इंदौर: शहर के व्यस्ततम शास्त्री ब्रिज के फुटपाथ का कायाकल्प शुरू हो गया है। यह कदम पिछले महीने चूहों के कारण सड़क धंसने की घटना के बाद उठाया गया है। फुटपाथ को दोबारा बनाते समय चूहों को दूर रखने के लिए जमीन में कांच के टुकड़े डाले जाएंगे।
चूहों के कारण हुई थी समस्या
2 तारीख को शास्त्री मार्केट के पास ब्रिज पर चूहों द्वारा खोदी गई बिलों के कारण अचानक एक बड़ा गड्ढा हो गया था। इसके बाद जनकार्य प्रभारी राजेंद्र राठौर ने एसजीएसआईटीएस कॉलेज के विशेषज्ञों के साथ निरीक्षण किया। अब स्थायी समाधान के लिए फुटपाथ को पूरी तरह से नए सिरे से बनाया जा रहा है।

विशेषज्ञों की सलाह पर मरम्मत
राजेंद्र राठौर ने बताया कि रीगल चौराहे से शास्त्री ब्रिज पर चढ़ने वाले हिस्से पर काम शुरू कर दिया गया है। पुराने और उबड़-खाबड़ ब्लॉक हटा दिए गए हैं। मिट्टी की खुदाई के बाद पेस्ट कंट्रोल किया जाएगा और जमीन में कांच के टुकड़े भरे जाएंगे। इसके बाद नए ब्लॉक लगाकर फुटपाथ को मजबूत और सुरक्षित बनाया जाएगा।
“जमीन में कांच के टुकड़े डालने से चूहे बिल नहीं बना पाएंगे। इससे सड़क या फुटपाथ के धंसने का खतरा खत्म हो जाएगा।” — राजेंद्र राठौर, जनकार्य प्रभारी

गांधी प्रतिमा के आसपास भी होगा निर्माण
शास्त्री ब्रिज के अलावा, रीगल चौराहे पर गांधी प्रतिमा के आसपास भी चूहों की समस्या सामने आई थी। निरीक्षण में वहां बड़ी संख्या में चूहों के बिल पाए गए। अब इस हिस्से का सौंदर्यीकरण और पक्का निर्माण किया जाएगा। योजना के तहत मिट्टी निकालकर उसे कंक्रीट से पक्का किया जाएगा और चूहों से बचाव के लिए पेस्ट कंट्रोल के साथ कांच के टुकड़े भरे जाएंगे।
झुके हुए पेड़ होंगे शिफ्ट
रीगल चौराहे पर झुके हुए कुछ पेड़ों को सुरक्षित रूप से शिफ्ट करने का फैसला लिया गया है। इन पेड़ों को नेहरू पार्क या किसी अन्य बगीचे में लगाया जाएगा। बाकी स्वस्थ पेड़ अपनी जगह पर रहेंगे और उनके आसपास निर्माण कार्य किया जाएगा।
