रामकथा के दौरान महिलाओं की चेन काटने वाली गैंग का सदस्य करंट से मरा — इंदौर में पुलिस मुठभेड़ जैसी स्थिति
इंदौर/शामली, 6 अक्टूबर 2025:
उत्तर प्रदेश के शामली जिले में आयोजित एक रामकथा कार्यक्रम के दौरान महिलाओं की चेन काटने वाली गैंग के खिलाफ चल रही पुलिस कार्रवाई के दौरान एक चौंकाने वाला मोड़ आया। इस गिरोह के एक आरोपी की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक की पहचान अरुण के रूप में हुई है, जो तमिलनाडु का रहने वाला था और दिल्ली स्थित एक बड़े चेन-स्नैचिंग गिरोह का सदस्य बताया जा रहा है।
घटना का सिलसिला
शामली पुलिस को जानकारी मिली थी कि रामकथा कार्यक्रम में सक्रिय चेन काटने वाली गैंग इंदौर की ओर भागी है। इसके बाद एक विशेष पुलिस टीम ने गिरोह का पीछा करते हुए मध्य प्रदेश तक पहुंचकर कार्रवाई की।
सोमवार को, शिप्रा थाना क्षेत्र के राउखेड़ी गांव के पास पुलिस ने दो संदिग्ध कारों को ओवरटेक कर रोकने का प्रयास किया। पुलिस की गाड़ियों को देखकर कार में सवार बदमाश घबरा गए। इसी दौरान आरोपी अरुण कार से उतरकर बायपास से लगे खेतों की ओर भाग निकला।
कैसे हुई मौत
भागते हुए अरुण खेतों में लगे खुले बिजली के तारों (फेंसिंग) में उलझ गया। बताया जा रहा है कि तारों में उस समय बिजली प्रवाहित हो रही थी, जिससे अरुण को तेज करंट लगा और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
पुलिस टीम ने जब खेत में पहुंचकर उसे बाहर निकाला, तब तक वह मृत हो चुका था।
गैंग का नेटवर्क
प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि यह गिरोह दिल्ली और उत्तर भारत के कई राज्यों में सक्रिय था। गिरोह की सदस्य महिलाएं भी थीं, जो धार्मिक आयोजनों और भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों में पहुंचकर महिलाओं की सोने की चेन, मंगलसूत्र और पर्स चोरी करती थीं।
मृतक अरुण को इस गैंग का मुख्य सहयोगी माना जा रहा है, जो चोरी के बाद लूट का माल लेकर फरार होने में मदद करता था।
पुलिस की कार्रवाई
घटना के बाद पुलिस ने मौके से तीन महिला संदिग्धों को हिरासत में लिया है। वहीं, एक अन्य आरोपी — कार चालक राजू — और कुछ महिला साथी अब भी फरार बताए जा रहे हैं।
शामली पुलिस ने इंदौर पुलिस के सहयोग से मामले की जांच और फरार आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।
पोस्टमॉर्टम और आगे की कार्रवाई
मृतक का शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। मेडिकल जांच के बाद शव उसके परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस ने इस संबंध में मृत्यु की मर्ग रिपोर्ट दर्ज कर ली है और पूरे गिरोह के नेटवर्क को ट्रेस करने के लिए दिल्ली और तमिलनाडु पुलिस से संपर्क साधा जा रहा है।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत और हैरानी का माहौल है। लोगों का कहना है कि खेतों में खुले बिजली के तार पहले से लगे हुए थे, जिनकी सूचना बिजली विभाग को कई बार दी गई थी, लेकिन लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ।
वहीं, पुलिस का कहना है कि आरोपी भागते समय खुद अनजाने में करंट की चपेट में आ गया, इसलिए यह दुर्घटनावश मृत्यु का मामला है।
मुख्य बिंदु एक नजर में
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घटना: महिलाओं की चेन काटने वाले गिरोह का सदस्य करंट लगने से मरा
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स्थान: राउखेड़ी गांव, शिप्रा थाना क्षेत्र (इंदौर)
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मृतक: अरुण, निवासी तमिलनाडु
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गैंग का नेटवर्क: दिल्ली सहित कई राज्यों में सक्रिय
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कार्रवाई: 3 महिला संदिग्ध हिरासत में, अन्य फरार
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पुलिस जांच: शामली पुलिस और इंदौर पुलिस की संयुक्त टीम सक्रिय
पुलिस का बयान
शामली पुलिस अधीक्षक ने बताया —
“गैंग की तलाश में हमारी टीम उत्तर प्रदेश से इंदौर तक पहुंची थी। कार में सवार बदमाशों को रोकने के दौरान एक आरोपी खेत की ओर भागा और बिजली के तार की चपेट में आ गया। यह घटना पुलिस मुठभेड़ नहीं, बल्कि आकस्मिक दुर्घटना है।”
