Dewas पहुंचे PCC चीफ जीतू पटवारी, साइकिल यात्रा के दौरान भाजपा सरकार पर साधा निशाना
संवाददाता: अकदस शेख
शिक्षा नीतियों को लेकर सरकार पर लगाए आरोप
Dewas : मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष जीतू पटवारी सोमवार को देवास पहुंचे। यहां उन्होंने साइकिल यात्रा में शामिल होकर प्रदेश और केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों पर जमकर निशाना साधा। पटवारी ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग करते हुए सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा कि देश और प्रदेश में शिक्षा हर बच्चे का अधिकार है और सरकार को सभी वर्गों के विद्यार्थियों के लिए बेहतर एवं समान शिक्षा व्यवस्था उपलब्ध करानी चाहिए।
KG से PG तक मुफ्त शिक्षा की मांग
साइकिल यात्रा के दौरान जीतू पटवारी ने कहा कि सरकार को बच्चों को KG से PG तक मुफ्त शिक्षा देने की व्यवस्था करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आर्थिक स्थिति किसी भी छात्र के भविष्य में बाधा नहीं बननी चाहिए और हर विद्यार्थी को समान अवसर मिलना चाहिए।
पटवारी ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से ही युवाओं का भविष्य मजबूत हो सकता है। उन्होंने सरकार से शिक्षा क्षेत्र में अधिक निवेश करने और सरकारी संस्थानों को मजबूत बनाने की मांग की।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की भी मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान शिक्षा व्यवस्था में लगातार गिरावट आ रही है और छात्रों को बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
पटवारी ने कहा कि शिक्षा क्षेत्र में सुधार की जरूरत है, लेकिन सरकार इस दिशा में प्रभावी कदम उठाने के बजाय अन्य मुद्दों पर ध्यान दे रही है।
शिक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार का लगाया आरोप
पटवारी ने आरोप लगाया कि वर्तमान शिक्षा व्यवस्था में सुधार के बजाय भ्रष्टाचार हावी हो गया है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य शिक्षा को मजबूत करना होना चाहिए, लेकिन मौजूदा स्थिति में व्यवस्थाओं में पारदर्शिता की कमी दिखाई दे रही है।
उन्होंने छात्रों, युवाओं और अभिभावकों से अपील की कि वे शिक्षा के अधिकार और बेहतर शैक्षणिक सुविधाओं के लिए अपनी आवाज उठाएं।
साइकिल यात्रा में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल
देवास में आयोजित साइकिल यात्रा के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों की बड़ी संख्या मौजूद रही। यात्रा के माध्यम से कांग्रेस ने शिक्षा, रोजगार और जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।
कार्यकर्ताओं ने सरकार से युवाओं और छात्रों के हित में नीतियां बनाने की मांग की।
शिक्षा और रोजगार के मुद्दों को लेकर कांग्रेस का अभियान
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शिक्षा और रोजगार युवाओं के भविष्य से जुड़े सबसे महत्वपूर्ण मुद्दे हैं। पार्टी का मानना है कि मजबूत और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व्यवस्था के बिना युवाओं को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना मुश्किल है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मौजूदा व्यवस्था में छात्रों और युवाओं को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, जिनके समाधान के लिए सरकार को ठोस कदम उठाने चाहिए।
पार्टी का कहना है कि अच्छी शिक्षा से न केवल रोजगार के अवसर बढ़ते हैं, बल्कि समाज और प्रदेश के विकास को भी नई दिशा मिलती है। युवाओं को बेहतर सुविधाएं, आधुनिक शिक्षा प्रणाली और रोजगार के पर्याप्त अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।
साइकिल यात्रा के माध्यम से कांग्रेस ने शिक्षा, रोजगार और जनहित से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच पहुंचाने का प्रयास किया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य लोगों की समस्याओं को सामने लाना और सरकार से जवाब मांगना है।
कांग्रेस नेताओं ने संकेत दिए कि आने वाले समय में भी जनहित के मुद्दों को लेकर ऐसे अभियान जारी रहेंगे।
राजनीतिक माहौल में तेज हुई बयानबाजी
जीतू पटवारी के देवास दौरे को प्रदेश की राजनीति में कांग्रेस के अभियान के रूप में देखा जा रहा है। साइकिल यात्रा के माध्यम से कांग्रेस ने शिक्षा, रोजगार और युवाओं से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाने की कोशिश की है। पार्टी का कहना है कि प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और छात्रों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की जरूरत है।
पटवारी ने अपने संबोधन में सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए शिक्षा के क्षेत्र में सुधार, पारदर्शिता और समान अवसरों की मांग की। उन्होंने युवाओं और विद्यार्थियों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार पर दबाव बनाने का प्रयास किया।
कांग्रेस आने वाले समय में भी जनहित से जुड़े मुद्दों को लेकर आंदोलन और जनसंपर्क अभियान जारी रखने की तैयारी में है। पार्टी नेताओं का कहना है कि शिक्षा और रोजगार जैसे विषय सीधे तौर पर युवाओं के भविष्य से जुड़े हैं, इसलिए इन पर गंभीर चर्चा जरूरी है।
वहीं, जीतू पटवारी के आरोपों पर प्रदेश सरकार की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
