Indore United Round Table 268 द्वारा शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बिचौली मर्दाना में 4 नवीन कक्षाओं के भवन का भव्य लोकार्पण
इंदौर, 30 जून। शिक्षा के क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और वंचित वर्ग के बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के तहत United Round Table 268 द्वारा इंदौर स्थित Round Table India की प्रमुख सामाजिक पहल “फ्रीडम थ्रू एजुकेशन (FTE)” परियोजना के अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बिचौली मर्दाना में चार नवीन कक्षाओं के भवन का लोकार्पण गरिमामय समारोह में संपन्न हुआ। यह कार्यक्रम शिक्षा, समाजसेवा और सामुदायिक सहयोग की भावना का सशक्त उदाहरण बनकर सामने आया।
कार्यक्रम का आयोजन जिस विद्यालय परिसर में किया गया, वह Government Higher Secondary School, Bicholi Mardana के रूप में क्षेत्र में जाना जाता है। लंबे समय से इस विद्यालय में अतिरिक्त कक्षाओं की आवश्यकता महसूस की जा रही थी, ताकि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए पर्याप्त स्थान और बेहतर वातावरण मिल सके। इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए राउंड टेबल इंडिया के सदस्यों ने इस परियोजना को पूर्ण किया।
शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूती देने की दिशा में पहल
लोकार्पण किए गए नए कक्षाओं के भवन का उद्देश्य केवल ईंट और सीमेंट की संरचना तैयार करना नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के भविष्य को एक मजबूत आधार देना भी है। राउंड टेबल इंडिया की “फ्रीडम थ्रू एजुकेशन (FTE)” परियोजना वर्षों से देशभर में शिक्षा के क्षेत्र में कार्य कर रही है। इस पहल के माध्यम से स्कूलों में नए कक्षाओं का निर्माण, पुराने भवनों का नवीनीकरण और बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जाता है।
अब तक इस अभियान के तहत हजारों कक्षाओं का निर्माण किया जा चुका है, जिससे लाखों बच्चों को लाभ मिला है। इंदौर यूनाइटेड राउंड टेबल 268 ने भी इस दिशा में निरंतर योगदान दिया है और यह नवीन परियोजना उसी श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
भव्य लोकार्पण समारोह और उपस्थित गणमान्य अतिथि
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कई गणमान्य अतिथि, सामाजिक कार्यकर्ता और संगठन के सदस्य उपस्थित रहे। समारोह के मुख्य अतिथि एरिया चेयरमैन ट्र. उमंग अग्रवाल एवं श्रीमती पुष्पा गोयल रहे। उनके साथ एरिया ऑनरेरी ट्र. अभिनव जैन, राउंड टेबल इंडिया के सदस्य, लेडीज़ सर्कल इंडिया, 41 क्लब इंडिया, स्क्वेयर लेग क्लब के प्रतिनिधि, विद्यालय परिवार के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में इस प्रकार के प्रयास समाज को नई दिशा देने का कार्य करते हैं। विशेष रूप से ग्रामीण और शासकीय विद्यालयों में ऐसी सुविधाएं बच्चों की सीखने की क्षमता को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
भवन निर्माण और परियोजना का उद्देश्य
इस परियोजना के अंतर्गत निर्मित चार कक्षाएं आधुनिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई हैं। इनमें पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, बेहतर वेंटिलेशन और बैठने की उचित सुविधा सुनिश्चित की गई है। इसका उद्देश्य छात्रों को एक ऐसा वातावरण प्रदान करना है, जहां वे बिना किसी बाधा के अध्ययन कर सकें।
Round Table India द्वारा संचालित यह अभियान केवल निर्माण कार्य तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य शिक्षा के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन लाना भी है। संगठन का मानना है कि शिक्षा ही वह माध्यम है जो किसी भी राष्ट्र के भविष्य को मजबूत बना सकती है।
