—Advertisement—

रेउला पंचायत में पुलिया निर्माण पर भ्रष्टाचार के आरोप, ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच की मांग की

Author Picture
Published On: 9 July 2026
रेउला

—Advertisement—

लोकधन की लूट,
रेउला ग्राम पंचायत में निर्माणाधीन पुलिया पर मानकों की अनदेखी के आरोप, ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की उठाई मांग

भारी बारिश के बीच निर्माण कार्य जारी रहने पर गुणवत्ता पर सवाल, तकनीकी निरीक्षण, कार्यस्थल पर स्टीमेट प्रदर्शित करने और जिम्मेदार अधिकारियों से जवाबदेही तय करने की मांग।
कोतमा (राजकिशोर सोनी)।

जनपद पंचायत अनूपपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत रेउला में निर्माणाधीन मेन रोड से चिलम डोगरी पहुंच मार्ग जिसकी लागत सचिव विमल साहू ने ₹ पांच लाख बताया है, पुलिया के कार्य को लेकर ग्रामीणों ने निर्माण गुणवत्ता और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठाए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य भारी वर्षा के दौरान कराया जा रहा है, जिससे निर्धारित तकनीकी मानकों के पालन पर संदेह उत्पन्न हो रहा है। ग्रामीणों ने यह भी दावा किया है कि कार्यस्थल पर स्वीकृत प्राक्कलन (स्टीमेट) एवं अन्य आवश्यक जानकारी सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित नहीं की जा रही है, जिससे कार्य की पारदर्शिता प्रभावित हो रही है।

ग्रामीणों के अनुसार निर्माण विभाग के संबंधित ग्राम पंचायत के जिम्मेदार अधिकारियों की निगरानी में कार्य किया जा रहा है, लेकिन गुणवत्ता संबंधी शंकाओं के बावजूद निर्माण जारी है। उनका कहना है कि यदि वर्षा के दौरान बिना आवश्यक तकनीकी सावधानियों के निर्माण किया गया तो भविष्य में पुलिया की मजबूती और आमजन की सुरक्षा प्रभावित हो सकती है।

ग्रामीणों ने मांग की है कि निर्माणाधीन पुलिया का स्वतंत्र तकनीकी निरीक्षण कराया जाए तथा उपयोग की जा रही सामग्री, कार्य की गुणवत्ता और स्वीकृत डिजाइन का भौतिक सत्यापन किया जाए। साथ ही पंचायत स्तर पर स्वीकृत स्टीमेट, प्रशासनिक स्वीकृति, तकनीकी स्वीकृति एवं गुणवत्ता परीक्षण संबंधी अभिलेख सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराए जाएं ताकि किसी प्रकार की शंका न रहे।
संभावित प्रशासनिक एवं कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया

यदि शिकायत प्राप्त होती है तो सक्षम प्रशासन निम्न बिंदुओं पर कार्रवाई कर सकता है—
निर्माण कार्य का तत्काल तकनीकी निरीक्षण कराया जा सकता है।
आवश्यक होने पर निर्माण कार्य की गुणवत्ता परीक्षण (Quality Test) कराया जा सकता है।

स्वीकृत स्टीमेट, माप पुस्तिका (Measurement Book), सामग्री उपयोग एवं भुगतान संबंधी अभिलेखों की जांच की जा सकती है।
यदि जांच में तकनीकी मानकों का उल्लंघन या वित्तीय अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारियों, ठेकेदार अथवा जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध प्रचलित नियमों के अनुसार विभागीय एवं विधिक कार्रवाई की जा सकती है।

आवश्यकता पड़ने पर दोषपूर्ण निर्माण को सुधारने अथवा पुनर्निर्माण के निर्देश भी दिए जा सकते हैं।
हां भारी भ्रष्टाचार पुलिया निर्माण में किया जा रहा है ना सीमेंट लगाया जा रहा है ना गुणवत्ता युक्त समान लगाया जा रहा है जिससे जांच करवाना है जांच करवा लो।
विमल साहू
सचिव
ग्राम पंचायत रेला जनपद पंचायत अनूपपुर मध्य प्रदेश

कुमकुम सोनी स्वराज वाणी न्यूज मे कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत है। इन्होंने स्नातक पत्रकारिता एवं जनसंचार से की है। यह विशेषतः राजनीति एवं भू-राजनीति से जुड़े मुद्दों का गहन विशलेषण कर सरल भाषा में आम जनता के समक्ष प्रस्तुत करने का प्रयास करती है।… Read More

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp