अंतरराष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण दिवस पर सांदीपनि विद्यालय में चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित
मेरा युवा भारत रतलाम की पहल पर विद्यार्थियों ने चित्रों के माध्यम से दिया आपदा जागरूकता का संदेश, विकास चंद्रवंशी प्रथम, हिमांशी सोनी द्वितीय और सौम्या परमार तृतीय स्थान पर रहीं
आलोट (रतलाम)। अंतरराष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण दिवस के उपलक्ष्य में युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत मेरा युवा भारत रतलाम द्वारा नगर के सांदीपनि विद्यालय में जिला स्तरीय चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर अपनी कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया और चित्रों के माध्यम से आपदाओं से बचाव एवं जनजागरूकता का संदेश दिया।
आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूक करना उद्देश्य
जिला युवा अधिकारी सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि प्रतियोगिता का उद्देश्य युवाओं को आपदाओं के प्रति सजग बनाना, संकट के समय सुरक्षा उपायों की जानकारी देना तथा आपदा प्रबंधन में परस्पर सहयोग के महत्व को समझाना है। इस तरह की गतिविधियों से विद्यार्थियों में जागरूकता बढ़ने के साथ कठिन परिस्थितियों में सतर्क रहने की समझ भी विकसित होती है।
मां सरस्वती के पूजन के साथ हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि विद्यालय प्राचार्य फिरोज खान, अतुल वर्मा और ब्लॉक कोऑर्डिनेटर दुर्गा शंकर मोयल ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
प्रतियोगिता के दौरान विद्यार्थियों ने बाढ़, भूकंप और आगजनी जैसी प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं से बचाव के उपायों पर आधारित आकर्षक चित्र बनाए। प्रतिभागियों ने अपनी कलाकृतियों के माध्यम से आपदा के समय सावधानी बरतने, सुरक्षा नियमों का पालन करने और लोगों की सहायता करने का संदेश दिया।

विकास चंद्रवंशी ने हासिल किया प्रथम स्थान
प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल की भूमिका कल्पना शर्मा, विजय आंजना, इशिका खींची और दिनेश राठौर ने निभाई। निर्णायकों के मूल्यांकन के आधार पर विकास चंद्रवंशी ने प्रथम, हिमांशी सोनी ने द्वितीय और सौम्या परमार ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
समापन अवसर पर अतिथियों ने विजेता विद्यार्थियों को ट्रॉफी एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इस दौरान विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए ऐसी शैक्षणिक एवं रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया गया।
विद्यार्थियों में विकसित होती है सेवा भावना
कार्यक्रम के अंत में ब्लॉक कोऑर्डिनेटर दुर्गा शंकर मोयल ने सभी अतिथियों, निर्णायकों और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां विद्यार्थियों में कलात्मकता को बढ़ावा देने के साथ आपदा के समय सतर्कता, सहयोग और सेवा भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
संवाददाता: अर्जुन कुमावत बछोड़िया
