—Advertisement—

Bhopal में ‘195 मिनट’: राहुल गांधी और खड़गे की अगुवाई में इंडो-यूएस ट्रेड डील के विरोध में किसान महाचौपाल

Author Picture
Published On: 24 February 2026
bhopal
— Bhopal में ‘195 मिनट’ का किसान महाचौपाल: राहुल गांधी और खड़गे की अगुवाई में इंडो-यूएस ट्रेड डील के खिलाफ किसानों की आवाज़ उठी

—Advertisement—

Bhopal में ‘195 मिनट’: राहुल गांधी और खड़गे की अगुवाई में इंडो-यूएस ट्रेड डील के विरोध में किसान महाचौपाल

Bhopal , मध्य प्रदेश की राजधानी, मंगलवार 24 फरवरी, 2026 को राजनीतिक और किसान संगठनों के लिए एक महत्वपूर्ण दिवस के रूप में सामने आ रहा है। इस दिन कांग्रेस पार्टी द्वारा इंडो-यूएस ट्रेड डील के विरोध में भव्य किसान महाचौपाल का आयोजन किया जा रहा है। इस महाचौपाल में पार्टी के शीर्ष नेता और लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तथा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे शामिल होंगे।

Bhopal राहुल गांधी का आगमन और कार्यक्रम का समय

Bhopal राहुल गांधी मंगलवार को दोपहर 1 बजे भोपाल पहुंचने की संभावना है। उनके आगमन से पहले, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एक घंटे पहले यानी दोपहर 12 बजे शहर में पहुंचेंगे। खड़गे का आगमन निजी होटल में होगा, जहां वे लगभग 1.5 घंटे के लिए विश्राम करेंगे। इसके बाद वह जवाहर चौक स्थित अटल पथ पर आयोजित किसान महाचौपाल में शामिल होंगे।

कांग्रेस के नेताओं के अनुसार, यह महाचौपाल करीब 195 मिनट तक चलेगा, जिसमें विभिन्न नेताओं के भाषण, किसान प्रतिनिधियों से संवाद और आंदोलन की रणनीतियों पर चर्चा शामिल होगी।

मंच और प्रमुख उपस्थित

इस महाचौपाल के मंच पर पार्टी के शीर्ष नेताओं की मौजूदगी सुनिश्चित की गई है। प्रमुख नेताओं में शामिल हैं:

  • राहुल गांधी – लोकसभा नेता प्रतिपक्ष
  • मल्लिकार्जुन खड़गे – कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष
  • जयराम रमेश, पवन खेड़ा, हरीश चौधरी, जीतु पटवारी, उमंग सिंघार
  • सभी कांग्रेसी विधायक और राज्यसभा सांसद
  • कांग्रेस पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी के मेंबर
  • प्रदेश के सभी 71 जिला अध्यक्ष

पार्टी सूत्रों के अनुसार मंच पर लगभग 250 नेताओं के बैठने की व्यवस्था की गई है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि कार्यक्रम सुचारु रूप से चले, प्रशासन के सहयोग से मंच और स्थल की सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है।

दो विशाल डोम और आयोजनों की रूपरेखा

कांग्रेस पार्टी ने इस महाचौपाल के आयोजन के लिए दो बड़े डोम तैयार किए हैं। एक डोम मुख्य मंच के लिए और दूसरा मीडिया तथा आम दर्शकों के लिए बनाया गया है। मंच पर बैठने और कार्यक्रम को व्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए प्रशासन और पार्टी के स्वयंसेवकों ने समन्वय किया है।

महाचौपाल में लगभग 50,000 किसान और कार्यकर्ताओं के आने की संभावना है। प्रदेश भर से किसान प्रतिनिधि और स्थानीय कार्यकर्ता इस सभा में शामिल होंगे। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों की समस्याओं को सरकार के समक्ष लाना, इंडो-यूएस ट्रेड डील के संभावित नकारात्मक प्रभावों पर चर्चा करना और किसान हितों के लिए पार्टी की प्रतिबद्धता दिखाना है।

