सारणी में शिक्षक की हरकतों के खिलाफ सड़कों पर उतरीं छात्राएं, एबीवीपी ने की कठोर कार्रवाई की मांग
रिपोर्ट संदीप तायड़े स्वराज वाणी ,सारनी घोड़ाडोगरी
सारणी। सारणी स्थित उच्चतर माध्यमिक कन्या शाला में छात्राओं 4 लापरवाही से आक्रोशित हजारों नाबालिग छात्राओं ने एबीपी संगठन के माध्यम से सड़कों पर उतरकर विशाल जुलूस निकाला। छात्राओं ने थाने का घेराव कर आरोपी शिक्षक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो (POCSO) एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में आपराधिक प्रकरण दर्ज कर लिया है।
लैब और क्लासरूम में अश्लील हरकतें और फेल करने की धमकी
नाबालिग छात्राओं द्वारा थाने में दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, शिक्षक सुनील चौधरी काफी समय से छात्राओं को अकेले पाकर लैब या खाली क्लासरूम में बुलाता था। आरोपी शिक्षक छात्राओं को गलत नीयत से स्पर्श करता, गले लगाता और अश्लील हरकतें करता था।
छात्राओं का आरोप है कि जब भी उन्होंने इसका विरोध किया, शिक्षक उन्हें परीक्षा में फेल करने की धमकी देकर चुप करा देता था। 15 अगस्त और 19 अगस्त को भी आरोपी ने छात्राओं के साथ सीढ़ियों पर जाते समय अभद्र व्यवहार किया और लैब में आने का दबाव बनाया। शिक्षक की निरंतर बढ़ती हरकतों से तंग आकर छात्राओं ने अपने अभिभावकों को पूरी सच्चाई बताई।
प्रधान प्राचार्य अंजलि भालेकर की भूमिका पर गंभीर सवाल: मामला दबाने का प्रयास
इस पूरे घटनाक्रम में उच्चतर माध्यमिक कन्या शाला की प्रधान प्राचार्य अंजलि भालेकर की कार्यप्रणाली और घोर लापरवाही पर भी गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। छात्राओं और उनके अभिभावकों का स्पष्ट आरोप है कि शिक्षक सुनील चौधरी की अश्लील हरकतों की लिखित व मौखिक शिकायत पहले ही प्राचार्य अंजलि भालेकर से की गई थी। प्राचार्य ने आरोपी शिक्षक पर कोई अनुशासनात्मक या कानूनी कार्रवाई करने के बजाय मामले को दबाने का प्रयास किया। छात्राओं पर दबाव बनाते हुए उन्हें स्कूल से निकालने (निष्कासित करने) तक की धमकियां दी गईं।
अभिभावकों का कहना है कि यदि प्राचार्य समय रहते उचित कदम उठातीं, तो शिक्षक के हौसले इतने बुलंद नहीं होते। थाने में पुलिस अधिकारियों के सामने लगी चौपाल में छात्राओं ने सीधे प्राचार्य के मुंह पर इन लापरवाहियों और धमकियों का खुलासा किया।

थाने का घेराव और पुलिस की त्वरित कानूनी कार्रवाई
छात्राओं के जुलूस और थाने के घेराव की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन हरकत में आया। सारणी थाना प्रभारी जयपाल इनवाती ने स्थिति की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए स्कूल के सभी शिक्षकों को थाने तलब कर पूछताछ की।
थाना प्रभारी ने सभी पीड़ित नाबालिग छात्राओं व उनके अभिभावकों के विस्तृत बयान दर्ज किए। पुलिस ने आरोपी शिक्षक सुनील चौधरी के खिलाफ अपराध क्रमांक- 0260/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 74 एवं लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम 2012 की धारा 7, 8, 9 और 10 के अंतर्गत प्रकरण पंजीबद्ध कर अग्रिम वैधानिक जांच शुरू कर दी है।
पुलिस जागरूकता अभियान से मिली प्रेरणा: छात्राओं ने समझा ‘गुड टच और बैड टच’ का फर्क
मामले में सामने आया है कि सारणी थाना पुलिस द्वारा पूर्व में स्कूल में बच्चों की सुरक्षा को लेकर विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया था। इसी अभियान के माध्यम से नाबालिग छात्राओं को ‘गुड टच और बैड टच’ (उचित और अनुचित स्पर्श) के संबंध में विस्तृत जानकारी प्राप्त हुई थी। इसी जागरूकता के चलते छात्राएं शिक्षक की गलत मंशा को समझ सकीं और लंबे समय से चले आ रहे शोषण के खिलाफ एकजुट होकर आवाज उठाने का साहस जुटाया।
इनका कहना है :—
सारणी के स्कूल के 60 से 70 छात्राएं थाने आई थी जिनके द्वारा शिक्षक सुनील चौधरी पर बेड टच जैसी अश्लील हरकतों के संबंध में शिकायत की गई है जिसकी तस्वीर भी कराई गई है। शिक्षक के विरुद्ध अपराध क्रमांक पंजीवाद कर विवेचना में लिया गया है। छात्रों की रिपोर्ट पर बीएस 74 एवं पोक्सो एक्ट 7, 8, 9, 10 के अंतर्गत कार्रवाई की गई है।
जयपाल इनवाती, थाना प्रभारी सारणी
सारणी के कन्या शाला में टीचर द्वारा बेड टच मामले की जानकारी आ गई है। जांच करवा कर दोषी शिक्षक पर 100% कार्रवाई की जाएगी।
दिनेश मानकर, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी, घोड़ाडोंगरी
मुझे कल दो बच्चों ने आवेदन दिया था जिसमें 15 अगस्त के दिन सुनील चौधरी सर पर छेड़खानी का आरोप लगाया था। इससे पहले मुझे कोई शिकायत नहीं की गई थी। मैंने इस विषय पर प्राचार्य सुनील चौधरी को लेटर भी दिया था। पिछले छेड़खानी का मामला प्रिंसिपल सर के समय का है मेरे समय का नहीं।
अंजलि भालेकर, प्रधान प्राचार्य, शा.उच्च.माध्य. कन्या शाला सारणी
उच्चतर माध्यमिक कन्यशाला में छात्राओं के साथ एक शिक्षक द्वारा छेड़खानी जैसी घटिया हरकतें की गई जिसके लिए एबीवीपी छात्र संगठन घोर निंदा करता है और ऐसे शिक्षक पर कठोर से कठोर कार्रवाई करने की मांग करता है।

मानस सिंह, नगर मंत्री एबीवीपी सारणी
