वर्ल्ड Homeopathy डे पर डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन को मिला सम्मान, “सेलिब्रिटी स्पीकर एंड मास्टर ऑफ होम्योपैथी” घोषित
लखनऊ में विश्व होम्योपैथी दिवस के अवसर पर आयोजित “Homeopathy 2026 मेडिकल कॉन्फ्रेंस” इस वर्ष एक विशेष उपलब्धि और सम्मान समारोह का केंद्र बना रहा। इस प्रतिष्ठित आयोजन में देशभर से आए होम्योपैथी विशेषज्ञों की मौजूदगी में प्रख्यात होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए “सेलिब्रिटी स्पीकर एंड मास्टर ऑफ होम्योपैथी” के सम्मान से नवाजा गया।
यह कार्यक्रम होम्योपैथी शक्ति फाउंडेशन द्वारा लखनऊ स्थित अटल बिहारी वाजपेयी कन्वेंशन सेंटर में भव्य रूप से आयोजित किया गया। इस आयोजन में चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े अनेक विशेषज्ञ, शोधकर्ता और गणमान्य अतिथि शामिल हुए, जिससे यह सम्मेलन एक राष्ट्रीय स्तर का महत्वपूर्ण मंच बन गया।
देशभर के विशेषज्ञों की उपस्थिति में मिला सम्मान
सम्मेलन के दौरान डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन को यह सम्मान उनके चिकित्सा क्षेत्र में किए गए उल्लेखनीय कार्यों, नवाचारों और सफल उपचार पद्धतियों के लिए प्रदान किया गया। मंच पर मौजूद विशेषज्ञों ने कहा कि उन्होंने होम्योपैथी चिकित्सा को आधुनिक दृष्टिकोण के साथ जोड़कर नई दिशा देने का प्रयास किया है।
डॉ. जैन के कार्यों को केवल भारत में ही नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सराहा गया है। उनके द्वारा अपनाई गई आधुनिक होम्योपैथिक पद्धतियों ने कई जटिल और गंभीर रोगों के उपचार में सकारात्मक परिणाम दिए हैं, जिससे उनकी पहचान एक उभरते हुए विशेषज्ञ के रूप में और मजबूत हुई है।
BRICS देशों में प्रतिनिधित्व और वैश्विक पहचान
डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन BRICS देशों के होम्योपैथिक प्रतिनिधि भी हैं। उनके कार्यों और शोध ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी पहचान दिलाई है।
उन्होंने विभिन्न जटिल रोगों के उपचार में अपने अनुभव और नवाचारों के माध्यम से यह साबित करने का प्रयास किया है कि होम्योपैथी केवल वैकल्पिक चिकित्सा नहीं, बल्कि एक प्रभावशाली और विकसित हो रही चिकित्सा प्रणाली भी है।
उनकी चिकित्सा पद्धति में आधुनिक तकनीक और पारंपरिक होम्योपैथिक सिद्धांतों का संतुलित उपयोग किया जाता है, जिसे देश-विदेश में विशेषज्ञों द्वारा सराहा जा रहा है।

भव्य आयोजन और ज्ञानवर्धक सत्र
इस अंतरराष्ट्रीय स्तर के सम्मेलन में देशभर से सैकड़ों होम्योपैथी विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सत्रों में चिकित्सा क्षेत्र के नए शोध, तकनीकी नवाचार, केस स्टडी और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि होम्योपैथी को अधिक वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ाने की आवश्यकता है, ताकि यह आम जनता के लिए और अधिक प्रभावी और विश्वसनीय बन सके।
उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक की मौजूदगी
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक सहित कई विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि होम्योपैथी जैसी वैकल्पिक चिकित्सा पद्धतियां आज के समय में स्वास्थ्य क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार पारंपरिक और वैकल्पिक चिकित्सा प्रणालियों को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है, ताकि लोगों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन का लक्ष्य और विचार
सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन ने कहा कि उनका उद्देश्य होम्योपैथी को वैश्विक स्तर पर एक प्रभावशाली और वैज्ञानिक चिकित्सा प्रणाली के रूप में स्थापित करना है।
उन्होंने कहा कि सही शोध, निरंतर अध्ययन और आधुनिक तकनीक के उपयोग से होम्योपैथी को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। उनका मानना है कि आने वाले वर्षों में यह चिकित्सा पद्धति वैश्विक स्वास्थ्य व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है।

Homeopathy 2026 सम्मेलन का महत्व
“होमियोशक्ति 2026” केवल एक सम्मेलन नहीं था, बल्कि यह होम्योपैथी चिकित्सा के भविष्य को दिशा देने वाला एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ। इसमें चिकित्सा जगत के विशेषज्ञों ने एक साथ आकर विचार साझा किए और आने वाले समय में इस क्षेत्र के विकास के लिए नई संभावनाओं पर चर्चा की।
इस आयोजन ने यह स्पष्ट किया कि होम्योपैथी अब केवल पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आधुनिक चिकित्सा विज्ञान के साथ मिलकर आगे बढ़ रही है।
निष्कर्ष
वर्ल्ड होम्योपैथी डे के अवसर पर आयोजित यह भव्य सम्मेलन डॉ. अर्पित चोपड़ा जैन के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हुआ। “सेलिब्रिटी स्पीकर एंड मास्टर ऑफ होम्योपैथी” का सम्मान उनके अब तक के योगदान की बड़ी मान्यता है।
यह आयोजन न केवल उनके लिए बल्कि पूरे होम्योपैथी समुदाय के लिए प्रेरणादायक रहा, जिसने चिकित्सा क्षेत्र में नई दिशा और संभावनाओं के द्वार खोले हैं।
