जैन सोशल ग्रुप नागदा के रक्तदान शिविर में 58 यूनिट रक्त संग्रह, नवदंपति और पिता-पुत्र ने पेश की मानवता की मिसाल
नवदंपति ने पहली बार एक साथ किया रक्तदान, पिता-पुत्र और युवतियों ने भी निभाई सहभागिता; 9 लोगों ने जीवन में पहली बार किया रक्तदान
शिविर में विभिन्न आयु वर्ग के लोगों ने आगे बढ़कर रक्तदान किया। खास तौर पर पहली बार रक्तदान करने वाले युवाओं में उत्साह दिखाई दिया। आयोजकों के अनुसार शिविर में 9 लोगों ने पहली बार रक्तदान किया। उन्हें रक्तदान के महत्व और इससे जुड़ी आवश्यक सावधानियों की जानकारी भी दी गई।
कार्यक्रम में चिकित्सकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने रक्तदान को मानव सेवा का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए अधिक से अधिक स्वस्थ लोगों से स्वैच्छिक रक्तदान के लिए आगे आने की अपील की।
नवदंपति ने साथ रक्तदान कर दिया प्रेरणादायक संदेश
रक्तदान शिविर की सबसे खास तस्वीर एक नवदंपति की रही, जिसने पहली बार एक साथ रक्तदान किया। नवदंपति ने अपने जीवन के नए सफर के साथ समाजसेवा की दिशा में भी कदम बढ़ाते हुए रक्तदान के माध्यम से जरूरतमंदों की सहायता का संदेश दिया।
इसके साथ ही एक पिता-पुत्र की जोड़ी ने भी रक्तदान में सहभागिता की। पिता और पुत्र द्वारा एक साथ रक्तदान करने को उपस्थित लोगों ने सराहा। युवतियों ने भी उत्साहपूर्वक रक्तदान कर यह संदेश दिया कि मानव सेवा के इस कार्य में समाज का प्रत्येक वर्ग महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।
आयोजकों ने कहा कि इस प्रकार परिवार के सदस्यों का एक साथ रक्तदान करना अन्य लोगों को भी प्रेरित करता है। इससे रक्तदान को लेकर समाज में मौजूद भ्रांतियों को दूर करने और स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने में मदद मिलती है।
9 लोगों ने पहली बार किया रक्तदान

शिविर में पहली बार रक्तदान करने वालों की संख्या भी उल्लेखनीय रही। कुल 9 रक्तदाताओं ने अपने जीवन में पहली बार रक्तदान किया। शुरुआत में कुछ नए रक्तदाताओं के मन में रक्तदान को लेकर सवाल थे, जिनका चिकित्सकों और विशेषज्ञों ने समाधान किया।
पहली बार रक्तदान करने वाले लोगों का उत्साहवर्धन करते हुए आयोजकों ने कहा कि स्वस्थ व्यक्ति चिकित्सकीय मानकों के अनुसार नियमित अंतराल पर रक्तदान कर सकता है। रक्तदान के माध्यम से अस्पतालों और ब्लड बैंकों में जरूरत के समय रक्त की उपलब्धता बनाए रखने में महत्वपूर्ण सहयोग मिलता है।
रक्तदाताओं ने भी कहा कि रक्तदान के बाद उन्हें इस बात की खुशी है कि उनका दिया हुआ रक्त किसी जरूरतमंद मरीज के काम आ सकता है।
डॉ. सुनील चौधरी ने रक्तदान से जुड़ी जिज्ञासाओं का किया समाधान
कार्यक्रम की अध्यक्षता जैन सोशल ग्रुप नागदा के अध्यक्ष धर्मेंद्र बम ने की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में चौधरी हॉस्पिटल के डॉ. सुनील चौधरी उपस्थित रहे।
डॉ. चौधरी ने रक्तदान से संबंधित लोगों की विभिन्न जिज्ञासाओं का समाधान किया। उन्होंने रक्तदान से पहले और बाद में बरती जाने वाली सावधानियों के साथ रक्तदाता के स्वास्थ्य से संबंधित आवश्यक जानकारियां साझा कीं।
उन्होंने कहा कि रक्त की जरूरत आपातकालीन चिकित्सा, दुर्घटना में घायल मरीजों, ऑपरेशन और विभिन्न गंभीर परिस्थितियों में पड़ सकती है। ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदाताओं का योगदान स्वास्थ्य सेवाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है।
डॉ. संगीता ने दी रक्तदान की विस्तृत जानकारी

कार्यक्रम में शासकीय अस्पताल उज्जैन की रक्तदान प्रभारी डॉ. संगीता ने उपस्थित लोगों को रक्तदान के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने रक्तदान की प्रक्रिया और उससे जुड़े स्वास्थ्य मानकों को समझाया।
