नागदा में 27 से 31 मार्च तक भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा के अंतर्गत पांच दिवसीय धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रम आयोजित होंगे। चल समारोह, प्रभात फेरी, वाहन रैली और स्वामी वात्सल्य जैसे आयोजन होंगे।
भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा: 27 से 31 मार्च तक पांच दिवसीय भव्य आयोजन
🪔 नागदा (ब्रजेश बोहरा)
नागदा नगर में आगामी भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा को लेकर समाज में उत्साह का माहौल दिखाई दे रहा है। सकल जैन श्रीसंघ एवं जैन सोशल ग्रुप नागदा के तत्वावधान में 27 मार्च से 31 मार्च 2026 तक पांच दिवसीय भव्य धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक महोत्सव आयोजित किया जाएगा।
इस महोत्सव में नगर के जैन समाज सहित विभिन्न समाजों के लोग भी भाग लेंगे और भगवान महावीर के संदेश—अहिंसा, सत्य और करुणा—को जन-जन तक पहुँचाने का प्रयास किया जाएगा।
भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा का उद्देश्य
भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा का मुख्य उद्देश्य भगवान महावीर स्वामी के सिद्धांतों को समाज में फैलाना है।
भगवान महावीर ने संसार को अहिंसा, सत्य, अपरिग्रह और संयम का संदेश दिया। यह महोत्सव इन्हीं मूल्यों को याद करने और नई पीढ़ी को उनसे जोड़ने का एक महत्वपूर्ण अवसर है।
प्रथम दिवस: णमोकार महामंत्र जप आराधना
महोत्सव के प्रथम दिन 27 मार्च को रात्रि 8 बजे से 9 बजे तक श्री महावीर भवन में वृहद णमोकार महामंत्र जप आराधना आयोजित की जाएगी।इस आयोजन के लाभार्थी श्री भूमित जी एवं खुशबू जी रांका रहेंगे।जैन धर्म में णमोकार मंत्र को अत्यंत पवित्र और शक्तिशाली माना जाता है। यह मंत्र आत्मशुद्धि और मानसिक शांति प्रदान करता है।
द्वितीय दिवस: धार्मिक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता
महोत्सव के दूसरे दिन 28 मार्च को रात्रि 8 बजे राजेन्द्र स्कूल (दिगम्बर जैन मंदिर के सामने) में धार्मिक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित होगी।इस कार्यक्रम के लाभार्थी डॉ. अमित जी एवं नेहा जी नवलखा रहेंगे।इस प्रतियोगिता का उद्देश्य युवाओं और बच्चों को जैन धर्म के इतिहास, सिद्धांतों और परंपराओं से परिचित कराना है।
तृतीय दिवस: बाल चल समारोह और फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता
महोत्सव के तीसरे दिन 29 मार्च को शाम 6:30 बजे श्री महावीर भवन से पार्श्व प्रधान पौषधशाला तक बाल चल समारोह निकाला जाएगा।इसमें 6 वर्ष से अधिक आयु के बच्चे भाग ले सकेंगे।
इस आयोजन के लाभार्थी
श्री सुरेन्द्र जी – अंजना जी संचेती रहेंगे।इसी दिन बच्चों के लिए फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता भी आयोजित की जाएगी, जिसके लाभार्थी
श्री राजेश जी – कल्पना जी धाकड़ रहेंगे।
चतुर्थ दिवस: प्रभात फेरी, स्वामी वात्सल्य और वाहन रैली
महोत्सव के चौथे दिन 30 मार्च को प्रातः 6 बजे दिगम्बर जैन मंदिर से प्रभात फेरी निकाली जाएगी।
इसके बाद
8:45 बजे – गोपाल गोशाला में मूक पशुओं के लिए स्वामी वात्सल्य
11:30 बजे – अन्नपूर्णा अन्नक्षेत्र में दरिद्र नारायणों के लिए स्वामी वात्सल्य
इन कार्यक्रमों के लाभार्थी श्री उमेश जी – सुनीता जी दलाल रहेंगे।इसी दिन दोपहर 4 बजे पार्श्व प्रधान पौषधशाला से दादावाड़ी तक वाहन रैली निकाली जाएगी।रात्रि 8 से 10 बजे तक दादावाड़ी में बच्चों और युवाओं के सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।
इन कार्यक्रमों के लाभार्थी
- मनोहरलाल कांठेड़
- राजेन्द्र कांठेड़
- राजेन्द्र लुणावत
- पंकज जैन कांट्रेक्टर
पंचम दिवस: भव्य चल समारोह और महोत्सव का समापन
महोत्सव के अंतिम दिन 31 मार्च को
सुबह 8 से 9 बजे – पार्श्व प्रधान पौषधशाला में नवकारसी
सुबह 9 बजे – भव्य चल समारोह
नवकारसी के लाभार्थी अजित जी – सुनीता जी कांठेड़ रहेंगे।चल समारोह के बाद 11:39 बजे दादावाड़ी, महिदपुर रोड पर स्वामी वात्सल्य के साथ महोत्सव का समापन होगा।
आयोजकों ने समाजजनों से की सहभागिता की अपील
इस भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा के संयोजक
- शरद जैन
- संजय मुरडिया
- निलेश चौधरी
- दिलीप गांधी
- शुभम सखलेचा
- सचिन सखलेचा
सहित समाज अध्यक्ष प्रकाश जैन सांवेर वाले, मनीष व्होरा, सुनील जैन, रवि कांठेड़ एवं जैन सोशल ग्रुप नागदा अध्यक्ष धर्मेन्द्र बम ने समाजजनों से सभी कार्यक्रमों में अधिक से अधिक भाग लेने का आह्वान किया है।
महोत्सव के आयोजक
अखिल भारतीय श्री राजेन्द्र जैन नवयुवक परिषद के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी ब्रजेश बोहरा ने बताया कि नगर में आयोजित भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा का आयोजन सकल जैन श्रीसंघ एवं जैन सोशल ग्रुप नागदा द्वारा किया जा रहा है।
भगवान महावीर के संदेश आज भी प्रासंगिक
भगवान महावीर ने मानवता को जो संदेश दिए, वे आज भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं।
अहिंसा
सत्य
करुणा
आत्मसंयम
आज के समय में समाज को इन मूल्यों की सबसे अधिक आवश्यकता है।इसी उद्देश्य से भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव नागदा जैसे आयोजन समाज को एकजुट करने और नैतिक मूल्यों को मजबूत करने का कार्य करते हैं।

