Khajuraho Cabinet Meet 2025: खजुराहो में मध्य प्रदेश सरकार का महामंथन शुरू, मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सभी विभागों के कामकाज की की विस्तृत समीक्षा | CM Mohan Yadav News | Khajuraho Meeting
मध्य प्रदेश के विकास को नई रफ्तार देने और प्रशासनिक तंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से खजुराहो में आयोजित मुख्यमंत्री मोहन यादव की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक पूरे प्रदेश का ध्यान अपनी ओर खींच रही है। विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी खजुराहो (Khajuraho Meeting 2025) इन दिनों प्रदेश सरकार के ‘महामंथन केंद्र’ के रूप में बदल गई है, जहां से आने वाले वर्षों के विकास का खाका तैयार किया जा रहा है।
इस विशेष बैठक का नेतृत्व स्वयं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव (CM Mohan Yadav) कर रहे हैं। उनकी अगुवाई में मंत्रिमंडल के सदस्यों, मुख्य सचिव, विभिन्न विभागों के ACS/PS और जिला अधिकारियों ने विभागवार प्रस्तुतियां दीं। बैठक का उद्देश्य है—
“प्रभावी शासन, त्वरित क्रियान्वयन और जनता तक योजनाओं का समयबद्ध लाभ पहुंचाना।”
CM Mohan Yadav ने सभी विभागों का लिया रिपोर्ट कार्ड – क्या रहा फोकस?
खजुराहो में हुई इस मैराथन मीटिंग का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा विभिन्न विभागों की कार्य प्रगति का रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुतिकरण रहा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि:
- हर योजना का क्रियान्वयन जमीन पर दिखाई दे
- गुणवत्ता और समयसीमा में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी
- विभागों के बीच समन्वय बढ़ाया जाए
- नागरिक सेवाओं में तकनीक और पारदर्शिता पर ज़ोर दिया जाए
खासकर वे विभाग जिनका सीधा संबंध जनता से है—
इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार, कृषि एवं ग्रामीण विकास—इनकी गहन समीक्षा की गई।
CM मोहन यादव ने बैठक में कहा कि आने वाले वर्षों में मध्य प्रदेश को “तेजी से प्रगति करने वाले राज्यों की श्रेणी में शीर्ष स्थान पर लाना” सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने अफसरों को चेतावनी देते हुए कहा कि योजनाओं में देरी होने पर जिम्मेदारी तय होगी।
खजुराहो को बैठक स्थल चुनने का बड़ा संदेश | Khajuraho Cabinet Meeting Importance
खजुराहो, जो विश्व स्तर पर अपनी विरासत कला, मंदिरों और पर्यटन के लिए प्रसिद्ध है, को इस बैठक के लिए चुनना सरकार की रणनीति का हिस्सा है। इससे दो बड़े संदेश जाते हैं:
1. पर्यटन विकास सरकार की प्राथमिकता
CM ने खजुराहो में अधिकारियों से कहा कि राज्य का पर्यटन मध्य प्रदेश की अर्थव्यवस्था के प्रमुख स्तंभों में से एक बन सकता है। इसलिए
- पर्यटन अवसंरचना
- अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी
- बेहतर आवागमन
- होटल व हॉस्पिटैलिटी सेक्टर
पर विशेष योजनाओं की आवश्यकता है।
2. बुंदेलखंड क्षेत्र पर विशेष ध्यान
बुंदेलखंड लंबे समय से उपेक्षित माना जाता रहा है। खजुराहो को प्रशासनिक गतिविधियों का केंद्र बनाने से इस क्षेत्र को भी प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