उन्होंने लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि इसके बारे में सही जानकारी समाज के अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचनी चाहिए। रक्तदान को लेकर कई बार लोगों के मन में अनावश्यक डर और भ्रम रहते हैं, जिन्हें चिकित्सकीय जानकारी के माध्यम से दूर किया जा सकता है।
इस दौरान उपस्थित रक्तदाताओं और अन्य लोगों ने रक्तदान से जुड़े विभिन्न सवाल भी पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने जवाब दिया।
सुनील भावसार ने बताया रक्तदान का महत्व
रक्तदान सेवा में लगातार सक्रिय रहने वाले सुनील भावसार ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि किसी जरूरतमंद व्यक्ति के लिए समय पर उपलब्ध रक्त जीवन बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
उन्होंने युवाओं से स्वैच्छिक रक्तदान के लिए आगे आने की अपील की और कहा कि समाज में रक्तदान की मजबूत संस्कृति विकसित करने के लिए जागरूकता जरूरी है।
रीजन कन्वीनर श्रेणिक बम ने भी मानवता की सेवा के लिए रक्तदान करने वाले सभी रक्तदाताओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि रक्तदाता बिना यह जाने कि उनका रक्त किस व्यक्ति को मिलेगा, मानवता की भावना से अपना योगदान देता है। यही रक्तदान की सबसे बड़ी विशेषता है।
‘हर बूंद एक जीवन’ ग्रुप का मिला सहयोग
जैन सोशल ग्रुप नागदा द्वारा आयोजित इस रक्तदान शिविर को सफल बनाने में ‘हर बूंद एक जीवन’ ग्रुप के सदस्यों ने भी महत्वपूर्ण सहयोग दिया।
ग्रुप से जुड़े पप्पू सिसौदिया, रवि पांचाल, सुशील जोशी, राजेश पोरवाल और मनीष सोनी सहित अन्य सदस्यों ने शिविर की व्यवस्थाओं और रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करने में सहयोग किया। जैन सोशल ग्रुप नागदा ने उनके योगदान की सराहना की।
आयोजकों का कहना था कि रक्तदान जैसे सामाजिक कार्य सामूहिक सहभागिता से ही सफल होते हैं। विभिन्न सामाजिक संस्थाओं और स्वयंसेवकों के एक मंच पर आने से जरूरतमंदों के लिए अधिक प्रभावी ढंग से काम किया जा सकता है।
प्रशांत नाहर ने किया संचालन, अमित बम ने माना आभार
कार्यक्रम का संचालन जैन सोशल ग्रुप नागदा के सचिव प्रशांत नाहर ने किया। कार्यक्रम के समापन पर उपाध्यक्ष अमित बम ने सभी रक्तदाताओं, चिकित्सकों, अतिथियों, सहयोगी संस्थाओं और उपस्थित सदस्यों का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने विशेष रूप से उन लोगों की सराहना की जिन्होंने पहली बार रक्तदान किया। साथ ही भविष्य में भी इस प्रकार के मानव सेवा से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करने और लोगों को स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूक करने की बात कही गई।
बड़ी संख्या में सदस्य रहे उपस्थित
रक्तदान शिविर के दौरान सुरेंद्र कांकरिया, संजय मुरडिया, अरविंद नाहर, मनीष चपलोत, यशवंत धूपिया, सुरेश जैन एडवोकेट, हितेष कांठेड़, रवि संघवी, मनोज वागरेचा, आशीष पोखरना, अंकुर जैन, सचिन सकलेचा, बृजेश भटेवरा, मनीष भंडारी, रसमन तांतेड, अंकुश सिसौदिया, अक्षय चपलोत, हेमंत जैन और प्रमोद कोठारी सहित बड़ी संख्या में संस्था के सदस्य और समाजजन उपस्थित रहे।
कुल 58 यूनिट रक्त संग्रह के साथ संपन्न हुए शिविर ने मानव सेवा के साथ सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया। नवदंपति, पिता-पुत्र और पहली बार रक्तदान करने वाले लोगों की सहभागिता आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही। जैन सोशल ग्रुप नागदा ने रक्तदाताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए संदेश दिया कि रक्तदान जीवनदान है और रक्त की प्रत्येक बूंद किसी जरूरतमंद के लिए जीवन की नई उम्मीद बन सकती है।
