पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर में 3 से 9 अप्रैल तक आयोजित होगा, जहां रजतमयी 24 तीर्थंकर प्रतिमाओं की स्थापना धार्मिक आस्था को नई ऊंचाई देगी।
राजेश जैन दद्दू
पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर क्या है
पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर एक अत्यंत पावन और ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन है, जिसमें जैन धर्म के 24 तीर्थंकरों की रजतमयी प्रतिमाओं की विधि-विधान से स्थापना की जाती है। यह आयोजन केवल एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि आस्था, संस्कृति और समाज के समर्पण का प्रतीक है।इंदौर के मल्हारगंज स्थित दिगंबर जैन चंद्रप्रभु जिनालय में यह महोत्सव 3 अप्रैल से 9 अप्रैल तक आयोजित किया जाएगा, जो पूरे प्रदेश के लिए विशेष महत्व रखता है।
आयोजन का स्थान और समय
पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर का आयोजन दलालबाग (छत्रपति नगर) परिसर में भव्य रूप से किया जा रहा है।
- तिथि: 3 अप्रैल से 9 अप्रैल
- स्थान: दलालबाग, छत्रपति नगर, इंदौर
- जिनालय: दिगंबर जैन चंद्रप्रभु जिनालय, मल्हारगंज
यह आयोजन लगभग 3000 लोगों की बैठने की क्षमता वाले विशाल और आकर्षक पंडाल में संपन्न होगा।
रजतमयी 24 तीर्थंकर प्रतिमाओं का महत्व
इस पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर की सबसे बड़ी विशेषता है – रजतमयी (चांदी से निर्मित) 24 तीर्थंकरों की प्रतिमाओं की स्थापना।यह जिनालय प्रदेश का पहला ऐसा मंदिर होगा जहां सभी 24 तीर्थंकर एक साथ रजतमयी स्वरूप में विराजित होंगे।इन प्रतिमाओं की स्थापना जैन धर्म में अत्यंत शुभ और पुण्यदायक मानी जाती है, जो श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त करती है।
संतों का सानिध्य और आयोजन की विशेषता
साथ ही, प्रतिष्ठाचार्य ब्रह्मचारी विनय भैया (बंडा) के निर्देशन में सभी धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।यह आयोजन आचार्य विद्यासागर जी एवं आचार्य समय सागर जी महाराज के आशीर्वाद से हो रहा है, जिससे इसकी आध्यात्मिक गरिमा और भी बढ़ जाती है।
समाज की भागीदारी और व्यवस्थाएं
इस पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर में परवार समाज की प्रमुख भूमिका है।
- महोत्सव समिति के अध्यक्ष: श्री राजीव जैन बीड़ी वाले
- जिनालय ट्रस्ट अध्यक्ष: राजेश जैन लारेल
- महामंत्री: राजू अलबेला
समिति द्वारा सभी व्यवस्थाएं सुव्यवस्थित रूप से की गई हैं, जिसमें विशाल पंडाल, भोजन, आवास और धार्मिक कार्यक्रमों की पूर्ण तैयारी शामिल है।
पात्र चयन और धार्मिक प्रक्रिया
महोत्सव के अंतर्गत पंचकल्याणक के पात्रों का चयन 25 मार्च को प्रातः 8:30 बजे किया जाएगा।स्थान: श्री दिगंबर जैन आदिनाथ जिनालय, छत्रपति नगर
यह प्रक्रिया मुनि संघ के सानिध्य में संपन्न होगी, जो इस आयोजन की धार्मिक शुद्धता और परंपरा को बनाए रखती है।
आयोजन का धार्मिक और सामाजिक प्रभाव
पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव इंदौर न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह समाज को एकजुट करने का भी कार्य करता है।
- धार्मिक जागरूकता में वृद्धि
- समाज में एकता और सहयोग की भावना
- युवाओं में संस्कृति के प्रति रुचि
- आध्यात्मिक वातावरण का निर्माण
यह आयोजन इंदौर को एक प्रमुख धार्मिक केंद्र के रूप में स्थापित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा |

