भोपाल-जबलपुर ग्रीनफील्ड हाइवे: 15,000 करोड़ की लागत से 255 KM लंबा हाईवे, अप्रैल-मई 2026 से शुरू होगा निर्माण
भोपाल से जबलपुर के बीच नया ग्रीनफील्ड हाइवे
भोपाल-जबलपुर ग्रीनफील्ड हाईवे मध्यप्रदेश की एक मेगा इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजना है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने 23 अगस्त 2025 को जबलपुर दौरे के दौरान इसकी घोषणा की। इस परियोजना की कुल लागत 15,000 करोड़ रुपये होगी और हाईवे की कुल लंबाई लगभग 255 किलोमीटर होगी।
यह हाईवे पूरी तरह से नए रूट (Greenfield Alignment) पर बनेगा, जिससे यात्रा का समय घटेगा और क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी।
परियोजना की प्रमुख विशेषताएँ
- लंबाई: 255 किलोमीटर
- लागत: लगभग 15,000 करोड़ रुपये
- स्थान: भोपाल से जबलपुर के बीच नया मार्ग
- डीपीआर (Detailed Project Report): दिसंबर 2025 तक तैयार
- निर्माण कार्य: अप्रैल-मई 2026 से भूमि अधिग्रहण व निर्माण प्रारंभ
ग्रीनफील्ड हाइवे क्या होता है?
ग्रीनफील्ड हाइवे उस सड़क को कहते हैं जो पूरी तरह से नए रूट पर बनाई जाती है। इसमें पहले कोई सड़क मौजूद नहीं होती और जमीन अधिग्रहण के बाद बिल्कुल आधुनिक मानकों के अनुसार चौड़ा व सीधा ट्रैक तैयार किया जाता है।
ग्रीनफील्ड हाइवे के फायदे
- यात्रा समय में भारी कमी
- बिना सिग्नल, रेलवे फाटक या क्रॉसिंग के निर्बाध यात्रा
- तेज़ और सुरक्षित सफर
- शहरों से दूर मार्ग, जिससे शहरी ट्रैफिक कम होगा
- व्यापार, लॉजिस्टिक्स और पर्यटन को बढ़ावा
हाईवे से होने वाले फायदे
भोपाल और जबलपुर के बीच यात्रा समय काफी कम हो जाएगा। वर्तमान मार्ग की तुलना में दूरी घटेगी और लॉजिस्टिक्स, भारी वाहन परिवहन और व्यापारिक गतिविधियाँ तेज़ होंगी।
यह प्रोजेक्ट पर्यटन को भी बढ़ावा देगा क्योंकि यह टाइगर कॉरिडोर और अन्य पर्यटन स्थलों से जुड़ेगा। स्थानीय अर्थव्यवस्था में नई संभावनाएँ पैदा होंगी।
स्थानीय लोगों की उम्मीदें और चिंताएँ
रायसेन जिले के बाड़ी, बरेली और उदयपुरा क्षेत्र के लोग इस प्रोजेक्ट से उत्साहित हैं। उनका मानना है कि हाइवे बनने से रोजगार और विकास के अवसर बढ़ेंगे।
हालांकि, पहले की बाड़ी-बरेली फोरलेन बायपास परियोजना में स्ट्रीट लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएँ शामिल नहीं की गई थीं, जिससे लोगों को दिक्कत हुई। इस बार स्थानीय विधायक और राज्य मंत्री नरेंद्र पटेल ने आश्वासन दिया है कि ऐसी गलतियाँ दोहराई नहीं जाएँगी और सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जाएगा।
राष्ट्रीय स्तर पर ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स
भारत सरकार के पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान के तहत देश में 22 नए एक्सप्रेसवे प्रस्तावित हैं। इनमें से कुछ प्रमुख प्रोजेक्ट्स हैं:
- दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे
- अमरावती-हैदराबाद ग्रीनफील्ड हाइवे
- और अब भोपाल-जबलपुर ग्रीनफील्ड हाइवे
निष्कर्ष
भोपाल-जबलपुर ग्रीनफील्ड हाइवे मध्यप्रदेश के लिए एक गेम-चेंजर प्रोजेक्ट साबित हो सकता है। इससे न केवल यात्रा समय घटेगा, बल्कि व्यापार, पर्यटन और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी नई ऊँचाइयाँ मिलेंगी। यदि सब कुछ समय पर होता है तो अप्रैल-मई 2026 से इसका निर्माण शुरू हो जाएगा और आने वाले वर्षों में यह हाईवे प्रदेश की कनेक्टिविटी को नई पहचान देगा।

