—Advertisement—

इंदौर पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026: 351 किलो निर्वाण लाडू के साथ भव्य महोत्सव

Author Picture
Published On: 18 August 2026
WhatsApp Image 2026 08 18 at 8.06.25 PM

—Advertisement—

पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026 पर इंदौर में सुधासागर जी महाराज के सानिध्य में भव्य अभिषेक, शांतिधारा और 351 किलो निर्वाण लाडू समर्पित होगा।

पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026: इंदौर में सुधासागर जी के सानिध्य में भव्य महोत्सव, 351 किलो निर्वाण लाडू होगा समर्पित

रिपोर्टर: राजेश जैन दद्दू, इंदौर

इंदौर। पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026 के पावन अवसर पर भारतवर्षीय दिगम्बर जैन समाज द्वारा 23वें तीर्थंकर श्री 1008 भगवान पार्श्वनाथ के मोक्ष दिवस को श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास के साथ मनाया जाएगा। इसी क्रम में इंदौर में परम पूज्य निर्यापक श्रमण तीर्थचक्रवर्ती मुनिपुंगव श्री 108 सुधासागर जी महाराज के पावन सानिध्य में बुधवार, 19 अगस्त 2026 को भव्य मोक्ष सप्तमी महोत्सव आयोजित किया जाएगा।

धर्म समाज प्रचारक राजेश जैन दद्दू ने बताया कि दलाल बाग, छत्रपति नगर, इंदौर में आयोजित होने वाले इस धार्मिक महोत्सव में भगवान पार्श्वनाथ का भव्य अभिषेक, श्रीजी की शांतिधारा, संगीतमय पूजन, निर्वाण काण्ड और मंगल प्रवचन सहित विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम होंगे। इस अवसर पर श्रद्धापूर्वक 351 किलो का विशाल निर्वाण लाडू भी समर्पित किया जाएगा।

आयोजक सकल दिगंबर जैन धर्म प्रभावना समिति इंदौर के अनुसार धार्मिक कार्यक्रम प्रातः 7 बजे से प्रारंभ होगा। आयोजन में इंदौर सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाओं के शामिल होने की संभावना है।

पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026 में सजेगा प्रभु का दिव्य दरबार

भगवान पार्श्वनाथ जैन धर्म के 23वें तीर्थंकर हैं। उनके मोक्ष कल्याणक का जैन धर्म में अत्यंत विशेष महत्व है। मोक्ष सप्तमी के अवसर पर देशभर के जैन मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर भगवान पार्श्वनाथ की विशेष पूजा-अर्चना, अभिषेक, शांतिधारा और निर्वाण लाडू समर्पित करने की परंपरा है।

इंदौर में आयोजित पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026 को भी विशेष और भव्य स्वरूप दिया जा रहा है। दलाल बाग में पार्श्व प्रभु का दिव्य दरबार सजाया जाएगा। श्रद्धालु भगवान के चरणों में अर्घ्य समर्पित कर पुण्यार्जन करेंगे और णमोकार मंत्र के जाप के साथ प्रभु की आराधना करेंगे।

मुनिपुंगव श्री 108 सुधासागर जी महाराज के सानिध्य के कारण आयोजन को लेकर जैन समाज में विशेष उत्साह बना हुआ है। समाज के लोगों से इस पावन अवसर पर सपरिवार उपस्थित होकर धर्मलाभ लेने की अपील की गई है।

भव्य अभिषेक और श्रीजी की शांतिधारा होगी

महोत्सव की शुरुआत भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा के भव्य अभिषेक से होगी। विधि-विधान और मंत्रोच्चार के बीच श्रद्धालु भगवान का अभिषेक करेंगे। इसके बाद श्रीजी की शांतिधारा की जाएगी।

जैन धर्म में अभिषेक और शांतिधारा का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है। श्रद्धालु अपने भावों को भगवान के चरणों में समर्पित करते हुए विश्व शांति, समाज में सद्भाव, परिवार की सुख-समृद्धि और आत्मकल्याण की भावना से शांतिधारा करेंगे।

आयोजन समिति ने धार्मिक कार्यक्रमों को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए तैयारियां की हैं। श्रद्धालुओं को प्रभु की आराधना और धार्मिक अनुष्ठानों में सहभागी बनने का अवसर मिलेगा।

संगीतमय पूजन से भक्तिमय होगा वातावरण

पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक 2026 के अवसर पर संगीतमय पूजन भी विशेष आकर्षण रहेगा। भक्ति संगीत और धार्मिक भजनों के बीच भगवान पार्श्वनाथ की आराधना की जाएगी। भगवान के गुणों का स्मरण करते हुए श्रद्धालु पूजन में हिस्सा लेंगे।

भजनों और णमोकार मंत्र की गूंज से दलाल बाग का वातावरण धर्ममय और भक्तिमय होगा। समाज के महिला, पुरुष, युवा और बच्चे भी धार्मिक आयोजन में सहभागिता करेंगे।

आयोजकों के अनुसार मोक्ष सप्तमी केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भगवान पार्श्वनाथ द्वारा दिए गए अहिंसा, सत्य, संयम और अपरिग्रह के संदेश को जीवन में अपनाने की प्रेरणा देने वाला अवसर भी है।

351 किलो का विशाल निर्वाण लाडू होगा समर्पित

महोत्सव का प्रमुख आकर्षण 351 किलो का निर्वाण लाडू रहेगा। भगवान पार्श्वनाथ के मोक्ष कल्याणक पर श्रद्धा और भक्ति के साथ यह विशाल निर्वाण लाडू समर्पित किया जाएगा।

