भोपाल नगर निगम में अधिकारियों के बीच विवाद, HO समुंदर शर्मा को AHO बलवीर मलिक ने कथित तौर पर दी धमकी; वीडियो वायरल
निगम मुख्यालय में बैठक के बाद बढ़ी कहासुनी; जूता मारने की कोशिश का आरोप, मौके पर मौजूद अन्य अधिकारियों ने कराया बीच-बचाव
भोपाल। भोपाल नगर निगम में दो अधिकारियों के बीच हुए विवाद का मामला सामने आया है। नगर निगम मुख्यालय में आयोजित एक बैठक के बाद जोन-9 नरेला विधानसभा क्षेत्र से जुड़े HO (हेल्थ ऑफिसर) समुंदर शर्मा और AHO (असिस्टेंट हेल्थ ऑफिसर) बलवीर मलिक के बीच कथित रूप से तीखी बहस हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों अधिकारियों के बीच जमकर कहासुनी होने लगी। इस घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद मामला चर्चा में आ गया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, विवाद के दौरान AHO बलवीर मलिक पर अपने वरिष्ठ अधिकारी HO समुंदर शर्मा को धमकी देने और जूता मारने की कोशिश करने का आरोप लगाया गया है। मौके पर मौजूद अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाला। हालांकि विवाद की शुरुआत किन परिस्थितियों में हुई और दोनों अधिकारियों के बीच किस मुद्दे को लेकर मतभेद था, इसकी पूरी आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
निगम मुख्यालय में बैठक के बाद हुआ विवाद
जानकारी के मुताबिक भोपाल नगर निगम मुख्यालय में अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई थी। बैठक समाप्त होने के बाद HO समुंदर शर्मा और AHO बलवीर मलिक के बीच किसी बात को लेकर बहस शुरू हो गई।
शुरुआत में दोनों के बीच बातचीत और आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला, लेकिन कुछ ही समय में मामला तीखी कहासुनी में बदल गया। वहां मौजूद अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी दोनों के बीच बढ़ते विवाद को देखकर बीच-बचाव के लिए आगे आए।
घटनाक्रम का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद नगर निगम की आंतरिक कार्यप्रणाली और अधिकारियों के बीच अनुशासन को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
AHO पर वरिष्ठ अधिकारी को धमकाने का आरोप
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि विवाद के दौरान AHO बलवीर मलिक ने HO समुंदर शर्मा के साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया और उन्हें धमकी दी।
दोनों अधिकारियों के बीच बातचीत धीरे-धीरे तीखी होती चली गई। आरोप है कि इसी दौरान AHO ने अपना जूता निकालकर HO की ओर बढ़ने या मारने का प्रयास किया। मौके पर मौजूद अन्य अधिकारियों ने तत्काल हस्तक्षेप किया और उन्हें रोक लिया।
घटना के दौरान मौजूद कर्मचारियों ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की, जिसके बाद मामला तत्काल और अधिक बढ़ने से रुक गया।
हालांकि घटना को लेकर दोनों अधिकारियों के विस्तृत आधिकारिक बयान सामने आने के बाद ही विवाद की पूरी परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी।
जूता मारने की कोशिश का वीडियो चर्चा में
इस विवाद का वीडियो सामने आने के बाद मामला नगर निगम परिसर से निकलकर सोशल मीडिया तक पहुंच गया है। वीडियो में अधिकारियों के बीच तीखी बहस की स्थिति दिखाई देने का दावा किया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर वीडियो प्रसारित होने के साथ लोग नगर निगम के अधिकारियों के व्यवहार को लेकर प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। किसी सरकारी कार्यालय में अधिकारियों के बीच इस तरह के विवाद ने प्रशासनिक अनुशासन को लेकर भी चर्चा छेड़ दी है।
हालांकि सोशल मीडिया पर वायरल किसी वीडियो के आधार पर पूरे घटनाक्रम के बारे में अंतिम निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। वीडियो से पहले और बाद में क्या हुआ तथा विवाद की वास्तविक वजह क्या थी, यह विभागीय जांच या दोनों पक्षों के आधिकारिक बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
