Nagda में पहली बार होगा संगीतमय श्री शक्रस्तव अभिषेक, जैन समाज में उत्साह
Nagda । श्री शान्तिनाथ जिनालय, जैन कॉलोनी नागदा में मूलनायक दादा श्री शान्तिनाथ भगवान के जन्म कल्याणक एवं दीक्षा कल्याणक दिवस के पावन अवसर पर शुक्रवार 15 मई को पहली बार संगीतमय श्री शक्रस्तव अभिषेक एवं शांति धारा अभिषेक का भव्य आयोजन किया जाएगा। यह धार्मिक आयोजन प्रातः 7:30 बजे से शुरू होगा।
इस आयोजन को लेकर जैन समाज में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। श्रद्धालुओं के लिए यह आयोजन आस्था, भक्ति और धार्मिक ऊर्जा का केंद्र बनने जा रहा है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाजजन शामिल होंगे।
संत-साध्वीवृंद की पावन निश्रा में होगा आयोजन
यह धार्मिक आयोजन प्रातः स्मरणीय दादा गुरुदेव एवं पुण्य सम्राट के दिव्य आशीर्वाद तथा गच्छाधिपति और आचार्य भगवंत के आज्ञानुवर्ती संत-साध्वीवृंद की पावन निश्रा में संपन्न होगा।
कार्यक्रम में परम पूज्य मुनि भगवंत श्री संयमरत्न विजय जी म.सा. आदि ठाणा-2, परम पूज्य साध्वी भगवंत श्री अविचलदृष्टा श्रीजी म.सा. आदि ठाणा-7 तथा साध्वी श्री सिद्धश्री जी म.सा. आदि ठाणा-2 की विशेष उपस्थिति रहेगी।
धार्मिक आयोजन के दौरान अभिषेक, शांति धारा और भक्ति कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें श्रद्धालु धर्मलाभ प्राप्त करेंगे।
बोहरा परिवार बना आयोजन का लाभार्थी
इस भव्य धार्मिक आयोजन के लाभार्थी श्री कमलजी-प्रीतिजी जैन एवं स्वर्गीय श्रीमती कमलाबाई बोहरा की स्मृति में बोहरा परिवार, नागदा है। परिवार द्वारा इस आयोजन को भव्य और दिव्य स्वरूप देने के लिए विशेष तैयारियां की गई हैं। आयोजन स्थल पर सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को व्यवस्थित करने के लिए समाज के सदस्यों के साथ मिलकर कार्य किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
जैन समाज के लोगों ने इस आयोजन को धार्मिक ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण बताया है। उनका कहना है कि ऐसे आयोजन समाज में एकता, आस्था और परंपराओं को मजबूत करते हैं। साथ ही युवा पीढ़ी को धर्म और संस्कारों से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बोहरा परिवार द्वारा दिया गया यह योगदान समाज के लिए प्रेरणादायक माना जा रहा है और इसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा।

समाजजनों से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील
श्री श्वेताम्बर मूर्तिपूजक जैन श्रीसंघ नागदा एवं श्री राजेन्द्र सूरी जैन ज्ञान मंदिर ट्रस्ट ने समाजजनों से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर धर्मलाभ लेने की अपील की है।
संघ ने श्रद्धालुओं से अनुरोध किया है कि वे पूजा के वस्त्र धारण कर अभिषेक कार्यक्रम में शामिल हों, ताकि धार्मिक परंपराओं और संस्कारों का पालन किया जा सके।
साध्वी श्री अविचलदृष्टा श्रीजी म.सा. का विहार कार्यक्रम
ट्रस्ट अध्यक्ष ब्रजेश बोहरा ने जानकारी देते हुए बताया कि साध्वी श्री अविचलदृष्टा श्रीजी म.सा. 15 मई की शाम जयंतसेन आराधना भवन, जैन कॉलोनी नागदा से विहार करेंगी। उनके विहार के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिलेगा और समाजजन उन्हें विदाई देने के लिए बड़ी संख्या में उपस्थित रहेंगे।
साध्वी श्रीजी का रात्रि विश्राम ग्राम भाटीसुड़ा में निर्धारित किया गया है, जहां स्थानीय श्रद्धालु उनके दर्शन एवं आशीर्वाद प्राप्त कर सकेंगे। इस अवसर पर धार्मिक वातावरण और भक्ति भाव का विशेष संगम देखने को मिलेगा।
इसके बाद 16 मई की सुबह साध्वी श्रीजी का विहार पिपलौदा बागला होते हुए आगे चिरोला, खरसौदकला, बड़नगर एवं बदनावर मार्ग से मोहनखेड़ा तीर्थ की ओर प्रस्तावित है। वहां से उनका आगे कुक्षी नगर की ओर संभावित विहार रहेगा। पूरे विहार मार्ग पर श्रद्धालुओं द्वारा स्वागत एवं सेवा व्यवस्था की तैयारी की जा रही है।
धार्मिक वातावरण से गूंजेगा नागदा
संगीतमय श्री शक्रस्तव अभिषेक और शांति धारा के इस आयोजन से नागदा में धार्मिक वातावरण देखने को मिलेगा। जैन समाज के लोगों का मानना है कि ऐसे आयोजन समाज को आध्यात्मिक रूप से जोड़ने और नई पीढ़ी को धार्मिक संस्कारों से परिचित कराने का माध्यम बनते हैं।
समाज के वरिष्ठ लोगों ने कहा कि पहली बार आयोजित होने जा रहा यह संगीतमय अभिषेक नागदा के धार्मिक इतिहास में विशेष स्थान रखेगा।
