लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की 231वीं पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि, पार्थिव शिवलिंग का विधिवत पूजन-अभिषेक
Indore । लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर की 231वीं पुण्यतिथि के अवसर पर शहर में श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई। दत्त माऊली अन्ना महाराज के आयोजन में आयोजित विशेष कार्यक्रम में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के चित्र पर माल्यार्पण किया गया। इसके साथ ही पार्थिव शिवलिंग का निर्माण कर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजन, जलाभिषेक, अभिषेक एवं महाआरती की गई।
राजबाड़ा स्थित प्रतिमा के समक्ष हुआ धार्मिक अनुष्ठान
राजबाड़ा स्थित पुण्यश्लोका लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर की प्रतिमा के समक्ष शहर के गणमान्य नागरिकों एवं श्रद्धालुओं की उपस्थिति में धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुआ। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पार्थिव शिवलिंग का पूजन एवं जलाभिषेक किया गया।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के त्याग, धर्मपरायणता, लोककल्याण और सुशासन को स्मरण किया। वक्ताओं ने भारतीय संस्कृति, धार्मिक स्थलों के संरक्षण और जनसेवा के क्षेत्र में उनके ऐतिहासिक योगदान को भी रेखांकित किया।
सुशासन और जनसेवा की मिसाल थीं अहिल्याबाई
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि लोकमाता अहिल्याबाई होलकर का जीवन भारतीय सुशासन, नारी शक्ति, धर्म, संस्कृति और जनसेवा का अनुपम उदाहरण है। उन्होंने अपने शासनकाल में देशभर के अनेक मंदिरों और तीर्थस्थलों के जीर्णोद्धार एवं पुनर्निर्माण के साथ जनकल्याण के अनेक कार्य किए।
वक्ताओं के अनुसार लोकमाता का जीवन आज भी समाज को सेवा, संस्कार, सुशासन और राष्ट्रहित के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने अपने कार्यों के माध्यम से यह संदेश दिया कि सत्ता का उद्देश्य जनकल्याण और समाज की सेवा होना चाहिए।
बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक हुए शामिल
कार्यक्रम में पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन, पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रहलाद पटेल, जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट, इंदौर सांसद शंकर लालवानी, विधायक गोलू शुक्ला, भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के सदस्य डॉ. भरत शर्मा, विधायक एवं इंदौर विकास प्राधिकरण के पूर्व अध्यक्ष मधु वर्मा, पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता, शहर भाजपा अध्यक्ष सुमित मिश्रा सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
होलकर राजपरिवार की ओर से महाराजकुमार यशवंतराव होलकर, उदयसिंह राजे होलकर और सुनेत्रा होलकर भी कार्यक्रम में शामिल हुए। इसके अलावा पार्षद योगेश गेंदर, वीरेंद्र पौराणिक, डॉ. विनीता कोठारी सहित शहर के अनेक नागरिक एवं श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
संस्कृति और विरासत के संरक्षण का संकल्प
कार्यक्रम के समापन अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करने का संकल्प लिया। साथ ही भारतीय संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और ऐतिहासिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य करने का संकल्प भी लिया गया।
आयोजकों ने कहा कि लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की पुण्यतिथि केवल उन्हें स्मरण करने का अवसर नहीं, बल्कि उनके आदर्शों और जनसेवा की भावना को आगे बढ़ाने का प्रेरणादायी दिन भी है।
सादर — डॉ. भरत शर्मा
सदस्य, संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार

