राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर चुने गए। भीनमाल से सांचौर तक शिक्षकों में उत्साह, संगठन के चार प्रमुख एजेंडे, सामाजिक संस्थाओं का समर्थन और शिक्षा सुधार की पूरी जानकारी पढ़ें।
राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर बने, भीनमाल से सांचौर तक शिक्षकों में उत्साह
रिपोर्ट: मुकेश सोलंकी | भीनमाल
राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर चुने जाने के बाद पूरे जालोर जिले, भीनमाल, सांचौर और आसपास के क्षेत्रों में शिक्षकों के बीच खुशी की लहर दौड़ गई है। राजस्थान शिक्षक संघ (प्रगतिशील) ने राजूराम सारण को संगठन का नया जिलाध्यक्ष नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति को शिक्षक हितों और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
राजूराम सारण कौन हैं?
राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर लंबे समय से शिक्षक हितों की आवाज उठाते रहे हैं। वे वेतन विसंगति, स्थानांतरण नीति, पदोन्नति और शिक्षक समस्याओं को लेकर लगातार सक्रिय रहे हैं।उनकी पहचान एक ऐसे शिक्षक नेता के रूप में है जो केवल भाषण नहीं बल्कि जमीनी स्तर पर काम करने में विश्वास रखते हैं। शिक्षक साथियों की समस्याओं को देर रात तक सुनना और समाधान के लिए प्रशासन तक पहुंचाना उनकी कार्यशैली का हिस्सा रहा है।
शिक्षकों में खुशी की लहर
राजूराम सारण की नियुक्ति के बाद भीनमाल, सांचौर तथा पूरे जालोर जिले के सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों ने मिठाइयां बांटकर खुशी व्यक्त की।सोशल मीडिया पर हजारों शिक्षकों ने उन्हें शुभकामनाएं दीं।एक शिक्षक साथी ने कहा—
“सारण साहब भाषण कम और काम ज्यादा करते हैं। यही कारण है कि जिले के 2000 से अधिक शिक्षक उन्हें अपना बड़ा भाई मानते हैं।”
सामाजिक संस्थाओं ने जताया विश्वास
राजूराम सारण के जिलाध्यक्ष बनने पर कई सामाजिक संगठनों ने बधाई दी।
अखिल भारतीय श्री महाकवि माघ विकास संस्थान
संस्थान के पदाधिकारियों ने कहा कि राजूराम सारण शिक्षा, संस्कार और संगठन क्षमता का उत्कृष्ट उदाहरण हैं। उनके नेतृत्व में जालोर के सरकारी विद्यालय नई पहचान बनाएंगे।
राजस्थान राज्य भारत स्काउट गाइड (स्थानीय संघ, भीनमाल)
स्काउट गाइड संगठन ने कहा कि सेवा, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति के मूल्यों पर चलने वाले राजूराम सारण के नेतृत्व में विद्यार्थियों और शिक्षकों का जुड़ाव और मजबूत होगा।
राजूराम सारण के 4 प्रमुख एजेंडे
पदभार ग्रहण करने के बाद राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर ने चार प्रमुख प्राथमिकताएं घोषित कीं।
1. शिक्षक सम्मान की सुरक्षा
किसी भी शिक्षक के सम्मान से समझौता नहीं होगा। संगठन हर शिक्षक के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा।
2. प्रशासनिक समस्याओं का त्वरित समाधान
ACP, पदोन्नति, पेंशन, सेवा पुस्तिका और अन्य लंबित मामलों का समयबद्ध समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा।
3. सरकारी विद्यालयों का आधुनिकीकरण
हर स्कूल में
- स्मार्ट क्लास
- साइंस लैब
- खेल मैदान
- बेहतर डिजिटल सुविधाएं
उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
4. अंतिम गांव तक संगठन की पहुंच
जिले के दूरस्थ गांवों में कार्यरत शिक्षकों तक संगठन को मजबूत बनाया जाएगा ताकि हर शिक्षक अपनी बात संगठन तक पहुंचा सके।
किसान परिवार से शिक्षक नेतृत्व तक
राजूराम सारण एक साधारण किसान परिवार से आते हैं। कठिन परिस्थितियों में शिक्षा प्राप्त कर उन्होंने शिक्षक के रूप में अपनी पहचान बनाई और अब शिक्षक संगठन के जिलाध्यक्ष बने हैं।उनका मानना है—
“शिक्षक नौकरी नहीं करता, बल्कि राष्ट्र का निर्माण करता है।”
उन्होंने भरोसा दिलाया कि अंतिम पंक्ति में खड़े शिक्षक की आवाज भी सरकार तक मजबूती से पहुंचाई जाएगी।
नई शिक्षा नीति पर रहेगा फोकस
राजूराम सारण ने कहा कि नई शिक्षा नीति (NEP-2020) के सफल क्रियान्वयन, डिजिटल शिक्षा, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण और विद्यार्थियों के समग्र विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।शिक्षकों को समय-समय पर प्रशिक्षण उपलब्ध कराने और विद्यालयों में आधुनिक संसाधनों के विस्तार के लिए भी संगठन कार्य करेगा।
शिक्षकों की अपेक्षाएं
जालोर जिले के शिक्षक उम्मीद कर रहे हैं कि उनके नेतृत्व में—
- स्थानांतरण नीति में पारदर्शिता आएगी।
- पदोन्नति संबंधी समस्याओं का समाधान होगा।
- शिक्षकों के सम्मान की रक्षा होगी।
- विद्यालयों का आधारभूत ढांचा मजबूत होगा।
- सरकार और शिक्षकों के बीच बेहतर संवाद स्थापित होगा।
निष्कर्ष
राजूराम सारण जिलाध्यक्ष राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील जालोर बनने के बाद शिक्षा जगत में नई उम्मीदें जगी हैं। भीनमाल से सांचौर तक शिक्षकों ने जिस उत्साह के साथ उनका स्वागत किया है, उससे स्पष्ट है कि संगठन को एक सक्रिय और जमीनी नेतृत्व मिला है। यदि उनके घोषित एजेंडों पर प्रभावी कार्य होता है तो आने वाले समय में जालोर जिले की शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा मिल सकती है।