माताओं को समर्पित विशेष पहल
इस बार निर्मित चार कक्षाओं के भवन को इंदौर यूनाइटेड राउंड टेबल 268 के सभी सदस्यों की माताओं को समर्पित किया गया। यह निर्णय भावनात्मक और प्रेरणादायक दोनों ही दृष्टियों से महत्वपूर्ण माना गया। इस समर्पण के माध्यम से मातृत्व के त्याग, प्रेम और संस्कारों को सम्मान दिया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि हर सफल व्यक्ति के पीछे उसकी मां का योगदान होता है। इसी भावना को सम्मानित करते हुए यह समर्पण किया गया है, जो आने वाली पीढ़ियों को भी प्रेरित करेगा।
वक्ताओं के विचार और प्रेरणादायक संदेश
समारोह के दौरान मुख्य अतिथि डॉ. दिव्यांशु गोयल ने कहा कि शिक्षा किसी भी राष्ट्र के विकास की सबसे मजबूत नींव होती है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक कक्षा केवल एक भौतिक स्थान नहीं होती, बल्कि वह बच्चों के सपनों को उड़ान देने का माध्यम होती है।
उन्होंने यह भी कहा कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए इस तरह के प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं। जब समाज के लोग मिलकर शिक्षा के लिए योगदान देते हैं, तो उसका प्रभाव आने वाली कई पीढ़ियों पर पड़ता है।
अन्य अतिथियों ने भी अपने विचार रखते हुए कहा कि राउंड टेबल इंडिया जैसी संस्थाएं समाज में सेवा भावना और जिम्मेदारी का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करती हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सरकारी विद्यालयों को ऐसे सहयोग की निरंतर आवश्यकता है, जिससे शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हो सके।
संगठन की कार्यकारिणी और योगदान
यह पूरी परियोजना वर्ष 2025–26 की कार्यकारिणी के नेतृत्व में संपन्न हुई, जिसमें चेयरमैन डॉ. दिव्यांशु गोयल, सेक्रेटरी ट्र. वैभव नागर, ट्रेज़रर ट्र. राही बिंदल, वाइस चेयरमैन ट्र. सिद्धार्थ अग्रवाल एवं इमीडिएट पास्ट चेयरमैन ट्र. शुभम खंडेलवाल शामिल रहे।
इन सभी सदस्यों ने सामूहिक रूप से प्रयास करते हुए इस परियोजना को समय पर पूर्ण किया। उनके नेतृत्व में न केवल निर्माण कार्य सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, बल्कि स्थानीय समुदाय के साथ समन्वय भी बेहतर तरीके से स्थापित किया गया।
समाज और शिक्षा पर प्रभाव
इस प्रकार की परियोजनाएं केवल स्कूल भवनों के निर्माण तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि वे समाज में शिक्षा के प्रति जागरूकता भी बढ़ाती हैं। जब बच्चों को बेहतर कक्षाएं और सुविधाएं मिलती हैं, तो उनकी उपस्थिति, सीखने की क्षमता और आत्मविश्वास में भी सुधार होता है।
स्थानीय नागरिकों ने भी इस पहल का स्वागत किया और कहा कि इस तरह के प्रयासों से क्षेत्र के बच्चों को बड़े स्तर पर लाभ मिलेगा। अभिभावकों ने उम्मीद जताई कि अब उनके बच्चों को बेहतर माहौल में शिक्षा प्राप्त होगी।
निष्कर्ष
लोकार्पण समारोह के अंत में सभी अतिथियों ने संयुक्त रूप से इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में इस तरह के योगदान समाज को मजबूत बनाने का कार्य करते हैं।
United Round Table 268 और Round Table India द्वारा किया गया यह प्रयास न केवल इंदौर के लिए, बल्कि पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणास्रोत है। यह परियोजना दर्शाती है कि जब समाज, संगठन और शिक्षा क्षेत्र एक साथ आते हैं, तो बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखी जा सकती है।
यह भवन आने वाले वर्षों में सैकड़ों छात्रों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने की क्षमता रखता है और यह सुनिश्चित करता है कि शिक्षा केवल सुविधा नहीं, बल्कि हर बच्चे का अधिकार है।
