बड़ावदा में बड़ी कार्रवाई: 100 किमी पीछा कर गोवंश से भरा कंटेनर पकड़ा, पुलिस को सौंपा
गौ रक्षा दल की सतर्कता से सामने आया मामला
रतलाम/बड़ावदा। (संवाददाता अर्जुन कुमावत बछोड़िया) रतलाम जिले के बड़ावदा क्षेत्र में गुरुवार सुबह गोवंश से जुड़े कथित अवैध परिवहन का मामला सामने आया। गौ रक्षा दल की सतर्कता और लगातार प्रयासों के बाद एक कंटेनर को रोककर पुलिस के सुपुर्द किया गया। गौ रक्षा दल के अनुसार कंटेनर क्रमांक NL01 AL 1654 में करीब 40 से 50 गोवंश को कथित रूप से क्रूरता पूर्वक भरकर ले जाया जा रहा था।
मामले की सूचना मिलने के बाद गौ रक्षा दल के सदस्यों ने तत्काल सक्रियता दिखाई और संदिग्ध वाहन की तलाश शुरू कर दी। करीब 100 किलोमीटर तक वाहन का पीछा करने के बाद टीम कंटेनर को रोकने में सफल रही। इसके बाद वाहन को बड़ावदा पुलिस के हवाले कर दिया गया।
सुबह करीब 5 बजे मिली सूचना
गौ रक्षा दल झालावाड़ के विनीत पोरवाल को कथित गोवंश परिवहन की जानकारी मिली थी। उन्होंने तत्काल गौ रक्षा दल की टीम के लोकेंद्र बना को इसकी सूचना दी। सूचना में बताया गया कि कंटेनर क्रमांक NL01 AL 1654 में बड़ी संख्या में गोवंश को भरकर ले जाया जा रहा है।
सूचना मिलते ही टीम ने बिना देरी किए वाहन की तलाश शुरू की। टीम के सदस्यों ने संभावित मार्ग पर वाहन का पीछा किया और उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखी।
100 किलोमीटर तक चला पीछा
गौ रक्षा दल के अनुसार संदिग्ध कंटेनर को रोकने के लिए टीम को काफी दूरी तक उसका पीछा करना पड़ा। करीब 100 किलोमीटर तक लगातार पीछा करने के बाद टीम ने वाहन को रोकने के लिए प्रयास तेज किए।
इस दौरान टीम के सदस्यों ने आपसी समन्वय के साथ वाहन को रोकने की कोशिश की। काफी मशक्कत के बाद कंटेनर के टायर फटने से वाहन रुक गया। इसके बाद टीम ने कंटेनर को अपने नियंत्रण में लिया और पुलिस को सूचना दी।
कंटेनर में मिले गोवंश
गौ रक्षा दल का दावा है कि कंटेनर में करीब 40 से 50 गोवंश मौजूद थे। टीम के अनुसार गोवंश को कंटेनर में अत्यधिक संख्या में भरकर ले जाया जा रहा था।
वाहन रुकने के बाद गोवंश को बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई। हालांकि, गोवंश की वास्तविक संख्या और उनकी स्थिति की आधिकारिक पुष्टि पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
बड़ावदा पुलिस को सौंपा कंटेनर
कार्रवाई के बाद गौ रक्षा दल के सदस्यों ने कंटेनर और उसमें मिले गोवंश को बड़ावदा थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने मामले को अपने स्तर पर लेते हुए जांच शुरू कर दी है।
पुलिस द्वारा वाहन के दस्तावेजों, चालक तथा परिवहन से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि गोवंश को कहां से लाया गया था और उन्हें कहां ले जाया जा रहा था।
इन सदस्यों ने निभाई भूमिका
इस कार्रवाई में गौ रक्षा दल के लोकेंद्र सिंह (केंसर), गिरराज सिंह सहित अन्य सदस्यों की भूमिका रही। टीम के सदस्यों ने सूचना मिलते ही वाहन का पीछा शुरू किया और लगातार प्रयास करते हुए उसे बड़ावदा क्षेत्र में रोकने में सफलता हासिल की।
गौ रक्षा दल के सदस्यों ने बताया कि गोवंश से संबंधित सूचना मिलने पर टीम लगातार सक्रिय रहती है और संबंधित मामलों में प्रशासन एवं पुलिस को जानकारी देकर कानूनी कार्रवाई में सहयोग करती है।
पुलिस जांच के बाद स्पष्ट होगी स्थिति
मामले में पुलिस की जांच जारी है। जांच के दौरान कंटेनर के कागजात, चालक की जानकारी, गोवंश के परिवहन से जुड़े दस्तावेज और वाहन के मार्ग की जानकारी जुटाई जाएगी। पुलिस यह भी जांच करेगी कि परिवहन वैध था या नियमों का उल्लंघन कर किया जा रहा था।
गोवंश की संख्या, उनकी स्थिति और परिवहन से संबंधित अन्य तथ्यों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस द्वारा उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कार्रवाई के बाद क्षेत्र में चर्चा
बड़ावदा क्षेत्र में सामने आए इस मामले के बाद स्थानीय स्तर पर इसकी चर्चा रही। गौ रक्षा दल के सदस्यों ने कार्रवाई को अपनी सतर्कता का परिणाम बताया। वहीं पुलिस द्वारा मामले को जांच में लेकर आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
गौ रक्षा दल ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति सामने आएगी।
नोट: कंटेनर में गोवंश की संख्या और कथित क्रूरता से संबंधित जानकारी गौ रक्षा दल द्वारा दी गई है; इसकी आधिकारिक पुष्टि पुलिस जांच के बाद होगी।
