पीएम श्री विद्यालय बम्होरी में उमंग दिवस पर विद्यार्थियों को नशे और अपराध से दूर रहने का संदेश
पुलिसकर्मियों ने मोबाइल की लत, नशे, भेदभाव और विवादों से दूर रहकर पढ़ाई पर ध्यान देने की दी समझाइश
बम्होरी। पीएम श्री शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बम्होरी में उमंग दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बम्होरी थाना पुलिस के कर्मचारियों ने विद्यार्थियों को नशे, अपराध, मोबाइल की लत और आपसी विवादों से दूर रहने की समझाइश दी। साथ ही विद्यार्थियों को शिक्षा पर ध्यान केंद्रित कर अपने भविष्य के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में बम्होरी थाना से प्रधान आरक्षक महेंद्र सिंह, आरक्षक नागेंद्र सिंह राजपूत, महिला आरक्षक पूजा और आरक्षक राजेंद्र उइके मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन विद्यालय के प्राचार्य राजेश शर्मा के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम प्रभारी के रूप में श्रीमती मीनापुरी गोस्वामी, गजाला इकबाल, हेमंत लोधी और सुधींद्र शर्मा ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। मंच संचालन जगदीश धाकड़ ने किया।

नशे और मोबाइल की लत से दूर रहने की समझाइश
आरक्षक नागेंद्र सिंह राजपूत ने विद्यार्थियों को मोबाइल के अत्यधिक उपयोग और नशे से होने वाले नुकसान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को गुटखा, शराब और अन्य नशीले पदार्थों से दूर रहना चाहिए। नशे की आदत व्यक्ति के स्वास्थ्य के साथ-साथ उसके परिवार और सामाजिक जीवन को भी प्रभावित करती है।
उन्होंने विद्यार्थियों को “नशे की दूरी बहुत जरूरी” का संदेश देते हुए अपने भविष्य पर ध्यान केंद्रित करने और गलत आदतों से बचने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी अपने समय का सदुपयोग पढ़ाई और सकारात्मक गतिविधियों में करें।
भेदभाव से बचने और बाल सुरक्षा पर जोर
महिला आरक्षक पूजा ने विद्यार्थियों को जातिगत भेदभाव से दूर रहने और आपसी एकता बनाए रखने की समझाइश दी। उन्होंने कहा कि सभी भारतीयों को मिल-जुलकर रहना चाहिए और समाज में भेदभाव की भावना को बढ़ावा नहीं देना चाहिए।
उन्होंने छात्राओं को गुड टच और बैड टच के बारे में जानकारी दी। साथ ही समझाया कि यदि उन्हें किसी व्यक्ति के व्यवहार से असहजता महसूस हो, तो वे तुरंत अपने माता-पिता, शिक्षक या किसी विश्वसनीय व्यक्ति को इसकी जानकारी दें। उन्होंने छात्राओं को अपनी सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया।
पढ़ाई को बनाएं प्राथमिकता
आरक्षक राजेंद्र उइके ने विद्यार्थियों को पढ़ाई को अपना मुख्य लक्ष्य बनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि छात्रों को लड़ाई-झगड़े और विवादों से बचना चाहिए, क्योंकि आपराधिक रिकॉर्ड भविष्य में नौकरी प्राप्त करने में परेशानी का कारण बन सकता है।
उन्होंने विद्यार्थियों से अपने आचरण, शिक्षा और भविष्य के लक्ष्यों पर ध्यान देने का आह्वान किया। साथ ही उन्हें मेहनत और अनुशासन के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थी पुरस्कृत
कार्यक्रम के अंत में विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को अतिथियों द्वारा पुरस्कृत किया गया। पुरस्कार प्राप्त कर विद्यार्थियों में उत्साह दिखाई दिया। विद्यालय प्रबंधन ने कार्यक्रम में उपस्थित पुलिसकर्मियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यार्थियों को दी गई जानकारी और मार्गदर्शन उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए उपयोगी साबित होगा।
