आमला बस स्टैंड पर महिलाओं के लिए शौचालय की मांग, कांग्रेस महिला उपाध्यक्ष सीमा अतुलकर ने किया प्रदर्शन
जयंत गोहे
ब्यूरो चीफ
स्वराज वाणी
आमला
15 दिन में व्यवस्था नहीं हुई तो उग्र आंदोलन की चेतावनी
आमला। नगर के मुख्य बस स्टैंड पर महिलाओं के लिए शौचालय की समुचित व्यवस्था नहीं होने से यात्रियों को हो रही परेशानी को लेकर कांग्रेस महिला उपाध्यक्ष सीमा अतुलकर ने महिलाओं के साथ बस स्टैंड परिसर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने प्रशासन से महिलाओं के लिए अलग, स्वच्छ और सुरक्षित शौचालय की व्यवस्था जल्द से जल्द करने की मांग की।
सीमा अतुलकर ने कहा कि आमला बस स्टैंड पर प्रतिदिन ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में महिलाएं, छात्राएं और बुजुर्ग महिलाएं आवागमन करती हैं, लेकिन यहां महिलाओं के लिए मूलभूत सुविधा तक उपलब्ध नहीं है। सार्वजनिक स्थान होने के बावजूद महिला यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को लेकर जिम्मेदार विभाग गंभीर नजर नहीं आ रहा है।
गंदे सार्वजनिक शौचालय से महिलाएं परेशान
कांग्रेस महिला नेत्री ने बताया कि बस स्टैंड से लगभग 200 मीटर दूर एक सार्वजनिक शौचालय मौजूद है, लेकिन वहां साफ-सफाई का अभाव है। साथ ही महिलाओं के लिए अलग शौचालय की व्यवस्था भी नहीं है। इस कारण महिलाएं मजबूरी में उस शौचालय का उपयोग करने से बचती हैं।
उन्होंने कहा कि कई बार ऐसी परिस्थितियां बन जाती हैं जब महिलाओं को असुविधा और परेशानी का सामना करना पड़ता है। कुछ महिलाओं को मजबूरी में रेलवे स्टेशन रोड के किनारे खुले में शौच जैसी स्थिति का सामना करना पड़ता है, जो महिलाओं की गरिमा, सुरक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर विषय है।
महिलाओं की सुविधा और सम्मान जरूरी
सीमा अतुलकर ने कहा कि सार्वजनिक स्थलों पर महिलाओं के लिए शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। बस स्टैंड जैसे महत्वपूर्ण स्थान पर दूर-दराज से आने वाली महिलाओं को सम्मानजनक सुविधा मिलनी चाहिए।
उन्होंने मांग की कि नगर प्रशासन तत्काल बस स्टैंड परिसर में स्वच्छ, सुरक्षित और महिलाओं के लिए अलग शौचालय का निर्माण कराए, ताकि यात्रियों को परेशानी से राहत मिल सके।
15 दिन में समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस महिला उपाध्यक्ष सीमा अतुलकर ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि 15 दिनों के भीतर आमला बस स्टैंड पर महिलाओं के लिए अलग, स्वच्छ और सुरक्षित शौचालय की स्थायी व्यवस्था नहीं की गई, तो कांग्रेस महिलाओं के साथ मिलकर व्यापक आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि महिलाओं को मूलभूत सुविधाओं से वंचित रखना गंभीर विषय है और इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की है।
सीमा अतुलकर ने कहा कि यह केवल शौचालय सुविधा का मामला नहीं है, बल्कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और गरिमा से जुड़ा मुद्दा है। सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन का दायित्व है। उन्होंने मांग की कि इस समस्या का जल्द से जल्द स्थायी समाधान किया जाए, ताकि बस स्टैंड पर आने वाली महिलाओं, छात्राओं और बुजुर्ग यात्रियों को असुविधा का सामना न करना पड़े।
महिलाओं ने भी उठाई आवाज
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने भी बस स्टैंड पर जल्द से जल्द महिला शौचालय निर्माण की मांग की। महिलाओं का कहना था कि प्रतिदिन यात्रा करने वाली महिला यात्रियों को इस समस्या का सामना करना पड़ता है। खासकर बुजुर्ग महिलाओं और छात्राओं के लिए यह परेशानी और अधिक बढ़ जाती है।
महिलाओं ने प्रशासन से अपील की कि सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता और आवश्यक सुविधाओं को प्राथमिकता दी जाए, ताकि महिलाओं को सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण मिल सके।
