Rajgarh पुलिस का बड़ा अभियान: सारंगपुर में 44 वारंटियों पर कार्रवाई, 8 स्थायी वारंटी पकड़े
सारंगपुर/Rajgarh । फरार अपराधियों और लंबे समय से लंबित वारंटियों के खिलाफ राजगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देश पर जिले में चलाए गए विशेष कॉम्बिंग गश्त अभियान के दौरान सारंगपुर पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर कुल 44 वारंट तामील कराए। इनमें 36 गिरफ्तारी वारंट और 8 स्थायी वारंट शामिल हैं।
यह कार्रवाई जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने, अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण करने और आमजन में सुरक्षा की भावना बढ़ाने के उद्देश्य से की गई।
पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में अभियान
पुलिस के अनुसार अभियान पुलिस अधीक्षक राजगढ़ अमित तोलानी (IPS) के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के.एल. बंजारे के नेतृत्व में चलाया गया। अधिकारियों ने जिले के सभी अनुविभागीय अधिकारियों और थाना प्रभारियों को 30 अगस्त की मध्यरात्रि विशेष कॉम्बिंग गश्त के लिए आवश्यक निर्देश दिए थे।
इसी क्रम में सारंगपुर थाना स्तर पर भी लंबित वारंटियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाया गया।
चार टीमों का किया गया गठन
सारंगपुर में अभियान को प्रभावी बनाने के लिए एसडीओपी अरविंद सिंह और थाना प्रभारी उप निरीक्षक राहुल रघुवंशी के नेतृत्व में चार अलग-अलग पुलिस टीमों का गठन किया गया।
इन टीमों को लंबे समय से लंबित स्थायी वारंट, गिरफ्तारी वारंट, जमानती वारंट, समंस, जिला बदर और अन्य मामलों में वांछित आरोपियों की तलाश और कार्रवाई के लिए रवाना किया गया।
पुलिस टीमों ने वारंटियों के संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाई और रात के दौरान अलग-अलग स्थानों पर दबिश दी।
36 गिरफ्तारी और 8 स्थायी वारंट तामील
कॉम्बिंग गश्त के दौरान पुलिस टीमों ने कुल 44 वारंट तामील कराए। इनमें 36 गिरफ्तारी वारंट और 8 स्थायी वारंट शामिल हैं।
पुलिस की इस कार्रवाई से लंबे समय से न्यायालय की कार्रवाई से बच रहे वारंटियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में मदद मिली है। अभियान के दौरान पुलिस ने संभावित ठिकानों पर लगातार निगरानी रखी और उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई की।
न्यायालय के आदेशों का पालन कराने पर जोर
राजगढ़ पुलिस के अनुसार अभियान का एक प्रमुख उद्देश्य न्यायालय के आदेशों का प्रभावी ढंग से पालन सुनिश्चित करना भी था। लंबे समय से लंबित वारंटों की तामील नहीं होने की स्थिति में पुलिस द्वारा विशेष अभियान चलाकर संबंधित व्यक्तियों तक पहुंचने की कार्रवाई की गई।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था बनाए रखने और न्यायालयीन प्रक्रिया को प्रभावी बनाने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रह सकते हैं।
बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी अभियान में शामिल
सारंगपुर पुलिस की चार टीमों में थाना प्रभारी सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने भाग लिया। अभियान में उप निरीक्षक राहुल सेंधव, पी.एल. ठाकरे, अशोक यादव, सहायक उप निरीक्षक आनंदीलाल भिलाला, हरिनारायण यादव, रामगोपाल यादव, सुरेश मेवाड़े, रामकैलाश दांगी और जमनाप्रसाद सिसोदिया सहित पुलिसकर्मियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
इसके अलावा प्रधान आरक्षक विकास भदौरिया, इरशाद खान, इरफान उल्ला खान, राकेश धाकड़, महेश जटिया और राकेश सिसोदिया सहित आरक्षकों ने भी कार्रवाई में सहभागिता की।
महिला पुलिसकर्मियों ने भी अभियान में अपनी जिम्मेदारी निभाई। पुलिस विभाग के अनुसार पूरी टीम ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर वारंटों की तामील में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण का संदेश
राजगढ़ पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस का उद्देश्य लंबे समय से फरार या न्यायालयीन वारंट वाले व्यक्तियों पर कार्रवाई करने के साथ-साथ आमजन में कानून के प्रति विश्वास मजबूत करना है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जिले में अपराधियों और कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। विशेष रूप से ऐसे व्यक्ति जो न्यायालय के आदेशों की अवहेलना कर लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं, उनके खिलाफ अभियान तेज किया जाएगा।
आमजन में सुरक्षा की भावना मजबूत करने की कोशिश
पुलिस का कहना है कि इस तरह की कॉम्बिंग गश्त और वारंटी धरपकड़ कार्रवाई केवल अपराधियों को पकड़ने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य क्षेत्र में कानून व्यवस्था को मजबूत करना और आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना पैदा करना भी है।
सारंगपुर पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई में 44 वारंटों की तामील इस अभियान की व्यापकता को दर्शाती है। पुलिस ने संभावित ठिकानों की पहचान कर अलग-अलग टीमों के माध्यम से कार्रवाई को अंजाम दिया।
राजगढ़ पुलिस के अनुसार अपराध नियंत्रण, न्यायालयीन आदेशों के पालन और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस प्रकार के अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे।
