पड़ाना में दो माह से अधूरी नालियां, घरों के सामने खुले गड्ढों से हादसे का डर
पड़ाना। केंद्रीय सड़क निधि के तहत करीब 65.5 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे 25.50 किलोमीटर लंबे मऊ–तलेन मार्ग के साथ नाली निर्माण अधूरा होने से रहवासी परेशान हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार करीब दो माह पहले नालियों के लिए गड्ढे खोदकर सरिया लगाया गया, लेकिन निर्माण पूरा नहीं हुआ। घरों के सामने खुले गड्ढों में पानी और कीचड़ भरने से आवाजाही प्रभावित हो रही है। कई परिवारों को घर से निकलने के लिए पटिए का सहारा लेना पड़ रहा है।
ग्राम पंचायत सचिव श्रीलाल नगर ने मौके पर पहुंचकर स्थिति देखी और लोक निर्माण विभाग के एसडीओ अक्षय महाजन से चर्चा की। सचिव के अनुसार एसडीओ ने जल्द नाली निर्माण कार्य शुरू कराने की बात कही है। वहीं विभाग ने ठेकेदार को काम में तेजी लाने के निर्देश देने की जानकारी दी है।
खुदाई और सरिया लगाने के बाद रुका निर्माण
रहवासियों का कहना है कि सड़क निर्माण के साथ पानी निकासी के लिए नालियां बनाई जा रही हैं। कई स्थानों पर खुदाई कर सरिया लगा दिया गया, लेकिन आगे का काम अधूरा छोड़ दिया गया। लंबे समय से खुले पड़े गड्ढे अब लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार घर का दरवाजा खोलते ही सामने गड्ढा होने से गिरने का खतरा रहता है। गड्ढों में लगे सरियों के कारण चिंता और बढ़ जाती है। रहवासियों ने मांग की है कि घरों के सामने अधूरे निर्माण को प्राथमिकता से पूरा किया जाए।
पटिए के सहारे निकल रहे परिवार
कई घरों के सामने नाली की खुदाई होने से प्रवेश और निकास प्रभावित है। लोगों को गड्ढों के ऊपर पटिए रखकर रास्ता बनाना पड़ रहा है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि बच्चों और बुजुर्गों के लिए इस तरह घर से निकलना कठिन हो गया है।
बारिश के बाद गड्ढों में पानी और कीचड़ जमा होने से स्थिति अधिक खराब हो जाती है। घरों के सामने जलभराव और गंदगी बनी रहती है। रहवासियों का कहना है कि सड़क के साथ जल निकासी की व्यवस्था पूरी होने पर ही उन्हें इस समस्या से राहत मिलेगी।
एसडीएम और सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत
स्थानीय निवासी इस्माइल मंसूरी ने बताया कि नाली का काम अधूरा छोड़ने से घरों के सामने कीचड़ और गंदगी फैल रही है। वाहन चालकों के फिसलने का खतरा भी बना रहता है। उनके अनुसार समस्या की शिकायत सारंगपुर एसडीएम और सीएम हेल्पलाइन पर की गई, लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ।
उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण के साथ पानी निकासी की व्यवस्था जरूरी है। खुदाई के बाद काम पूरा नहीं होने से रोजमर्रा की आवाजाही प्रभावित हो रही है। रहवासियों ने जिम्मेदार अधिकारियों से निर्माण शीघ्र पूरा कराने की मांग की है।
पंचायत सचिव ने किया निरीक्षण
ग्राम पंचायत सचिव श्रीलाल नगर ने मौके पर जाकर अधूरी नालियों और जलभराव की स्थिति देखी। उन्होंने पीडब्ल्यूडी एसडीओ अक्षय महाजन को फोन कर समस्या से अवगत कराया। गोदरेज कंस्ट्रक्शन कंपनी के मैनेजर से भी संपर्क किया गया।
सचिव के अनुसार एसडीओ ने जल्द नाली निर्माण शुरू कराने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के दौरान रहवासियों की परेशानी अधिकारियों तक पहुंचाई गई। अब स्थानीय लोगों को काम शुरू होने और सुरक्षित रास्ता मिलने की प्रतीक्षा है।
मुख्य मार्ग पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित
जनपद प्रतिनिधि सोनू मंसूरी, युवा नेता ओम परमार, इस्माइल भाई मंसूरी, फारुख भाई मंसूरी और यासिर खान ने बताया कि मुख्य मार्ग पर दिन-रात वाहनों की आवाजाही रहती है। अधूरी नालियों एवं जलभराव से सड़क किनारे रास्ता संकरा हो गया है।
उनके अनुसार कई बार वाहन फंसने और अनियंत्रित होने की स्थिति बनती है। ठेकेदार तथा अधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद काम आगे नहीं बढ़ा।
पीडब्ल्यूडी ने कहा—काम में तेजी के निर्देश
लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन यंत्री दीपक कुमार ने बताया कि विभाग समस्या को लेकर गंभीर है। कुछ स्थानीय तकनीकी रुकावटों के कारण नाली निर्माण में अस्थायी देरी हुई है। संबंधित ठेकेदार को काम में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। रहवासी क्षेत्रों में प्राथमिकता के आधार पर नाली निर्माण पूरा कराया जाएगा।
