MP News: CM मोहन यादव हरिद्वार में पतंजलि योगपीठ के कन्या गुरुकुल में हवन और योग में शामिल
MP के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को उत्तराखंड के हरिद्वार में पतंजलि योगपीठ के कन्या गुरुकुल में आयोजित हवन और योग कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर योग गुरु बाबा रामदेव भी मौजूद थे और उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान दोनों की एक साथ योग करते हुए तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा की गईं, जिन्हें लोगों ने काफी सराहा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस कार्यक्रम की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा करते हुए लिखा,
“पतंजलि योगपीठ, हरिद्वार में प्रसिद्ध योग गुरु स्वामी रामदेव जी से आत्मीय भेंट हुई। इस अवसर पर स्वागत के लिए पतंजलि परिवार के सभी सदस्यों का हृदय से आभार।”
पतंजलि योगपीठ में स्वागत और हवन
CM हरिद्वार पहुंचने पर पतंजलि योगपीठ के कन्या गुरुकुल में गए। यहाँ उन्होंने बाबा रामदेव और पतंजलि परिवार के अन्य सदस्यों से मुलाकात की। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कन्या गुरुकुल में हवन और योगाभ्यास था।
CM ने हवन में भाग लेकर धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। पतंजलि परिवार ने मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि योग और हवन न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैं, बल्कि यह सामाजिक और आध्यात्मिक चेतना को भी बढ़ाते हैं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कन्या शिक्षा और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देना बहुत जरूरी है, और पतंजलि योगपीठ ने इस दिशा में महत्वपूर्ण काम किया है।
योगाभ्यास के दौरान बाबा रामदेव के साथ अनुभव
CM डॉ. मोहन यादव ने बाबा रामदेव के साथ योग किया। इस दौरान दोनों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गईं। मुख्यमंत्री ने कहा कि योग से मानसिक स्थिरता, स्वास्थ्य और सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है। उन्होंने यह भी कहा कि योग केवल शारीरिक अभ्यास नहीं है, बल्कि यह जीवन शैली और मानसिक संतुलन के लिए भी जरूरी है।
बाबा रामदेव ने मुख्यमंत्री के योगाभ्यास की सराहना की और कहा कि यह पहल जनसाधारण में योग और पारंपरिक स्वास्थ्य पद्धतियों को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण है।

दिल्ली और उत्तराखंड दौरे का विस्तृत कार्यक्रम
मुख्यमंत्री मोहन यादव इस समय उत्तराखंड के दौरे पर हैं। उनके दौरे का विस्तृत कार्यक्रम इस प्रकार है:
- सुबह 11:00 बजे: हरिद्वार में स्थानीय कार्यक्रम में शामिल होना और पतंजलि योगपीठ के कन्या गुरुकुल में हवन में भाग लेना।
- हवन और योग कार्यक्रम के बाद: देहरादून के स्थानीय कार्यक्रम में भाग लेना।
- दोपराह 3:00 बजे: देहरादून से दिल्ली के लिए प्रस्थान।
- शाम: दिल्ली में स्थानीय कार्यक्रम में शामिल होना।
- शाम 6:30 बजे: गाजियाबाद के वसुंधरा में कार्यक्रम में उपस्थित होना।
- रात 10:00 बजे: दिल्ली से भोपाल के लिए प्रस्थान।
- रात 11:00 बजे: सीएम हाउस, भोपाल पहुँचना।
इस दौरे का मुख्य उद्देश्य योग, स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक जागरूकता के संदेश को बढ़ावा देना है।
योग और हवन के सामाजिक-सांस्कृतिक संदेश
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि योग और हवन न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैं, बल्कि यह समाज में सकारात्मक ऊर्जा और सामूहिक चेतना भी फैलाते हैं। उन्होंने बताया कि पतंजलि योगपीठ में कन्या गुरुकुल जैसे संस्थान कन्या शिक्षा और स्वास्थ्य को बढ़ावा देते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए, जिससे मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ सामाजिक समरसता भी बढ़ती है।
इस अवसर पर बाबा रामदेव ने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह आध्यात्मिक चेतना और नैतिक मूल्यों को भी मजबूत करता है। उन्होंने युवाओं से कहा कि वे योग को अपनी जीवनशैली में अपनाएं और अपने स्वास्थ्य और मानसिक स्थिरता पर ध्यान दें।
सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री और बाबा रामदेव की योग करते हुए तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा की गईं। तस्वीरों को देखकर कई लोगों ने योग और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए सराहना की। लोग इस पहल को समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने वाला कदम मान रहे हैं।
सोशल मीडिया पर लोग लिख रहे हैं कि यह दौरा मध्य प्रदेश और उत्तराखंड के बीच सांस्कृतिक और स्वास्थ्य संबंधी संबंधों को मजबूत करने वाला अवसर है।
निष्कर्ष
हरिद्वार में पतंजलि योगपीठ के कन्या गुरुकुल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का हवन और योग कार्यक्रम मध्य प्रदेश और उत्तराखंड के सामाजिक, सांस्कृतिक और स्वास्थ्य संदेशों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण अवसर रहा।
मुख्यमंत्री ने पतंजलि परिवार और बाबा रामदेव के साथ मिलकर योग और पारंपरिक स्वास्थ्य पद्धतियों के महत्व को उजागर किया। यह कार्यक्रम यह संदेश देता है कि योग और हवन न केवल स्वास्थ्य, मानसिक स्थिरता और आध्यात्मिक चेतना के लिए जरूरी हैं, बल्कि समाज में सकारात्मक ऊर्जा और सामूहिक चेतना फैलाने का भी काम करते हैं।
इस प्रकार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का यह दौरा योग, स्वास्थ्य और कन्या शिक्षा के क्षेत्र में एक प्रेरणादायक पहल के रूप में याद रखा जाएगा।
