Vishwakarma Puja Mahotsav: धार में उत्साहपूर्वक मनाया भगवान विश्वकर्मा पूजन महोत्सव, शोभायात्रा में उमड़ा समाज
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और नृत्य प्रतियोगिता ने मोहा मन, समाज की प्रतिभाओं का सम्मान; नवनियुक्त पदाधिकारियों ने ली शपथ
महेश कुमार वर्मा, सरदारपुर तहसील संवाददाता
धार। नया गुजराती लोहार समाज जन जागृति समिति, धार के तत्वावधान में भगवान श्री विश्वकर्मा पूजन महोत्सव गुरुवार को श्रद्धा, उत्साह और सामाजिक एकता के साथ मनाया गया। रतलाम रोड स्थित मुनीम जी पैलेस में आयोजित इस भव्य समारोह में समाज के पंचों, पदाधिकारियों, वरिष्ठजनों, महिलाओं, युवाओं और बच्चों ने बड़ी संख्या में सहभागिता की। पूरे कार्यक्रम में धार्मिक आस्था, सामाजिक सद्भाव और पारिवारिक वातावरण देखने को मिला।
भगवान विश्वकर्मा को सृजन, निर्माण, शिल्प, वास्तुकला और तकनीकी कौशल का आराध्य माना जाता है। इस अवसर पर समाजजनों ने उनकी पूजा-अर्चना कर परिवार, समाज और देश की सुख-समृद्धि एवं उन्नति की कामना की। आयोजन के माध्यम से नई पीढ़ी को सामाजिक परंपराओं और भगवान विश्वकर्मा के आदर्शों से परिचित कराने का प्रयास भी किया गया।
पूजन एवं यज्ञ से हुआ महोत्सव का शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान श्री विश्वकर्मा की विधिवत पूजा और यज्ञ के साथ हुआ। समाजजनों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। श्रद्धालुओं ने भगवान विश्वकर्मा से जीवन में परिश्रम, कौशल, सृजनशीलता और सफलता का आशीर्वाद मांगा।
धार्मिक अनुष्ठान के दौरान मुनीम जी पैलेस का परिसर भगवान विश्वकर्मा के जयकारों से गूंज उठा। समाज के वरिष्ठजनों ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा का जीवन हमें मेहनत, ईमानदारी और सृजन के माध्यम से समाज एवं राष्ट्र की प्रगति में योगदान देने की प्रेरणा देता है।
भव्य शोभायात्रा में शामिल हुए समाजजन
पूजा एवं यज्ञ के पश्चात भगवान विश्वकर्मा की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इसमें समाज के महिला-पुरुषों, युवाओं और बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष धार्मिक उत्साह दिखाई दिया। समाजजन भगवान विश्वकर्मा के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे।
शोभायात्रा ने समाज की एकजुटता और धार्मिक आस्था का परिचय दिया। आयोजन स्थल पर पहुंचने के बाद समाजजनों ने पुनः भगवान की आरती की और सभी के कल्याण की मंगल कामना की। समाज के पदाधिकारियों ने शोभायात्रा में अनुशासन बनाए रखने और सहयोग करने वाले सभी लोगों के प्रति आभार जताया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
महोत्सव के दौरान विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम और नृत्य प्रतियोगिता आयोजित की गई। समाज के बच्चों एवं युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतिभागियों की प्रस्तुतियों ने उपस्थित समाजजनों और अतिथियों का मन मोह लिया।
नृत्य प्रतियोगिता के माध्यम से प्रतिभागियों ने कला, संस्कृति और सामाजिक परंपराओं की सुंदर झलक प्रस्तुत की। उपस्थित लोगों ने तालियों के साथ उनका उत्साहवर्धन किया। समाज के वरिष्ठजनों ने कहा कि इस तरह के मंच बच्चों और युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देते हैं तथा उनमें आत्मविश्वास का विकास करते हैं।
समाज की प्रतिभाओं का हुआ सम्मान
समारोह में अलग-अलग क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियां प्राप्त करने वाली समाज की प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। पदाधिकारियों ने कहा कि प्रतिभाशाली बच्चों और युवाओं का सम्मान करने से उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। साथ ही अन्य विद्यार्थियों एवं युवाओं को भी शिक्षा, कला, खेल और सामाजिक सेवा में बेहतर प्रदर्शन करने का प्रोत्साहन प्राप्त होता है।
समाजजनों ने प्रतिभा सम्मान की पहल की सराहना करते हुए कहा कि समाज की प्रगति के लिए शिक्षा एवं कौशल विकास को प्राथमिकता देना आवश्यक है। नई पीढ़ी की उपलब्धियों को पहचानना और उन्हें सही मार्गदर्शन देना संगठन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
नवनियुक्त पदाधिकारियों को दिलाई शपथ
कार्यक्रम में नया गुजराती लोहार समाज जन जागृति समिति के नवनियुक्त पदाधिकारियों को नियुक्ति-पत्र वितरित किए गए। इसके पश्चात उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। पदाधिकारियों ने समाज की एकता, सेवा, संगठन और विकास के लिए समर्पित होकर कार्य करने का संकल्प लिया।
महोत्सव में नया गुजराती लोहार समाज केंद्रीय समिति के अध्यक्ष बाबूलाल जी की गरिमामयी उपस्थिति रही। उन्होंने समाजजनों को विश्वकर्मा पूजन महोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समाज की उन्नति के लिए सभी को मतभेद भुलाकर मिलजुलकर कार्य करना चाहिए। शिक्षा, संगठन और आपसी सहयोग के माध्यम से समाज को मजबूत बनाया जा सकता है।
महाप्रसादी के साथ हुआ समापन
समारोह के अंत में समाजजनों के लिए भोजन महाप्रसादी आयोजित की गई। सभी ने सामूहिक रूप से प्रसादी ग्रहण की। कार्यक्रम में समाज की एकजुटता, आपसी सद्भाव और भाईचारे का वातावरण दिखाई दिया।
समिति अध्यक्ष मुलालाल लोहार ने अतिथियों, समाजजनों, पदाधिकारियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा के आदर्शों से प्रेरणा लेते हुए समिति समाज के विकास, शिक्षा, प्रतिभा प्रोत्साहन और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में निरंतर कार्य करेगी। आयोजन को सफल बनाने में समिति के समस्त पदाधिकारियों और समाजजनों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
