Rajasthan : पचपदरा रिफाइनरी में भीषण आग, पीएम मोदी के प्रस्तावित उद्घाटन से ठीक पहले मचा हड़कंप
Rajasthan के बाड़मेर जिले के पचपदरा स्थित एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (HRRL) में मंगलवार को बड़ा हादसा हो गया। जिस यूनिट का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करने वाले थे, उसी यूनिट में आग लगने से पूरे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। यह घटना रिफाइनरी के लिए बेहद अहम मानी जा रही सीडीयू-वीडीयू (क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट-वैक्यूम डिस्टिलेशन यूनिट) में हुई, जो पूरे प्रोजेक्ट की पहली और मुख्य यूनिट है।
यह रिफाइनरी करीब 79,459 करोड़ रुपये की लागत से बन रही है और इसकी क्षमता 9 मिलियन मीट्रिक टन प्रतिवर्ष है। इसे राजस्थान की सबसे बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं में से एक माना जाता है, जिससे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर रोजगार और विकास की उम्मीदें जुड़ी हुई थीं।
लंच ब्रेक के दौरान लगी आग, बड़ा हादसा टला
सूत्रों के अनुसार, जिस समय आग लगी उस वक्त यूनिट में लंच ब्रेक चल रहा था। कर्मचारियों का कहना है कि यदि यह घटना सामान्य कार्य समय के दौरान होती तो बड़ी संख्या में जनहानि हो सकती थी, क्योंकि उस समय वहां 150 से अधिक कर्मचारी मौजूद रहते हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अचानक यूनिट से धुआं उठने लगा और कुछ ही देर में आग तेजी से फैल गई। घटना के बाद तत्काल फायर ब्रिगेड और सुरक्षा टीमों को मौके पर बुलाया गया, जिन्होंने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
निरीक्षण के कुछ घंटे बाद हुआ हादसा
सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि आग लगने से करीब डेढ़ से दो घंटे पहले ही सुरक्षा एजेंसियों और उच्च अधिकारियों की टीम ने पूरे रिफाइनरी परिसर का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के बाद सभी अधिकारी वहां से लौट चुके थे।
इसी यूनिट के आसपास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उद्घाटन कार्यक्रम के लिए विशेष पंडाल भी तैयार किया गया था। बताया जा रहा है कि पीएम इसी यूनिट का बटन दबाकर औपचारिक उद्घाटन करने वाले थे।
तकनीकी खराबी या रिसाव से आग लगने की आशंका
कर्मचारियों और शुरुआती जानकारी के अनुसार, क्रूड एक्सचेंजर में अत्यधिक गर्मी बढ़ने के कारण सील से क्रूड ऑयल का रिसाव हुआ, जिससे आग भड़क उठी। यह यूनिट कच्चे तेल को गर्म कर अन्य प्रोसेसिंग यूनिटों में भेजने का काम करती है, इसलिए इसमें तापमान और दबाव का अत्यधिक महत्व होता है।
हालांकि, अभी तक आग लगने के वास्तविक कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। एचपीसीएल और राज्य सरकार दोनों ने जांच के आदेश दिए हैं और विशेषज्ञों की टीम घटना के हर पहलू की जांच कर रही है।
प्रधानमंत्री का दौरा स्थगित
Rajasthan आग की घटना के बाद स्थिति को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रस्तावित दौरा स्थगित कर दिया गया। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए यह निर्णय लिया।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी स्थिति की समीक्षा की और बताया कि हालात अब नियंत्रण में हैं। उन्होंने घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।
सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल
इस घटना के बाद रिफाइनरी की सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब परियोजना उद्घाटन के इतने करीब थी, तब इतनी बड़ी यूनिट में आग कैसे लग गई, जबकि कुछ ही घंटे पहले वहां निरीक्षण भी हुआ था।
कुछ लोग इसे तकनीकी खराबी मान रहे हैं, तो कुछ इसे गंभीर लापरवाही बता रहे हैं। वहीं राजनीतिक हलकों में इसे लेकर साजिश के एंगल पर भी चर्चा शुरू हो गई है, हालांकि इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं है।
नुकसान का अभी आकलन नहीं
फिलहाल आग से हुए नुकसान का सटीक आंकलन सामने नहीं आया है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि प्रभावित यूनिट को दोबारा चालू करने में कितना समय लगेगा। चूंकि यह पूरी रिफाइनरी की मुख्य यूनिट है, इसलिए इसका असर पूरे प्रोजेक्ट की समयसीमा पर पड़ सकता है।
क्षेत्र में निराशा का माहौल
पचपदरा, बालोतरा और आसपास के क्षेत्रों में इस रिफाइनरी को लेकर लंबे समय से उत्साह था। स्थानीय लोगों को उम्मीद थी कि इसके शुरू होने से रोजगार के नए अवसर मिलेंगे और क्षेत्र का आर्थिक विकास तेजी से होगा।
लेकिन उद्घाटन से ठीक पहले हुई इस घटना ने उत्साह को निराशा में बदल दिया। जहां एक ओर उद्घाटन की तैयारियां जोर-शोर से चल रही थीं, वहीं अब पूरा कार्यक्रम अनिश्चितता में चला गया है।
जांच के बाद खुल सकते हैं कई राज
प्रशासन ने साफ किया है कि घटना की हर पहलू से जांच की जाएगी और सुरक्षा मानकों की समीक्षा होगी। विशेषज्ञों की टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह महज तकनीकी खराबी थी या किसी बड़ी चूक का नतीजा।
फिलहाल पूरे रिफाइनरी परिसर में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