जोन-9 से जुड़े बताए जा रहे दोनों अधिकारी
जानकारी के अनुसार विवाद में शामिल HO समुंदर शर्मा और AHO बलवीर मलिक भोपाल नगर निगम के जोन-9 नरेला विधानसभा क्षेत्र से जुड़े बताए जा रहे हैं।
नगर निगम की व्यवस्था में स्वास्थ्य अधिकारियों की जिम्मेदारी शहर में स्वच्छता, सफाई व्यवस्था और उससे संबंधित प्रशासनिक कार्यों की निगरानी से जुड़ी होती है। ऐसे में जिम्मेदार पदों पर कार्यरत अधिकारियों के बीच सार्वजनिक रूप से विवाद सामने आने से निगम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
यह भी जानना महत्वपूर्ण होगा कि दोनों अधिकारियों के बीच पहले से किसी प्रशासनिक विषय को लेकर मतभेद था या बैठक में हुई किसी चर्चा के बाद अचानक विवाद पैदा हुआ।
साथी अधिकारियों ने किया बीच-बचाव
बताया जा रहा है कि जब दोनों अधिकारियों के बीच विवाद बढ़ा तो वहां मौजूद अन्य AHO और कर्मचारियों ने तत्काल हस्तक्षेप किया। उन्होंने दोनों पक्षों को अलग करने और स्थिति शांत कराने की कोशिश की।
जूता मारने की कथित कोशिश के दौरान भी साथी अधिकारियों ने बलवीर मलिक को रोक लिया। समय रहते हस्तक्षेप होने के कारण विवाद और अधिक गंभीर रूप नहीं ले सका।
सरकारी कार्यालय में किसी भी तरह की असहमति को निर्धारित प्रशासनिक प्रक्रिया के माध्यम से हल किए जाने की अपेक्षा की जाती है। ऐसे में यह घटनाक्रम सामने आने के बाद अब इस बात पर नजर रहेगी कि नगर निगम प्रशासन मामले को लेकर क्या कदम उठाता है।
प्रशासनिक अनुशासन को लेकर उठे सवाल
भोपाल नगर निगम जैसे बड़े नगरीय निकाय में प्रतिदिन शहर की सफाई, स्वास्थ्य, निर्माण, जलापूर्ति और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाते हैं। ऐसे संस्थान में अधिकारियों के बीच कथित धमकी और मारपीट की कोशिश जैसी घटना सामने आना गंभीर प्रशासनिक मामला माना जा सकता है।
वायरल वीडियो के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या नगर निगम प्रशासन घटना की विभागीय जांच कराएगा और यदि किसी अधिकारी द्वारा अनुशासनहीनता पाई जाती है तो उसके खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी।
विभागीय जांच होने की स्थिति में बैठक में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों के बयान, उपलब्ध वीडियो तथा अन्य साक्ष्य महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
विवाद की असली वजह अभी स्पष्ट नहीं
फिलहाल उपलब्ध जानकारी में यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सका है कि HO समुंदर शर्मा और AHO बलवीर मलिक के बीच विवाद किस मुद्दे पर शुरू हुआ था। बैठक में किसी प्रशासनिक निर्णय, कामकाज अथवा अन्य विषय को लेकर असहमति थी या विवाद का कोई दूसरा कारण था, इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
इसलिए घटना को लेकर सोशल मीडिया पर चल रहे अलग-अलग दावों के बजाय नगर निगम प्रशासन की आधिकारिक जानकारी और संबंधित अधिकारियों के बयान का इंतजार करना महत्वपूर्ण होगा।
नगर निगम की कार्रवाई पर नजर
मामला सामने आने के बाद अब भोपाल नगर निगम प्रशासन की प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होगी। यदि वायरल वीडियो और घटनाक्रम की विभागीय स्तर पर जांच की जाती है तो उससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि विवाद के लिए कौन जिम्मेदार था और क्या किसी अधिकारी ने सेवा आचरण या प्रशासनिक अनुशासन का उल्लंघन किया।
फिलहाल सामने आई जानकारी के अनुसार नगर निगम मुख्यालय में बैठक के बाद HO समुंदर शर्मा और AHO बलवीर मलिक के बीच विवाद हुआ और बलवीर मलिक पर धमकी देने तथा जूता मारने की कोशिश करने का आरोप लगाया गया है। मामले की पूरी सच्चाई संबंधित पक्षों के बयान और आधिकारिक जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