इससे स्थानीय प्रशासन सक्रिय होता है और सरकार का फोकस यहां की समस्याओं पर केंद्रित रहता है।
CM Mohan Yadav Vision 2025: ‘आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश’ की दिशा में मजबूत कदम
सूत्रों के अनुसार, इस बैठक में लोकसभा चुनाव 2024 के बाद की रणनीति और MP Vision Document 2025 पर भी गंभीर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री का लक्ष्य स्पष्ट है—
“आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश — कृषि, उद्योग, सेवा और पर्यटन—ये चारों सेक्टर राज्य की रीढ़ बनेंगे।”
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि:
- कृषि में आधुनिक तकनीक, MSP और फसल विविधीकरण को बढ़ावा दें
- उद्योग के लिए निवेश-हितैषी माहौल तैयार किया जाए
- युवाओं के लिए रोजगार और स्टार्टअप इकोसिस्टम मजबूत किया जाए
- शहरी सेवाएँ स्मार्ट टेक्नोलॉजी आधारित हों
- ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएँ तेज़ी से सुधारी जाएँ
उन्होंने कहा कि योजनाओं को “जमीन पर लागू करने की गति ही सरकार की असली पहचान है।”
विभागीय प्रस्तुतियों में क्या रहा खास? | Departments Review Highlights
बैठक में निम्न विभागों ने अपना रोडमैप प्रस्तुत किया:
1. पीडब्ल्यूडी एवं इंफ्रास्ट्रक्चर विभाग
- राष्ट्रीय और राज्य सड़कों का विस्तार
- ग्रामीण सड़कों की मरम्मत
- पुल-पुलियों के निर्माण की समयसीमा तय
CM ने स्पष्ट कहा—रोड क्वालिटी पर जीरो टॉलरेंस।
2. स्वास्थ्य विभाग
- नए मेडिकल कॉलेज
- स्वास्थ्य कर्मचारियों की कमी दूर करना
- टेलीमेडिसिन सेवाओं का विस्तार
- ज़िलों में ICU और ट्रॉमा सेंटर अपडेट
3. शिक्षा विभाग
- सरकारी स्कूलों में गुणवत्ता
- NEP 2020 का प्रभावी क्रियान्वयन
- उच्च शिक्षा में कौशल-आधारित कोर्स
4. पर्यटन विभाग
- खजुराहो, पचमढ़ी, बांधवगढ़, ओरछा के लिए विशेष मास्टर प्लान
- अंतरराष्ट्रीय मार्केटिंग
- हेरिटेज मैनेजमेंट
5. उद्योग और MSME विभाग
- नए औद्योगिक क्षेत्रों का विकास
- Ease of Doing Business में सुधार
- युवाओं के लिए रोजगार कार्यक्रम
खजुराहो चिंतन बैठक: भविष्य के बड़े फैसलों की नींव
मध्य प्रदेश सरकार समय-समय पर पचमढ़ी, मांडू और खजुराहो में ऐसी चिंतन बैठकों का आयोजन करती रही है। परंतु यह बैठक कई कारणों से खास है—
- CM मोहन यादव के नेतृत्व में पहली विस्तृत ‘ऑन-ग्राउंड कैबिनेट एक्टिविटी’
- सभी विभागों की कार्ययोजना का बड़े पैमाने पर मूल्यांकन
- अगले 5 साल की विकास रूपरेखा तैयार
- लोकसभा चुनाव बाद प्रशासनिक प्राथमिकताओं का पुनर्गठन
- बुंदेलखंड में बड़े विकास कार्यों की घोषणा की संभावनाएं
इस बैठक से निकलने वाले निर्णय आने वाले महीनों में प्रदेश की नीतियों और विकास योजनाओं में दिखाई देंगे।
CM Mohan Yadav का संदेश: “मध्य प्रदेश प्रगति की नई ऊँचाइयों पर पहुंचेगा”
खजुराहो बैठक के समापन पर मुख्यमंत्री ने कहा—
“मध्य प्रदेश विकास की नई छलांग लेने को तैयार है। हमारी प्राथमिकता जनता को समय पर, सही और प्रभावी सेवाएँ उपलब्ध कराना है। हर विभाग को मिशन मोड में काम करना होगा।”
उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि वे टीम भावना से काम करें और “लोगों के जीवन में बदलाव लाने वाली प्रशासनिक संस्कृति” विकसित करें।

