धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ के अवसर पर जबलपुर में भव्य शोभायात्रा एवं 8 दिवसीय समयसार महामंडल विधान का शुभारंभ श्रद्धा के साथ हुआ।
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ : भक्ति, श्रद्धा और साधना का दिव्य संगम
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ के पावन अवसर पर जबलपुर की संस्कारधानी एक बार फिर धर्ममय वातावरण से सराबोर हो उठी। श्री महावीर स्वामी मार्ग, गोलबाजार स्थित श्री महावीर स्वामी दिगम्बर जिन मंदिर “धर्मातयन” की प्रथम वर्षगाँठ पर रविवार को भव्य शोभायात्रा के साथ मंगल विधान का शुभारंभ हुआ।
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ पर निकली भव्य शोभायात्रा
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ के अवसर पर निकली शोभायात्रा श्रद्धा, भक्ति और जिनवाणी के जयघोषों से गूंजती हुई पूरे क्षेत्र में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार कर गई। शोभायात्रा में बड़ी संख्या में जैन समाज के श्रद्धालु शामिल हुए।
श्रद्धालु पारंपरिक वेशभूषा में, हाथों में ध्वज और जिनेंद्र भगवान की स्तुति करते हुए चल रहे थे। पूरा वातावरण धर्ममय हो गया।
समयसार महामंडल विधान का भव्य शुभारंभ
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ पर 1 फरवरी से 8 फरवरी 2026 तक श्री समयसार महामंडल विधान का भव्य आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर पंडित राजेंद्र जैन, मंडल अध्यक्ष अशोक जैन एवं पयालवाला परिवार द्वारा मंगल मंत्रों के साथ जिनशासन ध्वजारोहण किया गया।
यह 8 दिवसीय अनुष्ठान आत्मशुद्धि, आत्मचिंतन और मोक्षमार्ग की ओर अग्रसर होने का श्रेष्ठ माध्यम माना जाता है।
विद्वानों का सानिध्य बना आयोजन को विशेष
इस महामंडल विधान के संपादन हेतु नागपुर से पंडित विपिन शास्त्री, भोपाल से अनिल धवल, पंडित राजेंद्र जैन, डॉ. मनोज जैन, ब्र. श्रेणिक जैन सहित स्थानीय विद्वानों का मंगल सानिध्य प्राप्त हो रहा है।
विद्वानों की उपस्थिति से धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ का यह आयोजन और भी प्रभावशाली बन गया है।
सामाजिक संगठनों का संयुक्त प्रयास
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ को सफल बनाने के लिए
-
श्री वीतराग विज्ञान मंडल
-
जैन युवा फेडरेशन
-
त्रिशला महिला मंडल
के पदाधिकारियों एवं सदस्यों द्वारा विगत कई महीनों से सतत प्रयास किए गए।
जैन युवा फेडरेशन का संदेश
जैन युवा फेडरेशन के धर्मप्रचारक नितिन जैन ने बताया कि धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ का यह महामंडल विधान श्रद्धा, भक्ति और आत्मकल्याण का दुर्लभ अवसर है।
फेडरेशन अध्यक्ष अभिषेक जैन ने कहा कि यह आयोजन समाज में संस्कार, धर्म और नैतिक मूल्यों को सुदृढ़ करेगा।
समाज के लिए आध्यात्मिक महत्व
धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि और जीवन को सही दिशा देने का प्रेरणास्रोत है। समयसार जैसे महान ग्रंथ पर आधारित यह विधान जैन दर्शन की गहराई को समझने का अवसर प्रदान करता है।
श्रद्धालुओं से विशेष आग्रह
श्री वीतराग विज्ञान मंडल एवं जैन युवा फेडरेशन ने संस्कारधानी के सभी जैन स्वाध्यायियों एवं श्रद्धालुओं से आग्रह किया है कि वे धर्मातयन मंदिर प्रथम वर्षगाँठ के इस पुण्य अवसर का अधिक से अधिक लाभ लें।
सादर
नितिन जैन
धर्मप्रचारक
जैन युवा फेडरेशन

