिन अभी भी कई गिरोह सक्रिय हैं।
क्राइम ब्रांच ने स्पष्ट किया है कि शहर में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह अभियान जारी रहेगा। पुलिस आम नागरिकों से भी अपील कर रही है कि यदि उन्हें नशे के कारोबार से संबंधित कोई जानकारी मिले तो तत्काल पुलिस को सूचित करें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
नशा मुक्त समाज की दिशा में प्रयास
भोपाल पुलिस का मानना है कि नशे के खिलाफ लड़ाई केवल कानून लागू करने वाली एजेंसियों की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है। पुलिस प्रशासन, सामाजिक संस्थाएं और आम नागरिक मिलकर ही युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचा सकते हैं।
क्राइम ब्रांच के अधिकारियों ने कहा कि अवैध मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए भविष्य में भी विशेष अभियान चलाए जाएंगे। नशा तस्करों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा।