किसान महाचौपाल का उद्देश्य

इस महाचौपाल का मुख्य उद्देश्य किसानों के मुद्दों को बड़े पैमाने पर उजागर करना है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इंडो-यूएस ट्रेड डील से भारतीय किसानों के हितों को खतरा हो सकता है। इसके तहत विदेशी कृषि उत्पादों और व्यापारिक नीतियों के कारण स्थानीय किसानों को नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।

कांग्रेस पार्टी ने इस महाचौपाल के माध्यम से सरकार पर दबाव बनाने की योजना बनाई है। मंच से किसान प्रतिनिधियों के अनुभव और कठिनाइयों को सीधे तौर पर जनता और प्रशासन के सामने प्रस्तुत किया जाएगा।

नेताओं के भाषण और संवाद

राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे इस महाचौपाल में किसानों को संबोधित करेंगे। उनके भाषण में शामिल होंगे:

  • इंडो-यूएस ट्रेड डील के संभावित प्रभावों का विवरण
  • किसानों की आर्थिक सुरक्षा और स्थानीय बाजारों की रक्षा
  • राज्य और केंद्र सरकारों से अपेक्षित कदम और नीतिगत सुधार
  • किसानों और कार्यकर्ताओं को आंदोलन में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना

साथ ही मंच पर अन्य वरिष्ठ नेता जैसे जयराम रमेश और पवन खेड़ा भी किसानों के सवालों का जवाब देंगे और उनके मुद्दों को पार्टी की नीतियों के संदर्भ में स्पष्ट करेंगे।

आयोजन की सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारी

महाचौपाल के आयोजन के लिए प्रशासन ने पूरी तैयारी की है। स्थल की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और यातायात नियंत्रण के लिए पुलिस और स्थानीय अधिकारियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत मेडिकल टीम, अग्निशमन वाहन और आपातकालीन सेवाओं का भी इंतजाम किया गया है।

पार्टी नेताओं ने स्वयंसेवकों के माध्यम से कार्यक्रम स्थल पर आने वाले सभी किसानों और कार्यकर्ताओं को मार्गदर्शन और सहायता उपलब्ध कराने की योजना बनाई है।

सामाजिक और राजनीतिक महत्व

Bhopal में आयोजित यह किसान महाचौपाल न केवल किसानों के हितों की रक्षा की दिशा में एक राजनीतिक पहल है, बल्कि यह कांग्रेस पार्टी की सक्रिय भूमिका और किसानों के साथ संवाद की प्रतिबद्धता को भी प्रदर्शित करता है। महाचौपाल के माध्यम से पार्टी अपने किसान वोट बैंक और आम जनता के बीच अपनी नीतियों और विचारधारा को मजबूती से प्रस्तुत कर रही है।

कांग्रेस नेताओं के अनुसार, इस महाचौपाल के बाद राज्य और केंद्र सरकार पर दबाव बढ़ेगा कि वे किसानों की समस्याओं का समाधान करें और किसी भी अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते में स्थानीय किसानों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करें।

निष्कर्ष

Bhopal में आयोजित होने वाला यह किसान महाचौपाल कांग्रेस पार्टी और किसानों दोनों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। 24 फरवरी को होने वाला यह आयोजन, जिसमें राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे की उपस्थिति होगी, किसानों के हितों को आगे लाने और इंडो-यूएस ट्रेड डील के विरोध को एक संगठित रूप देने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा।

इस महाचौपाल में शामिल लगभग 50,000 किसानों और कार्यकर्ताओं की भागीदारी इसे मध्य प्रदेश में इस साल का सबसे बड़ा किसान आंदोलन और राजनीतिक संवाद बना देगी। मंच पर मौजूद पार्टी के वरिष्ठ नेता और जिला अध्यक्ष भी किसानों की आवाज को सीधे तौर पर प्रशासन और जनता तक पहुँचाने का कार्य करेंगे।

 

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp