Silwani क्षेत्रीय विकास परिषद का सर्वसम्मति से चुनाव सम्पन्न : श्री Alok Shrivastava बने अध्यक्ष, नई कार्यकारिणी घोषित
Silwani (संवाददाता)।
क्षेत्र के सामाजिक, शैक्षिक एवं विकासात्मक कार्यों को गति देने के उद्देश्य से सक्रिय क्षेत्रीय विकास परिषद, सिलवानी का चुनाव इस बार भी शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और सर्वसम्मति के वातावरण में सम्पन्न हुआ। पिछले लगभग 20 वर्षों से निरंतर संचालित यह परिषद क्षेत्र में विकास और सामाजिक समन्वय का एक महत्वपूर्ण मंच मानी जाती है, जहाँ हर बार सभी निर्णय आपसी सहमति से लिए जाते हैं।
इस बार हुए चुनाव में परिषद के वरिष्ठ पदों पर नए पदाधिकारियों का चयन सर्वसम्मति से किया गया, जिसमें क्षेत्र के प्रतिष्ठित अधिवक्ता श्री Alok Shrivastava को परिषद का नया अध्यक्ष चुना गया। उनके चयन के बाद उपस्थित सदस्यों और नागरिकों में उत्साह का माहौल देखा गया।
दो दशक से चल रही सर्वसम्मति की परंपरा
क्षेत्रीय विकास परिषद की सबसे बड़ी विशेषता इसकी लोकतांत्रिक और सौहार्दपूर्ण कार्यप्रणाली है। पिछले दो दशकों से यह परिषद बिना किसी विवाद के, आपसी सहमति और चर्चा के माध्यम से अपनी कार्यकारिणी का गठन करती आ रही है।
यह परंपरा न केवल संगठन की मजबूती को दर्शाती है, बल्कि यह भी सिद्ध करती है कि स्थानीय स्तर पर भी सामूहिक निर्णय और सहयोग से मजबूत संस्थान खड़े किए जा सकते हैं। इस बार भी यही परंपरा कायम रही और सभी पदों पर निर्विरोध चयन हुआ।
अध्यक्ष पद पर सर्वसम्मति से चुने गए श्री Alok Shrivastava
चुनाव प्रक्रिया के दौरान क्षेत्र के वरिष्ठ अधिवक्ता श्री आलोक श्रीवास्तव के नाम पर सभी सदस्यों ने एकमत होकर सहमति जताई। उन्हें परिषद का अध्यक्ष चुना गया।
श्री श्रीवास्तव लंबे समय से क्षेत्र में सामाजिक, कानूनी और विकासात्मक गतिविधियों से जुड़े हुए हैं। उनकी छवि एक सक्रिय, निष्पक्ष और जनहित के प्रति समर्पित व्यक्ति के रूप में रही है। उनके चयन को परिषद के भविष्य के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
अध्यक्ष चुने जाने के बाद श्री श्रीवास्तव ने सभी सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे परिषद के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने के लिए पूरी निष्ठा और ईमानदारी से कार्य करेंगे।
उपाध्यक्ष, सचिव, कोषाध्यक्ष और प्रवक्ता पदों पर भी सर्वसम्मति
केवल अध्यक्ष ही नहीं, बल्कि परिषद के अन्य महत्वपूर्ण पदों पर भी सर्वसम्मति से चयन किया गया। बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों ने मिलकर निम्न पदाधिकारियों के नामों को स्वीकृति दी—
- उपाध्यक्ष: श्री एम. एस. लुकमान एवं श्री पुनीत समैया
- सचिव: श्री सुनील वैद्य
- कोषाध्यक्ष: श्री संजीव जैन (जेके)
- प्रवक्ता: श्री वैभव जैन ‘मस्ताना’
इन सभी पदाधिकारियों के चयन को भी परिषद की एकजुटता और सामूहिक निर्णय प्रक्रिया का परिणाम माना जा रहा है।

चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह शांतिपूर्ण रही
पूरा चुनाव कार्यक्रम अत्यंत शांतिपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ। किसी भी प्रकार का विवाद या मतभेद सामने नहीं आया, जो परिषद की मजबूत आंतरिक एकता को दर्शाता है।
बैठक के दौरान सभी सदस्यों ने अपने-अपने विचार रखे और क्षेत्र के विकास को प्राथमिकता देते हुए अंतिम निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। यह प्रक्रिया स्थानीय लोकतांत्रिक परंपराओं का एक उत्कृष्ट उदाहरण मानी जा रही है।
क्षेत्रीय विकास परिषद की भूमिका और महत्व
क्षेत्रीय विकास परिषद केवल एक संगठन नहीं है, बल्कि यह सिलवानी क्षेत्र के सामाजिक और विकासात्मक ढांचे का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है। इस परिषद के माध्यम से क्षेत्र में शिक्षा, सामाजिक सहयोग, जनजागरूकता, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और विकास से जुड़े कई कार्य किए जाते हैं।
पिछले वर्षों में परिषद ने स्थानीय समस्याओं को उठाने और उनके समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। चाहे वह शिक्षा से जुड़े मुद्दे हों या सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने की पहल, परिषद हमेशा सक्रिय रही है।
नवीन कार्यकारिणी से उम्मीदें
नवगठित कार्यकारिणी से क्षेत्रवासियों को काफी उम्मीदें हैं। सभी पदाधिकारियों से अपेक्षा की जा रही है कि वे मिलकर क्षेत्र के विकास कार्यों को नई गति देंगे।
अध्यक्ष श्री आलोक श्रीवास्तव के नेतृत्व में परिषद से यह अपेक्षा है कि—
- शिक्षा के क्षेत्र में सुधारात्मक पहल की जाएगी
- युवाओं के लिए नए अवसरों पर काम होगा
- सामाजिक समरसता को मजबूत किया जाएगा
- क्षेत्रीय समस्याओं के समाधान के लिए योजनाएं बनाई जाएंगी
- जनहित से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता दी जाएगी
अध्यक्ष श्री आलोक श्रीवास्तव का वक्तव्य
अध्यक्ष चुने जाने के बाद श्री आलोक श्रीवास्तव ने सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह जिम्मेदारी उनके लिए केवल एक पद नहीं बल्कि एक सामाजिक दायित्व है।
उन्होंने कहा कि परिषद का उद्देश्य केवल बैठकें करना नहीं है, बल्कि क्षेत्र के विकास के लिए ठोस कार्य करना है। उन्होंने सभी सदस्यों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही किसी भी संगठन को मजबूत बनाया जा सकता है।
सामाजिक एकता और सहयोग का उदाहरण
इस चुनाव ने एक बार फिर यह साबित किया कि जब समाज में आपसी विश्वास और सहयोग की भावना होती है, तो बिना किसी विवाद के भी बड़े निर्णय लिए जा सकते हैं। क्षेत्रीय विकास परिषद का यह चुनाव इसी सामाजिक एकता का प्रतीक बनकर सामने आया है।
बधाइयों का सिलसिला शुरू
चुनाव परिणाम घोषित होते ही क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। विभिन्न सामाजिक संगठनों, गणमान्य नागरिकों और स्थानीय लोगों ने नवगठित कार्यकारिणी को बधाई दी।
लोगों ने विश्वास जताया कि नई टीम क्षेत्र के विकास को नई दिशा देगी और परिषद की पुरानी परंपराओं को और मजबूत करेगी।
निष्कर्ष
क्षेत्रीय विकास परिषद सिलवानी का यह चुनाव न केवल एक संगठनात्मक प्रक्रिया है, बल्कि यह स्थानीय लोकतंत्र, सहयोग और सामाजिक एकता का जीवंत उदाहरण भी है। लगभग दो दशकों से चली आ रही सर्वसम्मति की परंपरा इस बार भी कायम रही, जो इस बात का संकेत है कि क्षेत्र में सामूहिक निर्णय और विकास की भावना मजबूत है।
नई कार्यकारिणी से उम्मीद की जा रही है कि वह अपने अनुभव, समर्पण और सहयोग से क्षेत्र को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगी।
