आम्बुआ–सेजवाड़ा NH-56 का निर्माण जल्द शुरू कराने की मांग, विधायक सेना पटेल ने नितिन गडकरी को लिखा पत्र
दो साल पहले हुआ था भूमिपूजन, अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं होने पर विधायक ने जताई चिंता
आलीराजपुर। जोबट विधानसभा क्षेत्र में आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग के निर्माण को लेकर एक बार फिर आवाज उठी है। जोबट विधायक श्रीमती सेना महेश पटेल ने करीब 28 किलोमीटर लंबे आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग-56 के रूप में विकसित करने का काम जल्द शुरू कराने की मांग की है। इस संबंध में विधायक ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी तथा सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के सचिव को पत्र भेजकर निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ कराने का आग्रह किया है।
विधायक ने पत्र में क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों, सड़क की मौजूदा स्थिति और आमजन को हो रही परेशानियों का उल्लेख करते हुए कहा कि इस मार्ग का निर्माण लंबे समय से लंबित है। भूमिपूजन के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से क्षेत्रवासियों में निराशा है।
दैनिक स्वराज वाणी के रिपोर्टर खलील मंसूरी, अलीराजपुर के अनुसार, विधायक ने जनहित से जुड़े इस महत्वपूर्ण सड़क प्रोजेक्ट को प्राथमिकता के आधार पर शुरू कराने की मांग की है।
21 जनवरी 2024 को हुआ था भूमिपूजन
विधायक सेना पटेल ने अपने पत्र में बताया कि आलीराजपुर जिले के आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग की लगभग 28 किलोमीटर लंबी सड़क को राष्ट्रीय राजमार्ग-56 के रूप में स्वीकृति मिल चुकी है। इस महत्वपूर्ण परियोजना का भूमिपूजन 21 जनवरी 2024 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया गया था।
भूमिपूजन के बाद काफी समय बीत जाने के बावजूद निर्माण कार्य धरातल पर शुरू नहीं होने को लेकर विधायक ने चिंता जताई है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और मंत्रालय से परियोजना की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए आवश्यक प्रक्रिया जल्द पूरी कराने की मांग की है।
विधायक का कहना है कि क्षेत्र की जनता लंबे समय से बेहतर सड़क सुविधा की उम्मीद लगाए बैठी है। ऐसे में स्वीकृत राष्ट्रीय राजमार्ग का निर्माण जल्द शुरू होना बेहद आवश्यक है।
सिंगल लेन और जर्जर सड़क से परेशान क्षेत्रवासी
आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग वर्तमान में कई हिस्सों में सिंगल लेन है। सड़क की स्थिति भी कई स्थानों पर खराब बताई गई है। बारिश के मौसम में स्थिति और ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो जाती है। जगह-जगह सड़क खराब होने के कारण वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
विधायक ने पत्र में कहा कि सड़क पर यातायात का दबाव लगातार बना रहता है, लेकिन मौजूदा सड़क की क्षमता और स्थिति उस दबाव के अनुरूप नहीं है। खराब सड़क के कारण दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती है।
बारिश के दौरान सड़क पर कीचड़, गड्ढों और अन्य समस्याओं के कारण ग्रामीणों और यात्रियों के लिए आवागमन मुश्किल हो जाता है। ऐसे में राष्ट्रीय राजमार्ग के रूप में इस सड़क का निर्माण क्षेत्र की बड़ी जरूरत बन गया है।
स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच के लिए भी महत्वपूर्ण मार्ग
विधायक सेना पटेल ने सड़क निर्माण की जरूरत को केवल आवागमन से जोड़कर नहीं देखा है, बल्कि इसे स्वास्थ्य सेवाओं से भी जोड़ा है। उन्होंने अपने पत्र में बताया कि क्षेत्र के कई ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों के लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है।
खास तौर पर गंभीर मरीजों को उपचार के लिए गुजरात के दाहोद जिले तक ले जाना पड़ता है। ऐसी परिस्थितियों में सड़क की खराब स्थिति मरीजों और उनके परिजनों के लिए बड़ी समस्या बन जाती है।
आपातकालीन स्थिति में मरीज को अस्पताल तक जल्द पहुंचाना बेहद महत्वपूर्ण होता है। लेकिन खराब और संकरी सड़क के कारण कई बार यात्रा में अधिक समय लग सकता है। विधायक ने इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए सड़क निर्माण को प्राथमिकता देने की मांग की है।
प्रसव पीड़ित महिलाओं को भी होती है परेशानी
