शिवगढ़ नयाखेड़ा अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए रतलाम पुलिस ने देवीबाई डामोर की हत्या के मामले में पिता-पुत्र को गिरफ्तार कर कुल्हाड़ी, कपड़े और मोबाइल जब्त किए।
शिवगढ़ के नयाखेड़ा में अंधे कत्ल का बड़ा खुलासा: पिता-पुत्र गिरफ्तार, कुल्हाड़ी समेत अहम सामान जब्त
रिपोर्टर: प्रियंका गुजराती | दैनिक स्वराज वाणी
रतलाम। शिवगढ़ के नयाखेड़ा में अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए पुलिस ने देवीबाई डामोर की हत्या के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, मृतिका की हत्या उसके साथ लंबे समय से संबंध रखने वाले बसंतीलाल उर्फ गुड्डा डामोर और उसके पिता बद्दा डामोर ने मिलकर की थी। आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त धारदार कुल्हाड़ी, घटना के समय पहने गए कपड़े और मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं।
11 सितंबर को खून से लथपथ मिली थीं देवीबाई
पुलिस के मुताबिक, 11 सितंबर की सुबह करीब 6 बजे फरियादी अन्नुसिंह डामोर अपने खेत पर जा रहा था। इसी दौरान उसने देवीबाई को उसके घर के बरामदे में खाट के पास जमीन पर खून से लथपथ हालत में देखा। देवीबाई के सिर और दाहिने कान के पास गंभीर चोट के निशान थे।
सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। मामले में थाना शिवगढ़ पर अपराध क्रमांक 285/2026, धारा 103(1) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
संदिग्धों से पूछताछ के बाद खुला हत्या का राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक रतलाम अमित कुमार के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतलाम राकेश कुमार पान्द्रो एवं विवेक कुमार लाल के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी रतलाम ग्रामीण किशोर पाटनवाला और डीएसपी आजाक अजय सारवान के नेतृत्व में टीम ने अज्ञात आरोपी की तलाश शुरू की।
पुलिस के अनुसार, मुखबिर तंत्र और लगातार जांच के आधार पर बसंतीलाल उर्फ गुड्डा डामोर और उसके पिता बद्दा डामोर को संदेह के दायरे में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में दोनों ने हत्या करना स्वीकार किया। इसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर घटना में प्रयुक्त सामग्री जब्त की गई।
जमीन के हिस्से को लेकर विवाद का दावा
पुलिस के अनुसार, वर्ष 2017 से बसंतीलाल उर्फ गुड्डा डामोर और मृतिका देवीबाई डामोर के बीच संबंध थे। परिवार एवं समाज को इसकी जानकारी होने के बाद मृतिका के रहने, भरण-पोषण और संपत्ति में हिस्से को लेकर बातचीत हुई थी।
पुलिस पूछताछ में सामने आए तथ्यों के अनुसार, बसंतीलाल के पिता बद्दा डामोर द्वारा मृतिका को अपने पुत्र के साथ रखने तथा परिवार की जमीन में आधा हिस्सा देने की बात कही गई थी। मृतिका के रहने के लिए मकान बनाए जाने के बाद जमीन का आधा हिस्सा देने को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया।
पुलिस के मुताबिक, इसी मुद्दे को लेकर मृतिका और आरोपी पक्ष के बीच लगातार कहासुनी होती थी। पुलिस का दावा है कि इसी विवाद के चलते आरोपियों ने हत्या की योजना बनाई।
तड़के 3 बजे घर पहुंचकर हत्या करने का आरोप
पुलिस के अनुसार, योजना के तहत 11 सितंबर को तड़के करीब 3 बजे बसंतीलाल उर्फ गुड्डा डामोर और उसका पिता बद्दा डामोर मृतिका के घर पहुंचे। यहां धारदार हथियार से हमला कर देवीबाई की हत्या कर दी गई। घटना के बाद दोनों आरोपी वहां से चले गए।
कुल्हाड़ी, कपड़े और मोबाइल फोन जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक धारदार कुल्हाड़ी, घटना के दौरान पहने गए दोनों आरोपियों के कपड़े और दोनों आरोपियों के मोबाइल फोन जब्त किए हैं।
पुलिस ने मामले में बसंतीलाल उर्फ गुड्डा पिता बद्दा डामोर, उम्र 32 वर्ष, निवासी नयाखेड़ा तथा बद्दा डामोर पिता दल्ला डामोर, उम्र 60 वर्ष, निवासी नयाखेड़ा को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने और आरोपियों की गिरफ्तारी में शिवगढ़ थाना पुलिस, अधिकारियों एवं साइबर टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक रतलाम ने टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।

