मुरैना जैन मंदिर में चांदी के छत्र चोरी का खुलासा नहीं, बरामदगी की मांग को लेकर विधानसभा अध्यक्ष को सौंपा ज्ञापन
संवाददाता: मनोज जैन नायक
मुरैना। श्री पार्श्वनाथ दिगम्बर जैन पंचायती बड़ा मंदिर में भगवान मुनिसुव्रतनाथ की प्रतिमा के ऊपर लगे तीन चांदी के छत्र चोरी होने की घटना को करीब 10 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक पुलिस चोरी का खुलासा नहीं कर सकी है। चोरी गए चांदी के छत्रों की बरामदगी और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर जैन समाज में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
इसी मांग को लेकर मंगलवार को श्री बड़ा जैन मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों और समाज के लोगों ने स्थानीय विश्राम गृह पहुंचकर मध्य प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को ज्ञापन सौंपा। समाज के प्रतिनिधियों ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी देते हुए पुलिस की कार्रवाई में तेजी लाने और चोरी की सामग्री बरामद कराने की मांग की।
मंदिर से चोरी हुए थे चांदी के तीन छत्र
जैन समाज के प्रतिनिधियों ने बताया कि 3 अगस्त की शाम करीब 7:40 बजे श्री पार्श्वनाथ दिगम्बर जैन पंचायती बड़ा मंदिर में चोरी की घटना हुई थी। अज्ञात व्यक्ति भगवान मुनिसुव्रतनाथ की प्रतिमा के ऊपर एक ही लड़ी में लगे चांदी के तीन छत्र चोरी कर ले गया।
बताया गया कि इन तीनों छत्रों का कुल वजन करीब डेढ़ किलोग्राम था। धार्मिक स्थल पर हुई इस चोरी की जानकारी सामने आने के बाद मंदिर प्रबंधन और जैन समाज में चिंता और आक्रोश का माहौल बन गया था।
घटना की जानकारी मिलने के बाद समाज के लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी और मामले में कार्रवाई की मांग की।
4 अगस्त को सिटी कोतवाली में दर्ज हुई FIR
मंदिर से चांदी के छत्र चोरी होने की घटना के बाद 4 अगस्त को सकल दिगम्बर जैन समाज के लोगों की मौजूदगी में सिटी कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।
समाज के प्रतिनिधियों ने पुलिस से मांग की थी कि धार्मिक स्थल पर हुई चोरी को गंभीरता से लेते हुए आरोपियों की जल्द पहचान की जाए और चोरी गए चांदी के छत्र बरामद किए जाएं।
पुलिस द्वारा मामले की जांच शुरू किए जाने के बाद समाज को उम्मीद थी कि जल्द ही चोरी का खुलासा हो जाएगा। हालांकि, घटना के करीब 10 दिन बीत जाने के बाद भी आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं।
एसपी से भी की गई थी कार्रवाई की मांग
चोरी के मामले में पुलिस कार्रवाई में तेजी लाने के लिए 5 अगस्त को जैन समाज के प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक को भी आवेदन सौंपा था।
प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक के समक्ष मंदिर में हुई चोरी की पूरी जानकारी रखते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी और चोरी की सामग्री बरामद करने की मांग की थी। बताया गया कि पुलिस अधीक्षक ने प्रतिनिधिमंडल को 48 घंटे में घटना का खुलासा करने का आश्वासन दिया था।
समाज के लोगों के अनुसार, निर्धारित समय बीत जाने के बाद भी न तो चोरी का खुलासा हुआ और न ही चांदी के छत्र बरामद किए जा सके हैं। इसी वजह से समाजजनों में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
धार्मिक स्थल पर चोरी से समाज की भावनाएं आहत
बड़ा जैन मंदिर कमेटी के अध्यक्ष एवं पूर्व प्राचार्य अनिल जैन ने विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि मंदिर में हुई चोरी सिर्फ संपत्ति से जुड़ा मामला नहीं है, बल्कि इससे समाज की धार्मिक भावनाएं भी जुड़ी हुई हैं।
उन्होंने कहा कि भगवान की प्रतिमा के ऊपर लगे चांदी के छत्रों का धार्मिक महत्व है। ऐसे में मंदिर परिसर से इनका चोरी होना जैन समाज के लिए गंभीर और भावनात्मक विषय है।
अनिल जैन ने मांग की कि मामले की जांच में तेजी लाई जाए और पुलिस जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी गए तीनों चांदी के छत्र बरामद करे।
विधानसभा अध्यक्ष ने दिया कार्रवाई का आश्वासन
जैन समाज के प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को ज्ञापन सौंपकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने उनसे पुलिस प्रशासन से चर्चा कर चोरी की घटना का शीघ्र खुलासा कराने का आग्रह किया।
ज्ञापन प्राप्त करने के बाद नरेंद्र सिंह तोमर ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि वे मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक से तत्काल चर्चा करेंगे और प्रभावी एवं त्वरित कार्रवाई के लिए आवश्यक निर्देश देंगे।
उनके आश्वासन के बाद समाज के लोगों ने उम्मीद जताई कि पुलिस जांच में तेजी आएगी और जल्द ही चोरी की घटना का खुलासा हो सकेगा।
मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल
धार्मिक स्थल में चोरी की घटना के बाद मंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। जैन समाज के लोगों का कहना है कि धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ी महत्वपूर्ण वस्तुएं होती हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा के लिए पर्याप्त इंतजाम होना जरूरी है।
समाज के प्रतिनिधियों ने उम्मीद जताई कि चोरी के मामले का खुलासा होने के साथ-साथ पुलिस और प्रशासन द्वारा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए भी प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।
पुलिस जांच के नतीजे का इंतजार
फिलहाल पुलिस द्वारा चोरी के मामले की जांच की जा रही है। समाज के लोगों की नजर अब पुलिस की कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी पर है। करीब 10 दिन बीतने के बाद भी चोरी के आरोपियों का पता नहीं चलने से समाज में नाराजगी बनी हुई है।
जैन समाज ने स्पष्ट रूप से मांग की है कि मामले को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए और भगवान मुनिसुव्रतनाथ की प्रतिमा के ऊपर लगे चोरी किए गए तीनों चांदी के छत्र सुरक्षित बरामद किए जाएं।
ज्ञापन देने वालों में ये लोग रहे शामिल
ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ा जैन मंदिर कमेटी के अध्यक्ष एवं पूर्व प्राचार्य अनिल जैन सहित विनोद जैन, बाबूलाल जैन, प्रेमचंद जैन, मनोज जैन, राजेंद्र जैन, डॉ. मनोज जैन, मनीष जैन, अनिल बरैया, डालचंद जैन, नीलेश जैन, सुभाषचंद जैन, मुकेश जैन, विजय जैन और रज्जू जैन सहित समाज के अनेक लोग मौजूद रहे।
समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि विधानसभा अध्यक्ष के हस्तक्षेप के बाद पुलिस मामले में तेजी से कार्रवाई करेगी और जल्द ही चोरी की गई धार्मिक सामग्री बरामद हो जाएगी।