विधायक ने अपने पत्र में प्रसव पीड़ित महिलाओं की समस्या का भी उल्लेख किया है। क्षेत्र के कई परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए गुजरात के दाहोद सहित अन्य स्थानों पर जाना पड़ता है।
ऐसे में गर्भवती महिलाओं को खराब सड़क से होकर अस्पताल तक ले जाना काफी कठिन हो सकता है। बारिश के दौरान समस्या और गंभीर हो जाती है। विधायक का कहना है कि बेहतर सड़क बनने से मरीजों, गर्भवती महिलाओं और उनके परिजनों को सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।
दुर्घटनाओं की आशंका को लेकर जताई चिंता
खराब सड़क और सिंगल लेन होने के कारण मार्ग पर दुर्घटनाओं की आशंका को लेकर भी विधायक ने चिंता व्यक्त की है। सड़क की स्थिति खराब होने से वाहन चालकों को कई स्थानों पर गति कम करनी पड़ती है। वहीं बारिश के दौरान सड़क पर अतिरिक्त खतरे पैदा हो जाते हैं।
राष्ट्रीय राजमार्ग के रूप में प्रस्तावित सड़क के निर्माण से सड़क की गुणवत्ता और चौड़ाई में सुधार होने की उम्मीद है। इससे यातायात व्यवस्था बेहतर होने के साथ दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करने में भी मदद मिल सकती है।
ग्रामीण क्षेत्रों को मिलेगा बेहतर कनेक्टिविटी का लाभ
आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग का निर्माण पूरा होने से आलीराजपुर जिले के ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों को बेहतर सड़क कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है। इससे स्थानीय लोगों का आवागमन आसान होगा और आसपास के क्षेत्रों तक पहुंच भी बेहतर हो सकेगी।
सड़क के बेहतर होने से व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी गतिविधियों को भी गति मिलने की संभावना है। इसके अलावा गुजरात के दाहोद सहित अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों तक पहुंच अधिक सुगम हो सकती है।
जनता लंबे समय से कर रही निर्माण शुरू होने का इंतजार
विधायक सेना पटेल ने कहा कि परियोजना का भूमिपूजन हुए लंबा समय बीत चुका है। इसके बावजूद निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से क्षेत्र की जनता इंतजार कर रही है।
उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से परियोजना को लेकर आवश्यक प्रशासनिक एवं तकनीकी प्रक्रियाओं को जल्द पूरा कर निर्माण कार्य शुरू कराने का आग्रह किया है।
विधायक ने कहा कि यह सड़क केवल एक विकास परियोजना नहीं, बल्कि हजारों लोगों की रोजमर्रा की जरूरत से जुड़ी हुई है। इसलिए इसके निर्माण में और देरी नहीं होनी चाहिए।
नितिन गडकरी और मंत्रालय से तत्काल कार्रवाई की मांग
विधायक सेना महेश पटेल ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और मंत्रालय के सचिव से आग्रह किया है कि आम्बुआ–सेजवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग-56 के निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर शुरू कराया जाए।
उन्होंने क्षेत्र की जनता की परेशानियों को देखते हुए संबंधित विभाग को आवश्यक निर्देश जारी करने और निर्माण कार्य की प्रक्रिया को गति देने की मांग की है।
सड़क बनने से क्या होंगे फायदे?
आम्बुआ–सेजवाड़ा मार्ग के निर्माण से क्षेत्रवासियों को कई स्तरों पर लाभ मिलने की उम्मीद है। बेहतर सड़क बनने के बाद:
- ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी।
- दाहोद सहित गुजरात के अन्य क्षेत्रों तक पहुंच आसान होगी।
- मरीजों को अस्पताल तक पहुंचाने में सुविधा मिलेगी।
- प्रसव पीड़ित महिलाओं और गंभीर मरीजों को राहत मिलेगी।
- वाहन चालकों को सुरक्षित और सुगम मार्ग मिलेगा।
- बारिश के दौरान आवागमन की समस्या कम होगी।
- दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है।
- क्षेत्र में व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सकता है।
अब निर्माण शुरू होने का इंतजार
आम्बुआ–सेजवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग-56 का निर्माण क्षेत्र के विकास और जनसुविधा से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा बन गया है। करीब दो वर्ष पहले भूमिपूजन होने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं होने पर अब विधायक सेना पटेल ने केंद्र सरकार और संबंधित मंत्रालय का ध्यान इस ओर आकर्षित किया है।
अब क्षेत्रवासियों की नजर इस बात पर है कि विधायक के पत्र के बाद मंत्रालय और संबंधित विभाग की ओर से क्या कार्रवाई की जाती है और लंबे समय से लंबित NH-56 के आम्बुआ–सेजवाड़ा हिस्से का निर्माण कार्य वास्तव में कब शुरू होता है।
