पटवारियों पर गंभीर आरोप, लहार अभिभाषक संघ ने कलेक्टर के नाम सौंपा ज्ञापन
नामांतरण और सीमांकन में लापरवाही से किसान परेशान, एसडीएम पर लगाए आरोपों को बताया गलत; कथित भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच की मांग
रिपोर्टर: अभिषेक शर्मा
दैनिक स्वराज वाणी | लहार। तहसील क्षेत्र में पटवारियों की कार्यप्रणाली को लेकर अभिभाषक संघ लहार ने विरोध जताया है। संघ के पदाधिकारियों और सदस्यों ने शुक्रवार को एसडीएम लहार के माध्यम से भिंड कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। इसमें पटवारियों पर काम में लापरवाही बरतने, अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना करने और राजस्व प्रकरणों में कथित अनियमितताएं करने के आरोप लगाए गए हैं।
अभिभाषक संघ ने ज्ञापन में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है। संघ का कहना है कि राजस्व संबंधी काम समय पर नहीं होने के कारण किसानों और अन्य पक्षकारों को लगातार कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
प्रकरणों में रिपोर्ट नहीं लगाने का आरोप
ज्ञापन में कहा गया है कि लहार क्षेत्र में धारा 115 से संबंधित प्रकरणों में पटवारियों द्वारा समय पर रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की जा रही है। इसके अतिरिक्त नामांतरण, सीमांकन और अन्य राजस्व मामलों में भी निर्धारित समय के भीतर कार्रवाई नहीं होने से प्रकरण लंबित हो रहे हैं।
अभिभाषक संघ के अनुसार राजस्व रिकॉर्ड से जुड़े काम समय पर पूरे नहीं होने से किसानों और संपत्ति संबंधी मामलों के पक्षकारों को आर्थिक एवं मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
एसडीएम के खिलाफ शिकायतों की जांच की मांग
अभिभाषक संघ ने पटवारियों द्वारा लहार एसडीएम पर लगाए गए अभद्रता और परेशान करने संबंधी आरोपों को गलत बताया है। संघ ने इस मामले की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि कुछ पटवारी एसडीएम के विरुद्ध शिकायतें करके प्रशासनिक दबाव बनाने का प्रयास कर रहे हैं। संघ ने कहा कि दोनों पक्षों के आरोपों और उपलब्ध तथ्यों की जांच होने के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
नामांतरण और बंटवारे में कथित अनियमितता
संघ ने दबोह क्षेत्र में नामांतरण और बंटवारे से जुड़े मामलों में कथित अनियमितताओं का मुद्दा भी उठाया है। ज्ञापन में तहसीलदार दबोह-आलमपुर तथा संबंधित पटवारियों की कार्यप्रणाली की जांच कराने की मांग की गई है।
अभिभाषकों का कहना है कि इस संबंध में पूर्व में भी शिकायतें प्रस्तुत की जा चुकी हैं, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से समस्याएं बनी हुई हैं। संघ ने पूर्व शिकायतों और संबंधित राजस्व रिकॉर्ड की जांच कराने का अनुरोध किया है।
हल्का क्षेत्र में नहीं रहने का आरोप
ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि कई पटवारी अपने निर्धारित हल्का क्षेत्र में नियमित रूप से उपस्थित नहीं रहते और दूसरे स्थानों से आवागमन करते हैं। इससे किसानों को राजस्व रिकॉर्ड, नामांतरण, सीमांकन और अन्य कार्यों के लिए पटवारियों से संपर्क करने में कठिनाई होती है।
संघ ने प्रशासन से पटवारियों को उनके निर्धारित हल्का क्षेत्र में उपस्थित रहने के लिए निर्देशित करने तथा उनकी उपस्थिति और कार्यप्रणाली की नियमित निगरानी करने की मांग की है।
अधिकारियों के आदेशों पर अमल नहीं होने का आरोप
अभिभाषक संघ ने आरोप लगाया कि तहसीलदार और एसडीएम द्वारा नामांतरण सहित विभिन्न मामलों में आदेश जारी किए जाने के बावजूद कई प्रकरणों में पटवारियों द्वारा उनका समय पर पालन नहीं किया जाता। इसके कारण राजस्व और न्यायालयीन प्रक्रिया प्रभावित होने का दावा किया गया है।
संघ ने लहार, दबोह, आलमपुर, मिहोना और रौन क्षेत्र में पटवारियों की कार्यप्रणाली तथा कथित भ्रष्टाचार की विस्तृत जांच कराने की मांग की है। अभिभाषक संघ ने कलेक्टर से निष्पक्ष जांच कराकर दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के विरुद्ध कार्रवाई और लंबित राजस्व मामलों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है।
