जबलपुर में दुर्गा विसर्जन जुलूस के दौरान हादसा, हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से दो की मौत
मझौली के नीला तालाब के पास प्रतिमा ले जाते समय हुआ हादसा; आठ से अधिक लोग करंट लगने से झुलसे
जबलपुर। विजयादशमी के बाद दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान मझौली क्षेत्र में बड़ा हादसा हो गया। बुधवार देर रात नीला तालाब के पास विसर्जन जुलूस में शामिल लोग प्रतिमा लेकर जा रहे थे, तभी ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन की चपेट में प्रतिमा या जुलूस से जुड़ी कोई वस्तु आ गई। इसके बाद जुलूस में करंट फैल गया। हादसे में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि आठ से अधिक लोग करंट लगने से झुलस गए।
घटना के बाद जुलूस में अफरा-तफरी मच गई। करंट की चपेट में आए लोगों को लेकर परिजन और स्थानीय लोग चिंतित हो उठे। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे में प्रभावित लोगों की पहचान, उनकी उम्र और उनकी स्थिति के बारे में विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। प्रशासन की ओर से भी घटना के कारणों और घायलों की स्थिति को लेकर विस्तृत बयान का इंतजार है।
नीला तालाब के पास प्रतिमा विसर्जन के दौरान हादसा
मझौली के नीला तालाब के पास प्रतिमा विसर्जन की तैयारी चल रही थी। जुलूस के साथ लोग माता की प्रतिमा लेकर आगे बढ़ रहे थे। इसी दौरान ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आने से दुर्घटना हुई। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, बिजली का करंट जुलूस में मौजूद लोगों तक पहुंचा और कई लोग इसकी चपेट में आ गए।
घटना किस तरह हुई और हाईटेंशन लाइन से प्रतिमा या जुलूस में इस्तेमाल की जा रही किसी वस्तु का संपर्क कैसे हुआ, इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। हादसे के सटीक कारणों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल सामने आई जानकारी के अनुसार, दो लोगों की मौत हुई है और आठ से अधिक लोग झुलसे हैं।
दो लोगों की मौत, आठ से अधिक घायल
हादसे में दो लोगों की मौत की सूचना है। करंट लगने से आठ से अधिक लोग झुलस गए। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी पहचान और हालत के बारे में उपलब्ध प्रारंभिक जानकारी में स्पष्ट विवरण नहीं दिया गया है। मृतकों और घायलों के नामों की आधिकारिक पुष्टि भी सामने आना बाकी है।
ऐसी घटनाओं में घायलों की स्थिति समय के साथ बदल सकती है। इसलिए अस्पताल और प्रशासन की ओर से जारी होने वाली जानकारी के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कितने लोग भर्ती हैं और कितने लोगों को प्राथमिक उपचार दिया गया है। हादसे में शामिल लोगों के परिजनों और स्थानीय निवासियों के लिए यह समय बेहद मुश्किल है।
जुलूस में मची अफरा-तफरी
हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने के बाद विसर्जन जुलूस में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई। करंट लगने से प्रभावित लोगों को संभालने और उन्हें अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की गई। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों में भी चिंता का माहौल बन गया।
विसर्जन जुलूस में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं। प्रतिमा को मार्ग से ले जाते समय ऊपर से गुजर रही बिजली की लाइनों और अन्य अवरोधों पर विशेष ध्यान देना जरूरी होता है। हालांकि, इस मामले में सुरक्षा की व्यवस्था कैसी थी और हादसे से पहले कोई चेतावनी या सूचना दी गई थी या नहीं, इसकी जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है। इन बिंदुओं पर संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
घटना के कारणों की पुष्टि जांच के बाद
जबलपुर के मझौली क्षेत्र में हुए इस हादसे ने प्रतिमा विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंता पैदा की है। अभी तक उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि बिजली आपूर्ति तत्काल बंद की गई थी या नहीं, जुलूस के साथ सुरक्षा कर्मी मौजूद थे या नहीं, और हाईटेंशन लाइन तथा विसर्जन मार्ग की स्थिति की पहले से जांच की गई थी या नहीं।
फिलहाल हादसे में दो लोगों की मौत और आठ से अधिक लोगों के घायल होने की सूचना है। घटना के कारण, प्रभावित लोगों की पूरी जानकारी और प्रशासन की कार्रवाई से जुड़ी पुष्टि का इंतजार है। आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही हादसे के पूरे घटनाक्रम और आगे उठाए जाने वाले कदमों की स्थिति स्पष्ट होगी।