मोक्ष कल्याणक के अवसर पर निर्वाण लाडू चढ़ाने की जैन धर्म में विशेष परंपरा है। यह भगवान के जन्म-मरण के बंधन से मुक्त होकर सिद्ध अवस्था प्राप्त करने की स्मृति में समर्पित किया जाता है। श्रद्धालु निर्वाण लाडू समर्पित कर भगवान के मोक्ष मार्ग का स्मरण करते हैं।

इंदौर में 351 किलो का निर्वाण लाडू समर्पित किए जाने को लेकर समाज में उत्साह है। इस दौरान भगवान पार्श्वनाथ के जयकारों और धार्मिक मंत्रों से पूरा परिसर गूंज उठेगा।

निर्वाण काण्ड का होगा भावपूर्ण पाठ

धार्मिक कार्यक्रम के दौरान निर्वाण काण्ड का पाठ भी किया जाएगा। इसमें भगवान पार्श्वनाथ के मोक्ष कल्याणक का भावपूर्ण स्मरण किया जाएगा। श्रद्धालु भगवान के जीवन, तप, साधना और मोक्ष प्राप्ति के प्रसंगों को याद करते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने की भावना व्यक्त करेंगे।

भगवान पार्श्वनाथ का जीवन त्याग, तपस्या, करुणा और अहिंसा की प्रेरणा देता है। उनके जीवन से यह संदेश मिलता है कि आत्मकल्याण के लिए संयम और साधना का विशेष महत्व है।

सुधासागर जी महाराज के होंगे मंगल प्रवचन

परम पूज्य निर्यापक श्रमण तीर्थचक्रवर्ती मुनिपुंगव श्री 108 सुधासागर जी महाराज धर्मसभा को संबोधित करेंगे। अपने मंगल प्रवचन में मुनिश्री भगवान पार्श्वनाथ के जीवन, उनके सिद्धांतों, मोक्ष मार्ग और जैन धर्म में मोक्ष कल्याणक के महत्व पर प्रकाश डालेंगे।

श्रद्धालुओं को मुनिश्री के मंगल प्रवचनों के माध्यम से धर्म, साधना और आत्मकल्याण की प्रेरणा प्राप्त होगी। समाज के लोगों में मुनिश्री के प्रवचन को लेकर विशेष उत्साह है।

भगवान पार्श्वनाथ ने दिया अहिंसा और अपरिग्रह का संदेश

23वें तीर्थंकर श्री 1008 भगवान पार्श्वनाथ का जैन धर्म के इतिहास में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। भगवान पार्श्वनाथ ने अहिंसा, सत्य, अस्तेय और अपरिग्रह के सिद्धांतों के माध्यम से मानव समाज को कल्याण का मार्ग बताया।

उनकी शिक्षाएं आज भी समाज को शांति, करुणा, संयम और सद्भाव का संदेश देती हैं। भगवान पार्श्वनाथ का मोक्ष कल्याणक जैन समाज को उनके आदर्शों और शिक्षाओं का स्मरण कराने वाला महत्वपूर्ण धार्मिक अवसर है।

मोक्ष का अर्थ संसार के जन्म-मरण के चक्र से पूर्ण मुक्ति माना गया है। तीर्थंकर भगवान के मोक्ष कल्याणक पर श्रद्धालु उनके गुणों का स्मरण करते हुए स्वयं भी धर्म, संयम और आत्मशुद्धि के मार्ग पर आगे बढ़ने की भावना रखते हैं।

आयोजकों ने श्रावक-श्राविकाओं से की धर्मलाभ लेने की अपील

सकल दिगंबर जैन धर्म प्रभावना समिति इंदौर ने नगर और आसपास के सभी श्रावक-श्राविकाओं से सपरिवार आयोजन में उपस्थित होकर धर्मलाभ प्राप्त करने की अपील की है।

समिति का संदेश है— “सजेगा पार्श्व प्रभु का दिव्य दरबार, गूंजेगा णमोकार मंत्र बारम्बार। अर्घ्य समर्पित कर करें पुण्य का अर्जन, पार्श्व प्रभु के चरणों में हो भावों का समर्पण।”

आयोजन के माध्यम से जैन समाज में धर्म प्रभावना के साथ भगवान पार्श्वनाथ के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। बुधवार को सुबह से ही दलाल बाग में श्रद्धा और भक्ति का वातावरण रहेगा तथा श्रद्धालु अभिषेक, शांतिधारा, पूजन और निर्वाण लाडू समर्पण के साक्षी बनेंगे।

कार्यक्रम एक नजर में

आयोजन: पार्श्वनाथ मोक्ष कल्याणक एवं मोक्ष सप्तमी महोत्सव
दिनांक: 19 अगस्त 2026, बुधवार
समय: प्रातः 7:00 बजे से
स्थान: दलाल बाग, छत्रपति नगर, इंदौर
सानिध्य: निर्यापक श्रमण तीर्थचक्रवर्ती मुनिपुंगव श्री 108 सुधासागर जी महाराज
विशेष आकर्षण: 351 किलो निर्वाण लाडू, भव्य अभिषेक, शांतिधारा, संगीतमय पूजन, निर्वाण काण्ड एवं मंगल प्रवचन
आयोजक: सकल दिगंबर जैन धर्म प्रभावना समिति इंदौर

Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp