भारत में बनेगी पहली मेड-इन-इंडिया सेमीकंडक्टर चिप, IT मंत्री अश्विनी वैष्णव का ऐलान
नई दिल्ली, अगस्त 2025:
भारत जल्द ही अपनी पहली मेड-इन-इंडिया सेमीकंडक्टर चिप लॉन्च करने जा रहा है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि गुजरात के साणंद में CG Semi की पायलट लाइन से तैयार चिप को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बहुत जल्द देश को समर्पित करेंगे।
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदम
सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस लिमिटेड की सहायक कंपनी CG Semi ने गुजरात के साणंद में देश की पहली पूर्ण-सेवा OSAT (Outsource Semiconductor Assembly and Test) सुविधा शुरू की है। इसके लिए कंपनी ने पांच वर्षों में करीब 7,600 करोड़ रुपये निवेश की योजना बनाई है।
मंत्री वैष्णव ने कहा कि यह कदम प्रधानमंत्री मोदी के सेमीकंडक्टर मिशन और आत्मनिर्भर भारत विजन को साकार करेगा। उन्होंने बताया कि भारत में पहली बार पूरी तरह से स्वदेशी रूप से डिजाइन और निर्मित 28-90nm नोड वाली सेमीकंडक्टर चिप्स इस साल बाजार में उपलब्ध होंगी।
सुविधाएं और रोजगार सृजन
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G1 यूनिट की क्षमता: प्रतिदिन 0.5 मिलियन यूनिट
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G2 यूनिट (निर्माणाधीन): 2026 तक पूरी होगी, क्षमता 14.5 मिलियन यूनिट प्रतिदिन
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रोजगार: 5,000 से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष नौकरियां

वैश्विक कंपनियों का सहयोग
यह प्रोजेक्ट केंद्र और राज्य सरकारों के साथ-साथ Renesas और Stars Microelectronics जैसी वैश्विक कंपनियों के सहयोग से तैयार हो रहा है। इसके अलावा अमेरिकी सेमीकंडक्टर दिग्गज Micron Technology भी साणंद में अपना बड़ा निवेश कर रही है।
भारत के लिए गेमचेंजर साबित होगा
विशेषज्ञों का मानना है कि 28-90nm नोड्स पर आधारित यह चिप भारत को मोबाइल, कंप्यूटर, ऑटोमोबाइल, रक्षा और स्पेस सेक्टर में आत्मनिर्भर बनाएगी। पश्चिमी देश जहां एडवांस नोड्स पर ध्यान दे रहे हैं, वहीं भारत इस मिड-नोड टेक्नोलॉजी के जरिए बड़े बाजार हिस्से पर कब्जा कर सकता है।
मंत्री का विजन
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि “हमने लंबे समय से एक सपना देखा था कि भारत अपनी खुद की चिप बनाए। अब यह सपना हकीकत बनने जा रहा है।” उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में भारत को अपना खुद का IP, प्रोडक्ट, डिजाइन और स्टैंडर्ड विकसित करना होगा।
