MP Weather Today: मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड मंदसौर में न्यूनतम तापमान 2.5°C, कोहरा और ठंडी हवाओं का असर जारी
MP Weather में इस जनवरी के महीने में ठंड ने अपना तीखा रूप दिखाना शुरू कर दिया है। 17 जनवरी 2026 को शनिवार की सुबह, राज्य के विभिन्न हिस्सों में न्यूनतम तापमान काफी नीचे दर्ज किया गया। विशेषकर मंदसौर में न्यूनतम तापमान सिर्फ 2.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो इस सर्दी के मौसम में सबसे कम माना जा रहा है। मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश में उत्तर से आ रही ठंडी हवाओं और बर्फीली हवाओं के कारण कड़ाके की सर्दी महसूस की जा रही है।
इस ठंड के कारण राज्य के 15 से अधिक जिलों में सुबह के समय हल्का से मध्यम कोहरा छाया रहा। आम नागरिकों की दिनचर्या पर इसका असर साफ देखा गया। सड़कों पर चल रहे वाहन धीमी गति से चलते नजर आए, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। इसके अलावा, शहडोल, अनूपपुर, उमरिया, कटनी और मैहर जिलों में मौसम विभाग ने शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को चेताया गया है कि ठंडी हवाओं का प्रभाव अधिक रहेगा और वे विशेष सावधानी बरतें।
सुबह और रात में ठंड का असर
MP में ठंड का असर विशेषकर सुबह और रात के समय सबसे अधिक देखा जा रहा है। लोग जल्दी घरों में बंद हो रहे हैं और अलाव जलाकर खुद को गर्म रखने की कोशिश कर रहे हैं। मजदूर वर्ग, बुजुर्ग और बच्चे इस मौसम में सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। अस्पतालों में सर्दी-जुकाम और सांस से संबंधित शिकायतों वाले मरीजों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मौसम में स्वास्थ्य संबंधी सावधानी बेहद जरूरी है।

विभिन्न जिलों में न्यूनतम तापमान
MP के अलग-अलग जिलों में न्यूनतम तापमान इस प्रकार रिकॉर्ड किया गया है:
- मंदसौर – 2.5°C
- कटनी (करौंदी) – 2.7°C
- शाजापुर – 3.3°C
- शहडोल (कल्याणपुर) – 3.5°C
- पचमढ़ी – 3.8°C
- राजगढ़ – 4.5°C
- उमरिया – 5.3°C
- मंडला – 5.6°C
- रीवा – 5.8°C
प्रदेश के बड़े शहरों में भी ठंड का असर देखा गया:
- ग्वालियर – 5.9°C
- भोपाल – 6°C
- इंदौर – 6.2°C
- उज्जैन – 7.5°C
- जबलपुर – 8.8°C
मौसम विभाग का कहना है कि ये तापमान इस सर्दी के मौसम में सामान्य से काफी कम हैं और नागरिकों को शीतलहर से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने और बाहर कम निकलने की सलाह दी जा रही है।
कोहरे का प्रभाव और यातायात
MP में कोहरे का असर भी काफी देखा गया। सुबह के समय कई इलाकों में दृश्यता बेहद कम थी। उदाहरण के लिए, राजगढ़ में दृश्यता 50 से 200 मीटर तक सिमट गई थी। भोपाल, ग्वालियर, दतिया, सतना, रीवा और खजुराहो में दृश्यता लगभग 1 किलोमीटर तक ही सीमित रही।
कोहरे के कारण सड़क और रेल यातायात प्रभावित हुआ। दिल्ली और उत्तर भारत से मध्यप्रदेश आने वाली कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। इसमें मालवा एक्सप्रेस, झेलम एक्सप्रेस, सचखंड एक्सप्रेस, पंजाब मेल और जनशताब्दी समेत एक दर्जन से अधिक ट्रेनें शामिल हैं। यात्रियों को देरी के कारण परेशानी का सामना करना पड़ा।
ठंड बढ़ने की वजह
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, MP में ठंड बढ़ने के पीछे दो मुख्य कारण हैं। पहला, उत्तर भारत और पहाड़ी इलाकों में हो रही बर्फबारी, जिसके कारण ठंडी हवाएं प्रदेश तक पहुंच रही हैं। दूसरा, ऊपरी वायुमंडल में सक्रिय तेज़ रफ्तार जेट स्ट्रीम हवाएं हैं, जो तापमान को और नीचे लाती हैं।
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से तीन दिनों तक ठंड का असर इसी तरह बना रहेगा। वहीं, 19 जनवरी के बाद एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिससे राज्य में बादल छा सकते हैं और कुछ जगहों पर हल्की बारिश हो सकती है।
रिकॉर्ड तोड़ सर्दी
इस साल MP में सर्दी लगातार रिकॉर्ड तोड़ रही है। नवंबर 2025 में 84 साल का सर्दी का रिकॉर्ड टूट गया था। दिसंबर में 25 साल की सबसे अधिक ठंड पड़ी और अब जनवरी 2026 में भी पिछले 10 साल का ठंड का रिकॉर्ड टूट गया है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार सर्दी का असर लंबा और तेज रहने वाला है, इसलिए नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।
नागरिकों के लिए सावधानी
ठंड और कोहरे के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए नागरिकों के लिए कुछ विशेष सावधानी की सलाह दी जा रही है:
- घरों में गर्म कपड़े पहनें और आवश्यक होने पर ही बाहर निकलें।
- बच्चों, बुजुर्गों और मजदूर वर्ग का विशेष ध्यान रखें।
- सुबह और रात के समय अलाव या हीटर का इस्तेमाल कर गर्म रहें।
- सड़क पर वाहन धीमी गति से चलाएं और फॉग लाइट का उपयोग करें।
- स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के लिए समय रहते डॉक्टर से संपर्क करें।
निष्कर्ष
MP में इस जनवरी के महीने की ठंड ने अपने तीखे रूप को दिखा दिया है। मंदसौर में न्यूनतम तापमान 2.5 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है, जबकि कई जिलों में कोहरा और शीतलहर का असर देखा गया। नागरिकों को अपने स्वास्थ्य और सुरक्षा का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। मौसम विभाग की भविष्यवाणी के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक प्रदेश में ठंड का यही रुख बना रहेगा और 19 जनवरी के बाद हल्की बारिश की संभावना भी है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस सर्दी का असर लंबा और तेज रहेगा, इसलिए सभी नागरिक सतर्क रहें और ठंड से बचाव के उपाय अपनाएं।
