मासोद के आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगन मिलन सेवा संकल्प कार्यक्रम आयोजित
पोषण, स्वास्थ्य, स्वच्छता और महिला सशक्तिकरण को लेकर महिलाओं व किशोरियों को किया जागरूक
प्रभात पट्टन। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा चलाए जा रहे आंगन मिलन सेवा संकल्प अभियान के तहत बैतूल जिले के प्रभात पट्टन विकासखंड के ग्राम मासोद में जनहित से जुड़ा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ग्रामीण महिलाओं, किशोरी बालिकाओं, गर्भवती महिलाओं, बच्चों, जनप्रतिनिधियों तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने भाग लिया।
कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं, किशोरियों और बच्चों को पोषण, स्वास्थ्य, स्वच्छता, शिक्षा तथा महिला सशक्तिकरण से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध कराना और उन्हें अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना रहा।
जनप्रतिनिधियों ने बताया कार्यक्रम का महत्व
आंगन मिलन सेवा संकल्प कार्यक्रम में ग्राम पंचायत की सरपंच संगीता धोटे और जनपद सदस्य उमेश बामने शामिल हुए। जनप्रतिनिधियों ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य और पोषण को लेकर जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चों के बेहतर विकास के लिए उन्हें संतुलित और पौष्टिक आहार मिलना जरूरी है। वहीं गर्भवती महिलाओं और किशोरी बालिकाओं के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। ग्रामीण परिवारों को शासन की योजनाओं की जानकारी मिलने से वे उनका बेहतर तरीके से लाभ उठा सकते हैं।
गर्भवती महिलाओं और किशोरियों को योजनाओं की जानकारी
सेक्टर सुपरवाइजर महावती बेले ने कार्यक्रम में गर्भवती महिलाओं और किशोरी बालिकाओं के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं को स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों, पोषण और विभागीय योजनाओं के बारे में बताया।
उन्होंने कहा कि किशोरावस्था और गर्भावस्था के दौरान शरीर को पर्याप्त पोषण की आवश्यकता होती है। इस दौरान खान-पान और स्वास्थ्य संबंधी छोटी-छोटी सावधानियां मां और बच्चे के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव डाल सकती हैं।
पौष्टिक भोजन की जानकारी दी
कार्यक्रम के दौरान पोषण से भरपूर खाद्य पदार्थों की जानकारी भी दी गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अर्चना चौरे ने ग्रामीण महिलाओं को पोषक तत्वों से भरपूर भोजन तैयार करने और नियमित रूप से संतुलित आहार लेने की सलाह दी।
उन्होंने बताया कि स्थानीय स्तर पर उपलब्ध खाद्य सामग्री का उपयोग कर भी पौष्टिक भोजन तैयार किया जा सकता है। महिलाओं को भोजन में विभिन्न पोषक तत्वों को शामिल करने तथा बच्चों को उनकी उम्र के अनुसार संतुलित आहार देने के लिए प्रेरित किया गया।
स्वास्थ्य और स्वच्छता के प्रति जागरूकता
आंगन मिलन सेवा संकल्प कार्यक्रम के दौरान महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को व्यक्तिगत स्वच्छता, स्वास्थ्य देखभाल और पोषण से जुड़ी आवश्यक जानकारी दी गई। बच्चों के स्वास्थ्य और विकास के लिए नियमित पोषण तथा स्वच्छ वातावरण के महत्व पर भी चर्चा की गई।
कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीण महिलाओं ने भी अपनी बात रखी और स्वास्थ्य तथा पोषण से संबंधित जानकारी प्राप्त की। आयोजन के दौरान महिलाओं को शासन की योजनाओं का लाभ लेने और आवश्यकता पड़ने पर आंगनबाड़ी केंद्र से संपर्क करने के लिए प्रेरित किया गया।
सेवा और समर्पण अभियान से जुड़ा आयोजन
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेवा एवं समर्पण के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर प्रदेशभर के आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगन मिलन सेवा संकल्प अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन आयोजनों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं, किशोरियों और बच्चों को स्वस्थ जीवनशैली, पोषण और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
मासोद में आयोजित कार्यक्रम भी इसी अभियान का हिस्सा रहा। आयोजन के माध्यम से ग्रामीण परिवारों तक स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी जानकारी पहुंचाने का प्रयास किया गया।
कार्यकर्ताओं और ग्रामीण महिलाओं का रहा सहयोग
कार्यक्रम को सफल बनाने में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और ग्रामीण महिलाओं का सहयोग रहा। आयोजन में सरपंच संगीता धोटे, जनपद सदस्य उमेश बामने, सेक्टर सुपरवाइजर महावती बेले, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अर्चना चौरे, वात्सला देशमुख, संगीता माकोड़े, सुनीता ठाकुर और ममता ठाकुर सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, पौष्टिक भोजन लेने तथा अपने आसपास के लोगों को भी स्वास्थ्य, पोषण और स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का संदेश दिया गया।
