वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव में बच्चों संग हर्षोल्लास, बिस्कुट वितरण, संस्कार शिक्षा और प्रेरणादायक संदेशों से समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ।
वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव: बच्चों संग संस्कार और खुशियों का संगम
वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव का आयोजन
भिंड, 13 अप्रैल:
भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट, भिंड द्वारा आज वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव के रूप में एक सराहनीय पहल की गई। इस अवसर पर ट्रस्ट के सदस्यों ने एक स्थानीय विद्यालय में जाकर शिक्षक एवं बच्चों के साथ हर्षोल्लासपूर्वक पर्व मनाया।यह आयोजन न केवल एक उत्सव था, बल्कि सामाजिक जागरूकता और संस्कारों को बढ़ावा देने का भी माध्यम बना।
बच्चों के साथ उत्साहपूर्ण मनाया गया पर्व
इस विशेष अवसर पर बच्चों के बीच बिस्कुट एवं टॉफियाँ वितरित की गईं। बच्चों के चेहरों पर खुशी और उत्साह साफ झलक रहा था।
वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव के दौरान बच्चों को न केवल आनंद मिला, बल्कि उन्हें सामाजिक मूल्यों से भी परिचित कराया गया।
शिक्षा और संस्कार का संदेश
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों ने बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि—
- वे अपने गुरुजनों का सम्मान करें
- माता-पिता की बातों का पालन करें
- अपनी पढ़ाई पर विशेष ध्यान दें
उन्होंने यह भी बताया कि यही मूल्य उन्हें भविष्य में एक अच्छा नागरिक बनने में मदद करेंगे।वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव का मुख्य उद्देश्य बच्चों में शिक्षा और संस्कारों का समावेश करना रहा।
कार्यक्रम में उपस्थित पदाधिकारी
इस अवसर पर कई प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें शामिल हैं—
- प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती सुमन चतुर्वेदी
- प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती मधु शर्मा
- प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती सरिता पाठक
- प्रदेश उपाध्यक्ष श्री कुणाल शर्मा
- श्री सुमित पाठक
इन सभी की उपस्थिति ने कार्यक्रम को और अधिक गरिमामय बनाया।
राष्ट्रीय अध्यक्ष का संदेश
राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री सुनील सिंह यादव ने वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव के अवसर पर सभी को शुभकामनाएँ देते हुए कहा—“ऐसे सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। बच्चों में अच्छे संस्कार और शिक्षा का समावेश ही राष्ट्र निर्माण की नींव है।”उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि ट्रस्ट भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन करता रहेगा।
समाजहित में ट्रस्ट की भूमिका
कार्यक्रम में संगठन के अन्य सदस्य भी सक्रिय रूप से उपस्थित रहे, जिनमें—
- शिवम तिवारी
- कृष्णा यादव
- डॉ. प्रेम कुमार वैद्य
- रामवेश सिंह राजावत
- युवराज सिंह राठौर
- मनीष गुप्ता
- जीवनलाल जैन (चाय वाले)
सभी ने संयुक्त रूप से कहा कि बच्चों के बीच जाकर उन्हें शिक्षा एवं संस्कारों के प्रति जागरूक करना एक अत्यंत सराहनीय पहल है।वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव जैसे आयोजन समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
निष्कर्ष
वैशाखी पर्व भिंड स्कूल उत्सव ने यह साबित कर दिया कि छोटे-छोटे प्रयास भी समाज में बड़े बदलाव ला सकते हैं।बच्चों के साथ मनाया गया यह पर्व न केवल खुशियों का अवसर बना, बल्कि उन्हें जीवन के महत्वपूर्ण मूल्यों से भी जोड़ गया।भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट का यह प्रयास निश्चित रूप से समाज के लिए प्रेरणादायक है।
