लाड़ली बहनों के खातों में अब तक 55 हजार करोड़ रुपये से अधिक जमा, अगले साल नए पात्र नाम जोड़ने की घोषणा
दैनिक स्वराज वाणी | इंदौर। मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत मध्य प्रदेश की महिलाओं के खातों में अब तक 55 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि पहुंचाई जा चुकी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने यह जानकारी देते हुए घोषणा की है कि अगले वर्ष पात्रता के अनुसार उन महिलाओं के नाम भी योजना में जोड़े जाएंगे, जिन्हें अभी इसका लाभ नहीं मिल रहा है। हालांकि, नए आवेदन कब शुरू होंगे और उनके लिए क्या प्रक्रिया होगी, इस संबंध में विस्तृत निर्देश जारी होने का इंतजार है।
प्रदेश की लगभग सवा करोड़ महिलाएं इस योजना से जुड़ी हैं। उन्हें हर महीने सीधे बैंक खातों में सहायता राशि दी जाती है। सितंबर 2026 की नियमित किस्त के तहत पात्र महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति लाभार्थी दिए गए थे। पाठकों के लिए यह स्पष्ट करना जरूरी है कि उपलब्ध लेख में लिखी 1,250 रुपये की राशि वर्तमान नियमित किस्त नहीं है। आकाशवाणी के अनुसार, नवंबर 2025 से मासिक सहायता 1,500 रुपये है।
अगले साल नए नाम जोड़ने की बात
मुख्यमंत्री की घोषणा उन महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है, जो योजना का लाभ लेना चाहती हैं लेकिन अभी लाभार्थियों की सूची में शामिल नहीं हैं। घोषणा में नाम पात्रता के अनुसार जोड़ने की बात कही गई है। इसका अर्थ यह है कि केवल आवेदन करने से लाभ तय नहीं होगा; आवेदकों को उस समय लागू पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी। नाम जोड़ने की समयसीमा और प्रक्रिया सरकारी आदेश आने पर ही स्पष्ट होगी।
फिलहाल महिलाओं को किसी अनौपचारिक संदेश या सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर आवेदन शुरू होने का दावा सही नहीं मानना चाहिए। सरकार जब नए पंजीयन के संबंध में सूचना जारी करेगी, तभी यह पता चलेगा कि आवेदन कहां और किस तरह लिए जाएंगे। जिन महिलाओं को योजना से जुड़ने की प्रतीक्षा है, उनके लिए अगली आधिकारिक घोषणा सबसे अहम होगी।
सितंबर में जारी हुई 40वीं किस्त
लाड़ली बहना योजना की सितंबर महीने की 40वीं नियमित किस्त 13 सितंबर को आगर मालवा से जारी की गई थी। रिपोर्टों के अनुसार, लगभग 1.25 करोड़ महिलाओं के खातों में कुल 1,835 करोड़ रुपये अंतरित किए जाने थे। प्रत्येक पात्र लाभार्थी के लिए नियमित राशि 1,500 रुपये बताई गई थी। जून 2023 से अगस्त 2026 तक योजना की 39 नियमित मासिक किस्तें जारी हो चुकी थीं।
इस पैमाने से समझा जा सकता है कि हर महीने योजना के लिए बड़ी राशि की जरूरत होती है। मुख्यमंत्री की ओर से बताई गई 55 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि योजना शुरू होने से अब तक महिलाओं को दिए गए कुल भुगतान से संबंधित है। इसे किसी एक महीने की किस्त के रूप में नहीं पढ़ा जाना चाहिए।
35 लाख से अधिक लोगों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन
मुख्यमंत्री ने एक अन्य कार्यक्रम में सामाजिक सुरक्षा पेंशन के हितग्राहियों के खातों में भी राशि भेजी। प्रकाशित जानकारी के अनुसार, 35.42 लाख लाभार्थियों के लिए 212.57 करोड़ रुपये सिंगल क्लिक के जरिए अंतरित किए गए। लाड़ली बहना योजना और सामाजिक सुरक्षा पेंशन अलग-अलग योजनाएं हैं; इसलिए दोनों के लाभार्थियों और भुगतान की रकम को एक-दूसरे से अलग समझना जरूरी है।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन में वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांगजन सहित विभिन्न श्रेणियों के पात्र हितग्राहियों के लिए योजनाएं संचालित होती हैं। किस व्यक्ति को कौन सी पेंशन मिलेगी, यह संबंधित योजना की शर्तों पर निर्भर करता है। इंदौर जिला प्रशासन की वेबसाइट पर भी इन पेंशन योजनाओं का विवरण उपलब्ध है।
लाभार्थियों के लिए आगे क्या महत्वपूर्ण है?
इस घोषणा का अगला महत्वपूर्ण चरण नए नाम जोड़ने से जुड़े आधिकारिक निर्देश होंगे। उनसे आवेदन की तारीख, पात्रता की जांच और जरूरी दस्तावेजों की स्थिति साफ हो सकेगी। मौजूदा लाभार्थियों के लिए नियमित किस्त की जानकारी और भुगतान की स्थिति देखना महत्वपूर्ण है, जबकि योजना से बाहर रह गई महिलाएं नए पंजीयन की औपचारिक सूचना की प्रतीक्षा कर रही हैं।
मुख्यमंत्री ने अब तक 55 हजार करोड़ रुपये से अधिक के भुगतान का आंकड़ा और अगले साल पात्र महिलाओं को जोड़ने की मंशा सामने रखी है। फिलहाल नए पंजीयन की शुरुआत की तारीख घोषित होने की पुष्टि नहीं हुई है। जैसे ही सरकार प्रक्रिया जारी करेगी, तभी पात्र महिलाओं के लिए अगला कदम स्पष्ट होगा।
