पीएम मोदी के ‘मन की बात’ के मुख्य अंश
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के जरिए देशवासियों से संवाद किया। इस दौरान उन्होंने गांधी जयंती, नवरात्रि, नारी-शक्ति, छठ महापर्व, स्वर कोकिला लता मंगेशकर और शहीद भगत सिंह का स्मरण करते हुए अनेक विषयों पर अपने विचार साझा किए।
गांधी जयंती पर खादी का आह्वान
पीएम मोदी ने कहा कि महात्मा गांधी ने हमेशा स्वदेशी को बढ़ावा दिया और खादी को आत्मनिर्भर भारत का प्रतीक बनाया। आजादी के बाद खादी की लोकप्रियता कम हो गई थी, लेकिन बीते 11 वर्षों में इसमें उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। प्रधानमंत्री ने लोगों से अपील की कि 2 अक्टूबर गांधी जयंती पर खादी का सामान अवश्य खरीदें और गर्व से कहें – “ये स्वदेशी है।”
नवरात्रि और नारी-शक्ति
मोदी ने कहा कि नवरात्रि शक्ति की उपासना का पर्व है और यह नारी-शक्ति का उत्सव भी है। उन्होंने गर्व के साथ कहा कि देश की बेटियां आज व्यापार, खेल, शिक्षा और विज्ञान जैसे हर क्षेत्र में नई ऊँचाइयाँ छू रही हैं। वे चुनौतियों का सामना कर असंभव को संभव बना रही हैं।
छठ पूजा को यूनेस्को सूची में शामिल करने का प्रयास
प्रधानमंत्री ने छठ महापर्व की महिमा का उल्लेख करते हुए कहा कि यह त्योहार अब वैश्विक उत्सव का रूप ले चुका है। इसमें डूबते और उगते सूर्य दोनों की आराधना होती है। भारत सरकार छठ पूजा को यूनेस्को की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल कराने के लिए सक्रिय प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि जब यह सूची में दर्ज होगा तो दुनिया इसकी भव्यता और आध्यात्मिकता को और नजदीक से जान सकेगी।
लता मंगेशकर को श्रद्धांजलि
कार्यक्रम में पीएम मोदी ने स्वर कोकिला लता मंगेशकर की जयंती पर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि लता दीदी के गीतों ने न केवल देशभक्ति की भावना जगाई बल्कि भारतीय संस्कृति से भी लोगों को गहराई से जोड़ा। संगीत में उनकी अद्वितीय प्रतिभा और योगदान को देश सदैव याद रखेगा।
शहीद भगत सिंह का स्मरण
प्रधानमंत्री ने अमर शहीद भगत सिंह की जयंती का उल्लेख करते हुए कहा कि वे देश के युवाओं के लिए सदैव प्रेरणास्त्रोत रहेंगे। उनकी निर्भीकता, देशभक्ति और लोगों की पीड़ा के प्रति संवेदनशीलता अद्वितीय थी। मोदी ने कहा कि हर भारतवासी उन्हें आदर और कृतज्ञता के साथ नमन करता है।

