MP LPG E-KYC: 25 लाख गैस उपभोक्ताओं के पास सिर्फ 5 दिन, 23 अगस्त से पहले कराएं ई-केवाईसी
MP LPG E-KYC: मध्य प्रदेश में घरेलू गैस उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी को लेकर अहम अपडेट सामने आया है। आधार आधारित बायोमेट्रिक ई-केवाईसी कराने की अंतिम तारीख 23 अगस्त बताई गई है। ऐसे में प्रदेश के करीब 25 लाख एलपीजी उपभोक्ताओं के पास प्रक्रिया पूरी करने के लिए अब सिर्फ पांच दिन बचे हैं।
MP में लगभग 1.25 करोड़ एलपीजी उपभोक्ता हैं। इनमें से करीब 80 प्रतिशत यानी लगभग एक करोड़ उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी पूरी हो चुकी है, जबकि करीब 25 लाख उपभोक्ताओं का सत्यापन अभी बाकी है। राजधानी भोपाल में भी बड़ी संख्या में उपभोक्ता ई-केवाईसी से वंचित हैं।
भोपाल में 1.28 लाख उपभोक्ता बाकी
भोपाल में करीब 8 लाख एलपीजी उपभोक्ता हैं। इनमें से लगभग 1.28 लाख उपभोक्ताओं ने अब तक ई-केवाईसी नहीं कराई है। ऐसे उपभोक्ताओं को तेल कंपनियों की ओर से लगातार SMS भेजकर जल्द से जल्द सत्यापन पूरा करने की अपील की जा रही है।
गैस एजेंसी संचालकों का कहना है कि अंतिम तारीख नजदीक आने के कारण आने वाले दिनों में एजेंसियों पर ई-केवाईसी कराने वाले उपभोक्ताओं की संख्या बढ़ सकती है। इसलिए उपभोक्ताओं को अंतिम दिन का इंतजार करने के बजाय समय रहते प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए।
23 अगस्त की तारीख क्यों अहम?
आधार आधारित बायोमेट्रिक ई-केवाईसी के लिए 23 अगस्त की समय सीमा महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जिन उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी अभी लंबित है, उन्हें अपने संबंधित गैस वितरक या एजेंसी से संपर्क कर सत्यापन पूरा कराने की सलाह दी जा रही है।
ई-केवाईसी प्रक्रिया के दौरान आधार से संबंधित जानकारी और बायोमेट्रिक सत्यापन की आवश्यकता होती है। उपभोक्ताओं को गैस एजेंसी पर उपलब्ध सुविधा के माध्यम से अपना सत्यापन पूरा कराना होगा।
सिलिंडर की डिलीवरी को लेकर असमंजस
ई-केवाईसी नहीं कराने वाले उपभोक्ताओं के बीच सबसे बड़ा सवाल यह है कि 23 अगस्त के बाद क्या होगा? क्या घरेलू गैस सिलिंडर की डिलीवरी बंद हो जाएगी या उपभोक्ताओं को कमर्शियल दर पर सिलिंडर मिलेगा?
फिलहाल ऐसी कोई स्पष्ट लिखित जानकारी सामने नहीं आई है, जिसमें यह कहा गया हो कि ई-केवाईसी नहीं कराने वाले सभी उपभोक्ताओं की घरेलू सिलिंडर डिलीवरी तत्काल रोक दी जाएगी या उन पर सीधे कमर्शियल दर लागू कर दी जाएगी।
हालांकि, गैस एजेंसी संचालकों के मुताबिक कुछ उपभोक्ताओं की ओर से बुकिंग रद्द होने और सिलिंडर की डिलीवरी नहीं मिलने जैसी शिकायतें सामने आई हैं। इससे उपभोक्ताओं के बीच भ्रम की स्थिति बनी हुई है।
तेल कंपनियां भेज रहीं SMS
ई-केवाईसी लंबित रहने वाले उपभोक्ताओं को तेल कंपनियों की ओर से SMS भेजकर निर्धारित समय सीमा में प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा जा रहा है। ऐसे में जिन उपभोक्ताओं को इस तरह का संदेश मिला है, उन्हें इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
उपभोक्ताओं को अपनी गैस एजेंसी से संपर्क करके यह भी पता कर लेना चाहिए कि उनके कनेक्शन की ई-केवाईसी स्थिति अपडेट हुई है या नहीं।
अंतिम समय में बढ़ सकती है भीड़
MP में अभी करीब 25 लाख उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी बाकी है। ऐसे में अंतिम दिनों में बड़ी संख्या में लोग गैस एजेंसियों पर पहुंच सकते हैं। इससे लंबी कतार और प्रक्रिया पूरी होने में देरी की स्थिति बन सकती है।
इसी वजह से उपभोक्ताओं को सलाह दी जा रही है कि वे 23 अगस्त तक इंतजार न करें, बल्कि जल्द से जल्द अपना सत्यापन पूरा कराएं।
जिन उपभोक्ताओं ने पहले ही ई-केवाईसी करा ली है, वे भी अपनी स्थिति की पुष्टि कर सकते हैं। यदि रिकॉर्ड में कोई गलती या अपडेट की समस्या दिखाई देती है तो गैस एजेंसी से संपर्क कर उसे समय रहते ठीक कराया जा सकता है।
ई-केवाईसी का उद्देश्य
आधार आधारित ई-केवाईसी का उद्देश्य एलपीजी उपभोक्ताओं की पहचान का सत्यापन करना और गैस कनेक्शन से जुड़े रिकॉर्ड को अपडेट रखना है। इससे एलपीजी वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाने और वास्तविक उपभोक्ताओं की पहचान सुनिश्चित करने में मदद मिलती है।
उपभोक्ताओं के लिए भी यह जरूरी है कि उनके गैस कनेक्शन से जुड़ी जानकारी सही और अपडेट रहे, ताकि भविष्य में बुकिंग या डिलीवरी से संबंधित किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
25 लाख उपभोक्ताओं के लिए जरूरी खबर
MP में करीब एक करोड़ उपभोक्ता ई-केवाईसी करा चुके हैं, लेकिन अभी भी लगभग 25 लाख उपभोक्ताओं का सत्यापन बाकी है। वहीं भोपाल में करीब 1.28 लाख उपभोक्ता इस प्रक्रिया से बाहर हैं।
ऐसे में अगर आपने अभी तक आधार आधारित बायोमेट्रिक ई-केवाईसी नहीं कराई है, तो अपने संबंधित एलपीजी वितरक से संपर्क कर प्रक्रिया जल्द पूरी करना बेहतर होगा। 23 अगस्त की समय सीमा को देखते हुए अंतिम दिनों की भीड़ से बचने के लिए समय रहते ई-केवाईसी कराना सबसे सुरक्षित विकल्प है।
