विदिशा में पंचमी पर्व पर भव्य विमानोत्सव, चांदी के विमान रथ में निकले भगवान महावीर
विदिशा। श्री शीतलनाथ दिगम्बर जैन बड़ा मंदिर में वार्षिक विमानोत्सव पंचमी पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 को सुबह 11:30 बजे पूज्य मुनि श्री 108 निर्णय सागरजी महाराज ससंघ के सानिध्य में विशाल चल समारोह निकाला गया। अंदर किला स्थित मंदिर से शुरू हुए समारोह में भगवान महावीर चांदी के विमान रथ में विराजमान होकर निकले। नगर के प्रमुख मार्गों से होकर समारोह वापस बड़ा जैन मंदिर पहुंचा, जहां पूजन, कलशाभिषेक और प्रवचन आयोजित हुए।
श्री शीतलनाथ दिगम्बर जैन बड़ा मंदिर ट्रस्ट के प्रवक्ता डॉ. मक्खन लाल जैन ने बताया कि मंदिर 500 वर्ष से अधिक प्राचीन है। यहां आयोजित वार्षिक विमानोत्सव में सकल जैन समाज ने सहभागिता की। युवाओं, विद्यार्थियों और विभिन्न परिवारों की उपस्थिति में धार्मिक कार्यक्रम संपन्न हुए।
अंदर किला से प्रारंभ हुआ विशाल चल समारोह
विमानोत्सव का चल समारोह श्री शीतलनाथ दिगम्बर जैन बड़ा मंदिर, अंदर किला से प्रारंभ हुआ। समारोह बजरिया, तिलक चौक, निकासा, किरी मोहल्ला, माधवगंज और पेड़ी चौराहा होते हुए वापस मंदिर पहुंचा। इस निर्धारित मार्ग पर समाज के सदस्य भगवान के विमान रथ के साथ चलते रहे।
चल समारोह में धार्मिक पताकाएं, जिनवाणी और संतों के कटआउट शामिल रहे। अलग-अलग समूहों की सहभागिता के साथ आयोजन आगे बढ़ा। मंदिर से निकलने और वापस पहुंचने तक समारोह में समाज की सामूहिक उपस्थिति रही। नगर के प्रमुख मार्गों से होकर निकला यह चल समारोह वार्षिक विमानोत्सव का प्रमुख हिस्सा था।
चांदी के विमान में विराजमान हुए भगवान
समारोह में श्री महावीर भगवान चांदी के विमान में विराजमान थे। विमान के दोनों ओर चांदी के मेरु रथ की शोभा बढ़ा रहे थे। भगवान के विमान के साथ श्रद्धालु चल समारोह में शामिल हुए। आयोजन में चांदी के विमान रथ की विशेष उपस्थिति रही।
बग्घी पर जिनवाणी लेकर इंद्र-इंद्राणी विराजमान हुए। इसके साथ आचार्यश्री और मुनिराज के कटआउट समारोह की शोभा बढ़ा रहे थे। जिनवाणी, भगवान के विमान और धार्मिक पताकाओं के साथ निकले समारोह में जैन समाज के विभिन्न सदस्य सहभागी बने। इन सभी व्यवस्थाओं ने आयोजन को धार्मिक स्वरूप प्रदान किया।
आध्यात्मिक भजनों पर नृत्य करते चले युवा
अखिल भारतीय जैन युवा फेडरेशन के सदस्य आध्यात्मिक भजनों की थाप पर नृत्य करते हुए चल समारोह में शामिल हुए। युवाओं ने सामूहिक रूप से आयोजन में भाग लिया। भजनों के साथ समारोह नगर के मार्गों पर आगे बढ़ता रहा।
ज्ञानोदय तीर्थ, दीवानगंज से प्राचार्य शुभम शास्त्री और 70 से अधिक विद्यार्थी भी उपस्थित रहे। विद्यार्थी जैन धर्म की पताका लहराते हुए चल रहे थे। प्राचार्य के साथ विद्यार्थियों की सहभागिता समारोह का उल्लेखनीय हिस्सा रही। युवा फेडरेशन और विद्यार्थियों ने धार्मिक गतिविधि में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
मंदिर में पूजन और कलशाभिषेक संपन्न
बड़ा जैन मंदिर पहुंचने के बाद आचार्यश्री की पूजन की गई। विभिन्न मंदिरों के ट्रस्ट, मुनिसेवक संघ सहित अन्य सहभागियों ने इसमें भाग लिया। इसके उपरांत कलशाभिषेक और पूजन के कार्यक्रम संपन्न हुए। पूज्य मुनिश्री के प्रवचन भी हुए।
कलशाभिषेक का सौभाग्य रितेश जैन करैया परिवार, सुभाष चंद जैन एवं डॉ. राहुल जैन परिवार और शिखरचंद शराफ अलंकार परिवार को मिला। अनिल सिंघई बाटा वाले परिवार, राजकुमार प्रिंस परिवार तथा मलुकचंद खेरुआ परिवार सहित अन्य परिवारों ने भी कलशाभिषेक में सहभागिता की। मंदिर में धार्मिक कार्यक्रम क्रमवार आयोजित हुए।
डिप्टी कलेक्टर और एसडीएम हुए शामिल


कार्यक्रम में डिप्टी कलेक्टर नितिन जैन और एसडीएम अनुराग जैन शामिल रहे। सकल जैन समाज की उपस्थिति में विमानोत्सव की गतिविधियां संपन्न हुईं। विभिन्न परिवारों, युवाओं और विद्यार्थियों की सहभागिता के साथ मंदिर में पूजन तथा प्रवचन हुए।
कार्यक्रम के उपरांत सभी के लिए वात्सल्य भोज आयोजित किया गया। प्रवक्ता डॉ. मक्खन लाल जैन ने बताया कि भोज सानंद संपन्न हुआ। चल समारोह से लेकर मंदिर में आयोजित धार्मिक कार्यक्रमों और भोज तक समाज के सदस्यों की सहभागिता बनी रही।
ट्रस्ट पदाधिकारियों ने सहयोगियों का माना आभार


ट्रस्ट अध्यक्ष मलुकचंद जैन, रवि पटेल, एडवोकेट चक्रवर्ती, वीरेंद्र मानपुर, प्रकाश सिंघई, राकेश मोदी और संजय अलंकार ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वालों का आभार माना।
रीतेश करैया, डॉ. एम.एल. जैन, इंजीनियर सुरेंद्र जैन और राजकुमार प्रिंस सहित अन्य सदस्यों ने भी आयोजन में सहभागिता एवं सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। मंदिर ट्रस्ट की ओर से प्रवक्ता डॉ. मक्खन लाल जैन ने विमानोत्सव की जानकारी साझा की।
