अवैध शराब के विक्रय एवं परिवहन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
आबकारी विभाग की समीक्षा बैठक में कलेक्टर अरुण विश्वकर्मा ने अधिकारियों को दिए निर्देश
संवाददाता : वैभव जैन मस्ताना
Silwani/रायसेन। जिले में अवैध शराब के विक्रय एवं परिवहन पर प्रभावी रोक लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। रायसेन जिला मुख्यालय पर कलेक्टर अरुण विश्वकर्मा की अध्यक्षता में आबकारी विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में अवैध शराब के कारोबार की रोकथाम और विभागीय कार्रवाई की स्थिति की समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने आबकारी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में अवैध शराब के कारोबार में संलिप्त संदिग्ध व्यक्तियों के विरुद्ध लगातार जांच अभियान चलाया जाए। अवैध शराब के विक्रय, परिवहन अथवा अन्य अनधिकृत गतिविधियों की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि अवैध शराब से संबंधित मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और आवश्यकतानुसार नियमानुसार कठोर कार्रवाई करने को कहा गया।
संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी
बैठक में कलेक्टर ने जिले के संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन स्थानों पर अवैध शराब के विक्रय या परिवहन की संभावना अधिक है, वहां आबकारी अमला नियमित रूप से जांच और निगरानी करे।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि अवैध गतिविधियों की जानकारी जुटाने के लिए सूचना तंत्र को मजबूत किया जाए। प्राप्त शिकायतों और सूचनाओं की गंभीरता से जांच करते हुए समय पर कार्रवाई की जाए, ताकि अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके।
जहरीली शराब की घटनाओं को लेकर सतर्कता
प्रदेश में हाल ही में सागर जिले में जहरीली शराब से जुड़ी घटना के बाद प्रशासन और आबकारी विभाग की सतर्कता बढ़ी है। इसी क्रम में रायसेन जिले में भी अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई को और प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया है।
कलेक्टर ने कहा कि अवैध शराब के कारण आम लोगों के स्वास्थ्य और जीवन पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है। इसलिए ऐसी गतिविधियों को प्रारंभिक स्तर पर ही रोकना जरूरी है। अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने और संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
जनकल्याणकारी योजनाओं की भी समीक्षा
समीक्षा बैठक में आबकारी विभाग से जुड़े विषयों के अलावा शासन द्वारा संचालित विभिन्न अभियानों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्र हितग्राहियों तक समय पर पहुंचना चाहिए। इसके लिए मैदानी स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग की जाए और पात्र हितग्राहियों की पहचान कर उन्हें योजनाओं का लाभ दिलाया जाए।
समस्याओं का तत्काल निराकरण करने के निर्देश
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली समस्याओं को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। मैदानी स्तर पर सामने आने वाली समस्याओं की पहचान कर उनका तत्काल निराकरण किया जाए।
उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा करने और जरूरत पड़ने पर संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर समस्याओं का समाधान करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में एसडीएम, डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार सहित संबंधित विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों से संबंधित कार्यों और योजनाओं की प्रगति की जानकारी कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत की।
बैठक के अंत में कलेक्टर ने जिले में अवैध शराब के विक्रय एवं परिवहन के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी रखने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन करते हुए पात्र हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने पर भी जोर दिया।
